फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Sambhal News ›   handicrafts industry hopes from Yogi

हस्तशिल्प उद्योग को ‘योगी’ से उम्मीद

Fri, 29 Dec 2017 01:54 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला संभल
ब्यूरो/अमर उजाला संभल Updated Fri, 29 Dec 2017 01:54 AM IST
विज्ञापन
handicrafts industry hopes from Yogi
मुरादाबाद में सजा हस्तशिल्प बाजार - फोटो : अमर उजाला
हड्डी सींग के हैंडीक्राफ्ट उत्पादों के लिए प्रसिद्ध संभल जिले में पारंपरिक उद्योग के विकास की उम्मीदें जगी हैं। क्योंकि योगी सरकार ने पहली बार संभल जिले में हस्तशिल्प उद्योग के विकास और प्रोत्साहन के लिए रिपोर्ट मांगी है। सरकार को मौजूदा स्थिति की रिपोर्ट भेज दी गई है। जिसमें उद्योग और उत्पादों के निर्यात के लिए क्या किया जा सकता है। इसका आंकलन भी किया गया है। उम्मीद है कि वर्ष 2018 में पारंपरिक उद्योग को नई दिशा और सुविधा मिल सकेंगी।
विज्ञापन



संभल के अलावा सरायतरीन में हड्डी सींग से निर्मित हैंडीक्राफ्ट उत्पाद देश ही नहीं बल्कि विदेश में भी धूम मचा रहे हैं। इनमें फर्नीचर डेकोरेशन, आभूषण, कंघी, हैंडल, बटन, बाल टाइल्स, कटलरी तथा किचन उत्पाद आदि शामिल हैं। भले ही यहां बड़े पैमाने पर उत्पाद तैयार किए जाते हैं मगर कारोबारी संतुष्ट नहीं हैं।
विज्ञापन


कारोबारियों का कहना रहा है कि सरकार को उद्योग को प्रोत्साहित करने के लिए कदम उठाने चाहिए। संभल और सरायतरीन में यह मांग कई बार उठ भी चुकी है। इस बीच योगी सरकार ने हैंडीक्राफ्ट उद्योग को नई दिशा देने और दशा सुधारने के लिए कदम उठाए हैं। सरकार ने जिलेभर में हस्तशिल्प उद्योग के विकास और प्रोत्साहन के लिए रिपोर्ट मांगी है। सरकार के रुख से लगता है कि अब कारोबारियों को भी बड़ी राहत मिलने वाली है। इस बीच जिला उद्योग एवं उद्यम प्रोत्साहन केंद्र ने जनपद में मौजूदा स्थिति की रिपोर्ट तैयार की है। जो सरकार को भेजी गई है। जिसमें जनपद संभल में वित्त पोषण के लिए कई चीजों की जरूरत बताई गई है।
विज्ञापन
विज्ञापन


सरायतरीन के 31 मोहल्लों में तैयार होते हैं उत्पाद
संभल। संभल की उपनगरी सरायतरीन के 31 मोहल्लों में घर-घर में हैंडीक्राफ्ट के उत्पाद तैयार होते हैं। सर्वे के अनुसार सरायतरीन के 80 प्रतिशत परिवार पारंपरिक उद्योग से जुड़े हुए हैं। वहीं जनपद संभल में 1500 से 1800 छोटी बड़ी इकाईयों में हड्डी सींग उत्पादों का निर्माण किया जाता है।

कारीगरों को दिया जाता है प्रशिक्षण
संभल। जिला उद्योग तथा उद्यम प्रोत्साहन केंद्र द्वारा कारीगरों के प्रशिक्षण तथा कार्यबल के निर्माण के लिए दो योजनाएं हैं। हस्तशिल्प कौशल उन्नयन योजना के तहत प्रत्येक साल 10 हस्तशिल्पियों को छह महीने का प्रशिक्षण दिया जाता है। नए-नए डिजाइन की ट्रेनिंग दी जाती है। हालांकि कारीगरों को प्रशिक्षित करने के लिए जनपद में कोई संस्थान या उपक्रम स्थापित नहीं है।


प्रोत्साहन के लिए इनकी है आवश्यकता -
डिजाइन बैंक की स्थापना
हड्डी तथा सींग के प्रसंस्करण के लिए संयंत्रों की स्थापना
हड्डी तथा सींग से फूड ग्रेड उत्पादों का निर्माण
उत्पादों के आकर्षक पैकिंग की सुविधा
उत्पादन कार्य में श्रावित जैव कचरे के निस्तारण के लिए संयंत्रों की स्थापना
ब्रांडिंग तथा मार्केटिंग सपोर्ट।

सरकार ने हैंडीक्राफ्ट उत्पादों के उद्योग के विकास और प्रोत्साहन के लिए रिपोर्ट मांगी है। जनपद संभल में किन चीजों की जरूरत है। इसका आंकलन भी कर लिया है। रिपोर्ट सरकार को भेजी गई है।
श्रीनाथ पासवान, उपायुक्त जिला उद्योग एवं उद्यम प्रोत्साहन केंद्र संभल
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed