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दुर्घटना बीमा के तहत 63 लाख रुपये की धनराशि दिए जाने के आदेश
Updated Fri, 14 Dec 2018 12:37 AM IST
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दुर्घटना बीमा के तहत 63 लाख रुपये की धनराशि दिए जाने के आदेश
सहारनपुर। दो साल पूर्व सड़क दुर्घटना में हुई व्यक्ति की मौत के मामले में जिला मोटर दुर्घटना प्रतिकर अधिकरण अपर जिला जज ने मृतक के परिजनों को 63 लाख रुपये की बीमा राशि दिए जाने के आदेश दिए हैं। सड़क दुर्घटना बीमा की दिलाई जाने वाली यह अब तक की जिले की सर्वाधिक धनराशि है।
किसान इंटर कॉलेज, मोरा तिलफरा में प्रधानाचार्य नानौता के मोहल्ला सरावज्ञान निवासी पाटेश्वरलाल 25 जुलाई 2016 को कालेज से अपने घर मोटरसाइकिल पर आ रहे थे। चीनी मिल नानौता के निकट एक ट्रैक्ट-ट्रॉली ने उन्हें टक्कर मार दी थी जिससे उनकी मौत हो गई थी। अधिवक्ता सतीश बंसल ने बताया कि पाटेश्वरलाल की पत्नी उर्मिला ने बीमा के लिए वाद दायर किया। मामला मोटर दुर्घटना प्रतिकर अधिकरण, अपर जिला जज कक्ष संख्या नौ ललिता गुप्ता की कोर्ट में चला। इसमें बीमा कंपनी ने बीमा धनराशि देने से बचने के लिए कई प्रकार की दलीलें दीं। लेकिन कोर्ट ने बीमा कंपनी की दलीलों को खारिज करते हुए बीमा राशि प्रदान किए जाने के आदेश दिए। अदालत ने बीमा धनराशि 5363831 रुपये और दो वर्ष के सात प्रतिशत का ब्याज लगाकर लगभग 63 लाख रुपये एक माह में दिए जाने के आदेश दिए। अधिवक्ता सतीश बंसल ने बताया कि यह बीमा राशि अब तक मोटर दुर्घटना बीमा के तहत दिलाई गई सर्वाधिक धनराशि है।
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सहारनपुर। दो साल पूर्व सड़क दुर्घटना में हुई व्यक्ति की मौत के मामले में जिला मोटर दुर्घटना प्रतिकर अधिकरण अपर जिला जज ने मृतक के परिजनों को 63 लाख रुपये की बीमा राशि दिए जाने के आदेश दिए हैं। सड़क दुर्घटना बीमा की दिलाई जाने वाली यह अब तक की जिले की सर्वाधिक धनराशि है।
किसान इंटर कॉलेज, मोरा तिलफरा में प्रधानाचार्य नानौता के मोहल्ला सरावज्ञान निवासी पाटेश्वरलाल 25 जुलाई 2016 को कालेज से अपने घर मोटरसाइकिल पर आ रहे थे। चीनी मिल नानौता के निकट एक ट्रैक्ट-ट्रॉली ने उन्हें टक्कर मार दी थी जिससे उनकी मौत हो गई थी। अधिवक्ता सतीश बंसल ने बताया कि पाटेश्वरलाल की पत्नी उर्मिला ने बीमा के लिए वाद दायर किया। मामला मोटर दुर्घटना प्रतिकर अधिकरण, अपर जिला जज कक्ष संख्या नौ ललिता गुप्ता की कोर्ट में चला। इसमें बीमा कंपनी ने बीमा धनराशि देने से बचने के लिए कई प्रकार की दलीलें दीं। लेकिन कोर्ट ने बीमा कंपनी की दलीलों को खारिज करते हुए बीमा राशि प्रदान किए जाने के आदेश दिए। अदालत ने बीमा धनराशि 5363831 रुपये और दो वर्ष के सात प्रतिशत का ब्याज लगाकर लगभग 63 लाख रुपये एक माह में दिए जाने के आदेश दिए। अधिवक्ता सतीश बंसल ने बताया कि यह बीमा राशि अब तक मोटर दुर्घटना बीमा के तहत दिलाई गई सर्वाधिक धनराशि है।
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