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Rampur News: महंगाई की मार से घट गया रावण का कद

Moradabad  Bureau मुरादाबाद ब्यूरो
Updated Tue, 24 Oct 2023 01:38 AM IST
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Ravana's stature diminished due to inflation
रामपुर। महंगाई की मार से न सिर्फ आम जनता परेशान है, बल्कि इसका असर रामलीला में भी दिखाई दे रहा है। महंगाई की मार से रावण के पुतले का कद भी घट गया है। कोसी रोड स्थित उत्सव पैलेस में सनातन रामलीला कमेटी की ओर से चल रही रामलीला में मंगलवार को रावण के पुतले का दहन होगा। इस रावण की पुतले की ऊंचाई 45 फीट है। पिछले साल रावण के पुतले का कद 50 फीट था। वहीं सिविल लाइंस स्थित आदर्श काॅलोनी में श्री हरि आदर्श रामलीला कमेटी की ओर से चल रही रामलीला में रावण के पुतले का कद पांच फीट घटकर 35 फीट रह गया है।
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रठौंड़ा मिलक के रहने वाले राम सिंह बताते हैं कि वह 20 साल से रावण का पुतला बनाने का काम कर रहे हैं। रावण के जलते हुए ऊंचे-ऊंचे पुतले देखकर लोग रोमांचित होते थे, लेकिन समय के साथ महंगाई की मार के चलते अब पुतलों का कद कम होता जा रहा है। पिछले दो-तीन साल के अंदर ही महंगाई काफी ज्यादा बढ़ गई है।
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इसके चलते रामलीला आयोजक भी पुतलों का कद घटा रहे हैं। उन्होंने बताया कि पिछले साल श्री सनातन रामलीला कमेटी के रावण के पुतले का कद 50 फीट था, लेकिन इस बार यहां 45 फीट के पुतले का दहन होगा। वहीं आदर्श कॉलोनी में भी जहां पिछले साल 40 फीट का रावण जला था वहां इस बार 35 फीट के रावण का ही दहन होगा।
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इन चीजों के बढ़ गए भाव
राम सिंह बताते हैं कि रावण के पुतले में इस्तेमाल होने वाली सुतली पहले 200 रुपये में पांच किलो मिलती थी, वहीं अब इसका भाव 600 रुपये पहुंच गया है। 24 फीट के 20 बांस पहले 100 रुपये में मिलते थे अब इनका भाव 250 रुपये है। 10 किलो रद्दी पहले 15 रुपये की मिलती थी, वहीं अब 50 रुपये की मिलती है। चार किलो लेई का भाव 15 से बढ़कर 35 रुपये हो गया है। पहले 15 रुपये के 100 पटाखे मिलते थे, अब 30 रुपये के मिलते हैं। इसके अलावा मजदूरी भी बढ़ गई है।
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अब पुतला बनाने में कम लगता है समय

पुतला बनाने वाले कारीगर राम सिंह बताते हैं कि रावण पुतला बनाने के लिए पहले 20 दिन पहले से काम शुरू हो जाता था। पुतले के आकार के साथ उस पर काफी काम होता था। उसी तरह से पुतला दहन भी शानदार होता था। अब 10 दिन के भीतर ही पुतला बनाकर खड़ा कर देते हैं। जो भी सामान आता है उससे पुतला बना दिया जाता है।

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लोग घर ले जाते हैं रावण के पुतले की लकड़ियां
रामपुर में रावण के पुतले का दहन होने के बाद लोग अपने घरों को रावण के पुतलों की लकड़ियां लेकर जाते हैं। ऐसा मान्यता है कि ये लकड़ियां घर में रखने से अमंगल नहीं होता है। घर में कोई बाधा भी नहीं रहती है।
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