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आचार संहिता लगने से पूर्व होगा दस हजार शौचालयों का निर्माण
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सहारनपुर। स्वच्छ भारत मिशन के तहत बेसलाइन सर्वे में चयनित किए 10 हजार शौचालयों का निर्माण जिला पंचायत राज विभाग आचार संहिता लगने से पूर्व कराएगा। इसके लिए कवायद तेज कर दी गई है। जनपद के खुले में शौच मुक्त (ओडीएफ) घोषित होने पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देशानुसार बेस लाइन सर्वे कराया गया था।
स्वच्छ भारत मिशन के तहत जनपद की 887 ग्राम पंचायतों में 2.20 लाख शौचालयों का निर्माण हुआ था। 30 सितंबर को सहारनपुर आगमन के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने जनपद को खुले में शौच मुक्त (ओडीएफ) घोषित किया था। इसके साथ ही सहारनपुर मंडल के जनपद मुजफ्फरनगर और शामली के भी ओडीएफ होने की घोषणा की थी। मुख्यमंत्री ने स्वच्छ भारत मिशन के तहत हुए कार्यों की समीक्षा की थी। इसके साथ ही जो परिवार छूट गए थे, उनके घर शौचालय बनाए जाने को बेसलाइन सर्वे कराए जाने के निर्देश दिए थे। जिला पंचायत राज विभाग ने सर्वे कराया तो दस हजार परिवार ऐसे मिले, जिनके घर पर कागजी कार्रवाई पूरी न होने की वजह से शौचालयों का निर्माण नहीं हो सका था। विभाग ने इन परिवारों की सूची तैयार कर शासन को भेज दी है। लोकसभा चुनाव को लेकर मार्च के पहले सप्ताह में आचार संहिता लग सकती है। इसी को देखते हुए विभाग ने शौचालयों के निर्माण को कवायद तेज कर दी है। जिला पंचायत राज अधिकारी सतीश कुमार का कहना है कि विभाग का प्रयास है कि आचार संहिता लगने से पूर्व ही शौचालयों का निर्माण करा दिया जाए।
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स्वच्छ भारत मिशन के तहत जनपद की 887 ग्राम पंचायतों में 2.20 लाख शौचालयों का निर्माण हुआ था। 30 सितंबर को सहारनपुर आगमन के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने जनपद को खुले में शौच मुक्त (ओडीएफ) घोषित किया था। इसके साथ ही सहारनपुर मंडल के जनपद मुजफ्फरनगर और शामली के भी ओडीएफ होने की घोषणा की थी। मुख्यमंत्री ने स्वच्छ भारत मिशन के तहत हुए कार्यों की समीक्षा की थी। इसके साथ ही जो परिवार छूट गए थे, उनके घर शौचालय बनाए जाने को बेसलाइन सर्वे कराए जाने के निर्देश दिए थे। जिला पंचायत राज विभाग ने सर्वे कराया तो दस हजार परिवार ऐसे मिले, जिनके घर पर कागजी कार्रवाई पूरी न होने की वजह से शौचालयों का निर्माण नहीं हो सका था। विभाग ने इन परिवारों की सूची तैयार कर शासन को भेज दी है। लोकसभा चुनाव को लेकर मार्च के पहले सप्ताह में आचार संहिता लग सकती है। इसी को देखते हुए विभाग ने शौचालयों के निर्माण को कवायद तेज कर दी है। जिला पंचायत राज अधिकारी सतीश कुमार का कहना है कि विभाग का प्रयास है कि आचार संहिता लगने से पूर्व ही शौचालयों का निर्माण करा दिया जाए।
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