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5साल बाद भी सीएचसी और पीएचसी बदहाल
अमर उजाला ब्यूरो/ स्वार /रामपुर
Updated Fri, 13 Jan 2017 12:35 AM IST
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पांच साल बीत गये नगर और ग्रामीण क्षेत्रों के लोगों को स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ नहीं मिल पाया। नगर स्थित 30 बेड के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में अरसे से स्टाफ का टोटा है। मूलभूत सुविधाओं की कमी से जूझ रहे सीएचसी एवं पीएचसी से लोगों को राहत नहीं मिल रही है। सीएचसी में कई साल से सर्जन फिजीशियन, बाल रोग
विशेषज्ञ के पद खाली पडे़ हैं। सीएचसी पर एक्सरे मशीन पांच साल से खराब पड़ी है। जननी सुरक्षा केंद्र में महिला चिकित्सक की तैनाती नहीं है। यही हाल तहसील क्षेत्र के स्थित पीएचसी मिलकखानम, मसवासी, चुन्नावाला रायपुर, पैगंबरपुर, खेमपुर का है। इनसे दर्जनों गांव की हजारों की आबादी जुड़ी है। लेकिन चिकित्सकों की कमी से जुझ रहे उपकेंद्रों का भी हाल बदतर है।
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सीएचसी एवं पीएचसी पर गंभीर रोगियों को रेफर स्लिप ही बनाकर दे दी जाती है। इससे नगर सहित ग्रामीण क्षेत्र की जनता स्वास्थ्य सेवाओं की मूलभूत सुविधाओं की कमी से जूझती आ रही है। लेकिन किसी भी जनप्रतिनिधि ने आज तक कोई सुध नहीं ली।
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