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Saharanpur News: डेंगू से निपटने के लिए 113 बेड आरक्षित
Sat, 11 May 2024 12:00 PM IST
मेरठ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सहारनपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, सहारनपुर
Updated Sat, 11 May 2024 12:00 PM IST
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सहारनपुर। इस बार डेंगू से निपटने को लेकर स्वास्थ्य विभाग पहले ही अलर्ट मोड पर है। एसबीडी जिला अस्पताल सहित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों पर 113 बेड आरक्षित कर दिए हैं। जरूरत पड़ने पर बेड बढ़ाए जाएंगे। वार्ड में मरीजों के लिए दवा, मच्छरदानी रहेंगी। साफ-सफाई का विशेष ध्यान रखा गया है। पिछले साल में जिले में डेंगू के 435 मरीज मिले थे।
गर्मी बढ़ने के साथ ही मच्छरों का प्रकोप बढ़ने लगा है। लार्वा भी पनपने लगा है, जो आने वाले दिनों में खतरा बन सकता है, लेकिन फिलहाल राहत वाली बात यह है कि अभी डेंगू का कोई केस नहीं मिला है। वहीं, हर बार की तरह इस बार भी स्वास्थ्य विभाग ने विभागों से आपसी तालमेल शुरू कर दिया है, ताकि डेंगू से पहले सभी तैयारियां की जा सके। पिछले साल डेंगू के रिकॉर्ड 435 मरीज मिले थे। एसबीडी जिला अस्पताल में डेंगू मरीजों के लिए आठ बेड का वार्ड आरक्षित किया गया है।
इसके अलावा देवबंद, सरसावा, फतेहपुर, नकुड़, नानौता, रामपुर मनिहारान, गंगोह, नागल आदि सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों पर पांच-पांच बेड आरक्षित किए गए हैं। इसके साथ ही स्वास्थ्य विभाग ने डेंगू को लेकर करीब 46 गांवों को संवेदनशील श्रेणी में रखा है। इनमें सोमवार से विभाग की टीमें पहुंचेगी। जहां लोगों को डेंगू से बचाव की जानकारी देने के साथ-साथ साफ-सफाई को लेकर बताएंगी। विभाग इस बार कोई कोर कसर नहीं छोड़ रहा है। एक महीने पहले ही सभी तैयारियों को करने में जुटा है, ताकि आने वाले दिनों में डेंगू से निपटा जा सके।
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वर्जन
डेंगू को लेकर विभाग ने तैयारी शुरू कर दी है। जिला अस्पताल से लेकर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों पर डेंगू मरीजों के लिए अलग वार्ड बना दिए हैं। इनमें 113 बेड आरक्षित हैं। जरूरत पड़ने पर बेड की संख्या बढ़ाई जाएगी।
-शिवांका गौड़, जिला मलेरिया अधिकारी
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गर्मी बढ़ने के साथ ही मच्छरों का प्रकोप बढ़ने लगा है। लार्वा भी पनपने लगा है, जो आने वाले दिनों में खतरा बन सकता है, लेकिन फिलहाल राहत वाली बात यह है कि अभी डेंगू का कोई केस नहीं मिला है। वहीं, हर बार की तरह इस बार भी स्वास्थ्य विभाग ने विभागों से आपसी तालमेल शुरू कर दिया है, ताकि डेंगू से पहले सभी तैयारियां की जा सके। पिछले साल डेंगू के रिकॉर्ड 435 मरीज मिले थे। एसबीडी जिला अस्पताल में डेंगू मरीजों के लिए आठ बेड का वार्ड आरक्षित किया गया है।
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इसके अलावा देवबंद, सरसावा, फतेहपुर, नकुड़, नानौता, रामपुर मनिहारान, गंगोह, नागल आदि सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों पर पांच-पांच बेड आरक्षित किए गए हैं। इसके साथ ही स्वास्थ्य विभाग ने डेंगू को लेकर करीब 46 गांवों को संवेदनशील श्रेणी में रखा है। इनमें सोमवार से विभाग की टीमें पहुंचेगी। जहां लोगों को डेंगू से बचाव की जानकारी देने के साथ-साथ साफ-सफाई को लेकर बताएंगी। विभाग इस बार कोई कोर कसर नहीं छोड़ रहा है। एक महीने पहले ही सभी तैयारियों को करने में जुटा है, ताकि आने वाले दिनों में डेंगू से निपटा जा सके।
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वर्जन
डेंगू को लेकर विभाग ने तैयारी शुरू कर दी है। जिला अस्पताल से लेकर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों पर डेंगू मरीजों के लिए अलग वार्ड बना दिए हैं। इनमें 113 बेड आरक्षित हैं। जरूरत पड़ने पर बेड की संख्या बढ़ाई जाएगी।
-शिवांका गौड़, जिला मलेरिया अधिकारी