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Rampur News: नवजात की मौत के बाद निदान अस्पताल पर छापा, बिना पंजीकरण मिला, सील
Tue, 18 Aug 2026 12:25 AM IST
मुरादाबाद ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, रामपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, रामपुर
Updated Tue, 18 Aug 2026 12:25 AM IST
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शाहबाद। बिना डॉक्टर के संचालित निजी एनआईसीयू में नवजात की मौत के मामले में स्वास्थ्य विभाग ने कार्रवाई शुरू कर दी है। सोमवार शाम एसीएमओ डॉ. देवेश चौधरी ने आंवला रोड स्थित निदान अस्पताल पर छापा मारा। जांच के दौरान अस्पताल बिना पंजीकरण के संचालित होता मिला। स्वास्थ्य विभाग की टीम ने अस्पताल को सील कर दिया है।
गौरतलब है कि बरेली के सिरौली थाना क्षेत्र के पलथा गांव निवासी लोकेश की पत्नी को 14 अगस्त को प्रसव पीड़ा होने पर सिरौली स्थित पीएचसी ले जाया गया था। आरोप है कि वहां पर्याप्त सुविधाएं नहीं मिलने पर परिजन उसे एक निजी अस्पताल ले गए।
यहां समय से पूर्व प्रसव होने के बाद नवजात की हालत गंभीर होने पर उसे शाहबाद के आंवला रोड स्थित निदान अस्पताल के एनआईसीयू में भर्ती कराया गया था। कुछ घंटे बाद नवजात की मौत हो गई थी। नवजात की मौत के बाद परिजनों ने अस्पताल में उपचार के दौरान लापरवाही का आरोप लगाया था। मामले में सिरौली थाने में तहरीर भी दी गई थी।
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एसीएमओ डॉ. देवेश चौधरी ने बताया कि जांच के दौरान निदान अस्पताल बिना पंजीकरण के संचालित होता पाया गया। अस्पताल को सील कर दिया गया है। उन्होंने बताया कि मामले में आगे की कार्रवाई की जा रही है।
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गौरतलब है कि बरेली के सिरौली थाना क्षेत्र के पलथा गांव निवासी लोकेश की पत्नी को 14 अगस्त को प्रसव पीड़ा होने पर सिरौली स्थित पीएचसी ले जाया गया था। आरोप है कि वहां पर्याप्त सुविधाएं नहीं मिलने पर परिजन उसे एक निजी अस्पताल ले गए।
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यहां समय से पूर्व प्रसव होने के बाद नवजात की हालत गंभीर होने पर उसे शाहबाद के आंवला रोड स्थित निदान अस्पताल के एनआईसीयू में भर्ती कराया गया था। कुछ घंटे बाद नवजात की मौत हो गई थी। नवजात की मौत के बाद परिजनों ने अस्पताल में उपचार के दौरान लापरवाही का आरोप लगाया था। मामले में सिरौली थाने में तहरीर भी दी गई थी।
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एसीएमओ डॉ. देवेश चौधरी ने बताया कि जांच के दौरान निदान अस्पताल बिना पंजीकरण के संचालित होता पाया गया। अस्पताल को सील कर दिया गया है। उन्होंने बताया कि मामले में आगे की कार्रवाई की जा रही है।