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टोल प्लाजा पर एकत्र होकर पहले धरने में हुए शामिल फिर दिल्ली रवाना हुए किसान
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भोट। तीनों कृषि कानूनों की वापसी की मांग को लेकर कोयला टोल प्लाजा पर एकत्र हुए किसानों का जत्था दिल्ली को रवाना हुआ। इस दौरान किसानों ने केंद्र सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी भी की।
क्षेत्र के किसान संगठन पिछले कई दिनों से गाजीपुर बार्डर पर चल रहे आंदोलन को सफल बनाने का किसानों से आह्वान कर रह रहे थे। इसी के तहत शुक्रवार को बिलासपुर और आसपास के गांवों के तमाम ग्रामीण कोयला टोल प्लाजा पर चल रहे बेमियादी धरने में शामिल हुए। मौजूद किसानों को संबोधित करते हुए भारतीय किसान यूनियन टिकैत के जिलाध्यक्ष हसीब अहमद ने कहा कि जब तक तीनों कानून वापस नहीं होते उनका आंदोलन जारी रहेगा। कहा कि केंद्र और प्रदेश की भाजपा सरकार किसान विरोधी है। वक्त आने पर दोनों सरकारों को किसानों की ताकत का एहसास दिलाया जाएगा। किसानों से अपने हक की लड़ाई के लिए एकजुट होने की अपील करते हुए कहा कि तीनों कृषि कानून कृषि विरोधी हैं इसलिए जब तक तीनों कृषि कानूनों को वापस नहीं किया जाएगा किसान आंदोलन जारी रहेगा। इसके बाद किसानों का जत्था नारेबाजी करते हुए दिल्ली को रवाना हो गया। वहीं, टोल प्लाजा पर मंडल उपाध्यक्ष मोहम्मद तालिब के नेतृत्व में किसानों का अनिश्चितकालीन धरना 36वें दिन भी जारी रहा। इस दौरान जिला उपाध्यक्षा साबिर अली, गोपी अटवाल, तिजेंद्र विर्क, सुखविंदर सिंह हुंदल, जंगीर सिंह, सुखविंदर सिंह चीमा, वीरेंद्र सिंह, अजीत सिंह, मुस्तकीम, अमृतपाल भिंडर, लखविंदर सिंह, सुखदेव सिंह, ज्ञानी सिंह, अमरजीत सिंह, सुभाष चंद शर्मा, अमीर अहमद, महेश पाल सिंह, अनूप सिंह, मुराद अली, नासिर घोसी, इकबाल सिंह, हरभजन सिंह मोनी, गुरविंदर सिंह, ज्ञानी सिंह, बागा सिंह, पाल सिंह, सिमरन कौर आदि मौजूद रहे।
साढ़े आठ घंटे तक टोल रहा फ्री, करीब एक लाख का नुकसान
भोट। गाजीपुर बार्डर में चल रहे किसान आंदोलन में भाजपा कार्यकर्ताओं से झड़प व पुलिस द्वारा किसानों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करने से आक्रोशित किसानों ने गुरुवार दोपहर करीब डेढ़ बजे कोयला टोल प्लाजा के टोल बैरियरों को हटाकर टोल फ्री करवा दिया था। आक्रोशित भाकियू कार्यकर्ताओं ने टोल गेट पर खड़े होकर सभी वाहनों को टोल टैक्स का भुगतान किए बिना ही पास करवा दिया था। वहीं गुरुवार रात करीब दस बजे संगठन के पदाधिकारियों द्वारा भाजपा कार्यकर्ताओं के खिलाफ भी रिपोट दर्ज किए जाने की सूचना पर दोबारा टोल पर वसूली शुरू होने दी। इस दौरान करीब साढे़ आठ घंटे तक टोल पर वसूली नहीं हुई। इस दौरान करीब 1600 वाहन बिना टोल दिए ही गुजर गए, जिससे करीब एक लाख रुपये के राजस्व नुकसान की आशंका जताई गई है। टोल प्लाजा प्रबंधक मुन्ना यादव ने बताया कि किसानों द्वारा जबरन टोल टैक्स की वसूली बंद कराए जाने से करीब साढ़े आठ घंटे तक टोल टैक्स की वसूली नहीं हो पाई। इस दौरान करीब 1600 वाहन बिना टोल टैक्स का भुगतान किए ही निकल गए। जिसपर करीब एक लाख रुपये की राजस्व वसूली प्रभावित हुई है। जिसकी रिपोर्ट बनाकर एनएचएआई के उच्चाधिकारियों को भेजी जा रही है।
