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व्याधि मुक्त जीवन के देवता हैं भगवान धन्वंतरि
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व्याधि मुक्त जीवन के देवता हैं भगवान धन्वंतरि
रामपुर। शहर में दो महला स्थित हेल्ड एंड वेलनेस सेंटर में आयुर्वेद दिवस के मौके पर आयोजित कार्यक्रम में डॉ. कुलदीप चौहान ने कहा कि सनातन ग्रंथों में धन्वंतरि को सृष्टि के पालनकर्ता भगवान विष्णु का स्वरूप माना गया है, जो देवताओं और असुरों के मध्य हुए संग्राम में समुद्र से इसी दिन अमृत कलश लेकर प्रकट हुए थे।
आयुर्जीवनम सेवा समिति की तरफ आयोजित कार्यक्रम में उन्होंने कहा कि धन्वंतरि को आयुर्वेद के जनक और तन-मन के स्वास्थ्य व चिकित्सा के देवता माना गया है। वैदिक काल में देवताओं के वैद्य अश्विनी कुमार थे, जबकि पौराणिक काल में धन्वंतरि का उल्लेख देवों के चिकित्सक के रूप में किया गया। आयुर्वेद चिकित्साधिकारी डॉ. शैजी ने कहा कि हम प्रतिदिन औषधि मसालों का प्रयोग करते हैं। हींग, अजवाइन, मेथी, दालचीनी, लौंग, इलायची आदि औषधियुक्त मसाले हमें रसोई से मिलते हैं। इन मसालों का स्वास्थ्य के अनुसार प्रतिदिन उपयोग करना होगा। केमिकल युक्त व्यंजनों का आहार छोड़ना होगा। इस दौरान समिति के डॉक्टरों ने कई रोगियों का निशुल्क उपचार किया और आयुर्वेद के महत्व बताए। अर्बन प्राथमिक चिकित्सा केंद्र अधिकारी डॉ. विनोद, अर्बन समन्वयक मोहम्मद अनादिल, अरुण, आसिया, रब्बी मौजूद रहेे।
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रामपुर। शहर में दो महला स्थित हेल्ड एंड वेलनेस सेंटर में आयुर्वेद दिवस के मौके पर आयोजित कार्यक्रम में डॉ. कुलदीप चौहान ने कहा कि सनातन ग्रंथों में धन्वंतरि को सृष्टि के पालनकर्ता भगवान विष्णु का स्वरूप माना गया है, जो देवताओं और असुरों के मध्य हुए संग्राम में समुद्र से इसी दिन अमृत कलश लेकर प्रकट हुए थे।
आयुर्जीवनम सेवा समिति की तरफ आयोजित कार्यक्रम में उन्होंने कहा कि धन्वंतरि को आयुर्वेद के जनक और तन-मन के स्वास्थ्य व चिकित्सा के देवता माना गया है। वैदिक काल में देवताओं के वैद्य अश्विनी कुमार थे, जबकि पौराणिक काल में धन्वंतरि का उल्लेख देवों के चिकित्सक के रूप में किया गया। आयुर्वेद चिकित्साधिकारी डॉ. शैजी ने कहा कि हम प्रतिदिन औषधि मसालों का प्रयोग करते हैं। हींग, अजवाइन, मेथी, दालचीनी, लौंग, इलायची आदि औषधियुक्त मसाले हमें रसोई से मिलते हैं। इन मसालों का स्वास्थ्य के अनुसार प्रतिदिन उपयोग करना होगा। केमिकल युक्त व्यंजनों का आहार छोड़ना होगा। इस दौरान समिति के डॉक्टरों ने कई रोगियों का निशुल्क उपचार किया और आयुर्वेद के महत्व बताए। अर्बन प्राथमिक चिकित्सा केंद्र अधिकारी डॉ. विनोद, अर्बन समन्वयक मोहम्मद अनादिल, अरुण, आसिया, रब्बी मौजूद रहेे।
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