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घर के बाहर खेल रही मासूम को खूंखार कुत्तों ने नोंचा, गंभीर
ब्यूरो/अमर उजाला, संभल
Updated Sat, 29 Oct 2016 01:03 AM IST
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कुंदरकी के बाद अब असमोली थाना क्षेत्र के खाबरीभोला गांव में खूंखार कुत्तों के हमले में मासूम घायल हुई है। उसे मुरादाबाद के निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
असमोली थाना क्षेत्र के खाबरी भोला गांव निवासी ऋषिपाल की सात वर्षीय बेटी निशा शुक्रवार को सुबह आठ बजे के करीब घर के पास खेल रही थी। इसी दौरान खूंखार कुत्तों ने निशा को निशाना बना लिया। निशा कुत्तों से बचने के लिए भागी और चीखी चिल्लाई भी पर खूंखार कुत्तों से बच नहीं सकी। कुत्तों के हमले में वह बुरी तरह से घायल हुई है। परिजन निशा को लेकर मुरादाबाद के निजी अस्पताल पहुंचे हैं। जहां उसका उपचार चल रहा है। ऋषिपाल ने बताया कि बेटी को कुत्तों ने काटा है। दाहिने हाथ और घुटने में निशान हैं। हालत गंभीर होने की वजह से उसका मुरादाबाद में उपचार चल रहा है। उम्मीद है कि शनिवार को अस्पताल से छुट्टी मिल जाएगी।
संभल। ग्रामीणों ने बताया कि मृत पशुओं का मांस इन दिनों नहीं मिल पा रहा है। इसलिए कुत्ते खूंखार हो गए है। वे आबादी में बच्चों को निशाना बना रहे हैं। खूंखार कुत्तों को पकड़ने के लिए अभियान चला जाने की मांग ग्रामीणों ने की है।
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संभल। कुंदरकी क्षेत्र में 9 महीने के भीतर खूंखार कुत्ते पांच बच्चों की जान ले चुके हैं। चितूपुरा मिलक, शेखूपुर खास, शीलपुर, काजीपुरा में यह घटनाएं हुईं हैं। खूंखार कुत्ते कई बच्चों को घायल कर चुके हैं लेकिन संभल जिले में खूंखार कुत्तों के हमले की यह पहली घटना है जो खाबरी भोला में हुई है। कुंदरकी क्षेत्र में तो खूंखार कुत्तों को पकड़ने का अभियान शुरू हो चुका है लेकिन अभी संभल में इसकी शुरूआत नहीं हुई है।
संभल। जिले में खूंखार कुत्तों का खतरा बढ़ गया है। रुदायन में दो ब्लैक बक खूंखार कुत्तों और जानवरों के हमले का शिकार हुए। अब खाबरी भोला गांव में मासूम पर खूंखार कुतों ने हमला किया है। इन घटनाओं से जाहिर है कि खूंखार कुत्तों से बचाव के लिए सतर्कता बरतनी जरूरी है।
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असमोली थाना क्षेत्र के खाबरी भोला गांव निवासी ऋषिपाल की सात वर्षीय बेटी निशा शुक्रवार को सुबह आठ बजे के करीब घर के पास खेल रही थी। इसी दौरान खूंखार कुत्तों ने निशा को निशाना बना लिया। निशा कुत्तों से बचने के लिए भागी और चीखी चिल्लाई भी पर खूंखार कुत्तों से बच नहीं सकी। कुत्तों के हमले में वह बुरी तरह से घायल हुई है। परिजन निशा को लेकर मुरादाबाद के निजी अस्पताल पहुंचे हैं। जहां उसका उपचार चल रहा है। ऋषिपाल ने बताया कि बेटी को कुत्तों ने काटा है। दाहिने हाथ और घुटने में निशान हैं। हालत गंभीर होने की वजह से उसका मुरादाबाद में उपचार चल रहा है। उम्मीद है कि शनिवार को अस्पताल से छुट्टी मिल जाएगी।
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संभल। ग्रामीणों ने बताया कि मृत पशुओं का मांस इन दिनों नहीं मिल पा रहा है। इसलिए कुत्ते खूंखार हो गए है। वे आबादी में बच्चों को निशाना बना रहे हैं। खूंखार कुत्तों को पकड़ने के लिए अभियान चला जाने की मांग ग्रामीणों ने की है।
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संभल। कुंदरकी क्षेत्र में 9 महीने के भीतर खूंखार कुत्ते पांच बच्चों की जान ले चुके हैं। चितूपुरा मिलक, शेखूपुर खास, शीलपुर, काजीपुरा में यह घटनाएं हुईं हैं। खूंखार कुत्ते कई बच्चों को घायल कर चुके हैं लेकिन संभल जिले में खूंखार कुत्तों के हमले की यह पहली घटना है जो खाबरी भोला में हुई है। कुंदरकी क्षेत्र में तो खूंखार कुत्तों को पकड़ने का अभियान शुरू हो चुका है लेकिन अभी संभल में इसकी शुरूआत नहीं हुई है।
संभल। जिले में खूंखार कुत्तों का खतरा बढ़ गया है। रुदायन में दो ब्लैक बक खूंखार कुत्तों और जानवरों के हमले का शिकार हुए। अब खाबरी भोला गांव में मासूम पर खूंखार कुतों ने हमला किया है। इन घटनाओं से जाहिर है कि खूंखार कुत्तों से बचाव के लिए सतर्कता बरतनी जरूरी है।