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क्षेत्र के किसान संगठन पिछले कई दिनों से गाजीपुर बार्डर पर चल रहे आंदोलन को सफल बनाने का किसानों से आह्वान कर रह रहे थे। इसी के तहत शुक्रवार को बिलासपुर और आसपास के गांवों के तमाम ग्रामीण कोयला टोल प्लाजा पर चल रहे बेमियादी धरने में शामिल हुए। मौजूद किसानों को संबोधित करते हुए भारतीय किसान यूनियन टिकैत के जिलाध्यक्ष हसीब अहमद ने कहा कि जब तक तीनों कानून वापस नहीं होते उनका आंदोलन जारी रहेगा। कहा कि केंद्र और प्रदेश की भाजपा सरकार किसान विरोधी है। वक्त आने पर दोनों सरकारों को किसानों की ताकत का एहसास दिलाया जाएगा। किसानों से अपने हक की लड़ाई के लिए एकजुट होने की अपील करते हुए कहा कि तीनों कृषि कानून कृषि विरोधी हैं इसलिए जब तक तीनों कृषि कानूनों को वापस नहीं किया जाएगा किसान आंदोलन जारी रहेगा। इसके बाद किसानों का जत्था नारेबाजी करते हुए दिल्ली को रवाना हो गया। वहीं, टोल प्लाजा पर मंडल उपाध्यक्ष मोहम्मद तालिब के नेतृत्व में किसानों का अनिश्चितकालीन धरना 36वें दिन भी जारी रहा। इस दौरान जिला उपाध्यक्षा साबिर अली, गोपी अटवाल, तिजेंद्र विर्क, सुखविंदर सिंह हुंदल, जंगीर सिंह, सुखविंदर सिंह चीमा, वीरेंद्र सिंह, अजीत सिंह, मुस्तकीम, अमृतपाल भिंडर, लखविंदर सिंह, सुखदेव सिंह, ज्ञानी सिंह, अमरजीत सिंह, सुभाष चंद शर्मा, अमीर अहमद, महेश पाल सिंह, अनूप सिंह, मुराद अली, नासिर घोसी, इकबाल सिंह, हरभजन सिंह मोनी, गुरविंदर सिंह, ज्ञानी सिंह, बागा सिंह, पाल सिंह, सिमरन कौर आदि मौजूद रहे।
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साढ़े आठ घंटे तक टोल रहा फ्री, करीब एक लाख का नुकसान
भोट। गाजीपुर बार्डर में चल रहे किसान आंदोलन में भाजपा कार्यकर्ताओं से झड़प व पुलिस द्वारा किसानों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करने से आक्रोशित किसानों ने गुरुवार दोपहर करीब डेढ़ बजे कोयला टोल प्लाजा के टोल बैरियरों को हटाकर टोल फ्री करवा दिया था। आक्रोशित भाकियू कार्यकर्ताओं ने टोल गेट पर खड़े होकर सभी वाहनों को टोल टैक्स का भुगतान किए बिना ही पास करवा दिया था। वहीं गुरुवार रात करीब दस बजे संगठन के पदाधिकारियों द्वारा भाजपा कार्यकर्ताओं के खिलाफ भी रिपोट दर्ज किए जाने की सूचना पर दोबारा टोल पर वसूली शुरू होने दी। इस दौरान करीब साढे़ आठ घंटे तक टोल पर वसूली नहीं हुई। इस दौरान करीब 1600 वाहन बिना टोल दिए ही गुजर गए, जिससे करीब एक लाख रुपये के राजस्व नुकसान की आशंका जताई गई है। टोल प्लाजा प्रबंधक मुन्ना यादव ने बताया कि किसानों द्वारा जबरन टोल टैक्स की वसूली बंद कराए जाने से करीब साढ़े आठ घंटे तक टोल टैक्स की वसूली नहीं हो पाई। इस दौरान करीब 1600 वाहन बिना टोल टैक्स का भुगतान किए ही निकल गए। जिसपर करीब एक लाख रुपये की राजस्व वसूली प्रभावित हुई है। जिसकी रिपोर्ट बनाकर एनएचएआई के उच्चाधिकारियों को भेजी जा रही है।
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