फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Raebareli News ›   Every other day, a person suffering from snakebite

हर दूसरे दिन एक व्यक्ति सर्पदंश से पीड़ित

Tue, 05 Jul 2016 11:41 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो/ रायबरेली
अमर उजाला ब्यूरो/ रायबरेली Updated Tue, 05 Jul 2016 11:41 PM IST
विज्ञापन
Every other day, a person suffering from snakebite
सांप - फोटो : Amar Ujala
सर्प दंश के बाद पीड़ित को लगने वाले एंटीस्नैक वेनम की न्यू पीएचसी पर दरकार है। विभाग की ओर से सीएचसी को ही एंटीस्नैक वेनम उपलब्ध कराया गया है। ऐसे में पीड़ितों को परेशानियों का सामना करना पड़ता है। हर दूसरे दिन औसतन जिला अस्पताल में सर्प दंश का एक पीड़ित पहुंच रहा है।
विज्ञापन


जिला अस्पताल में दो महीने में करीब 150 एंटीस्नैक वेनम खर्च हो चुके हैं। बारिश का मौसम आने के साथ ही जिले में सर्पदंश की घटनाएं बढ़ गई हैं। जिले में 13 सीएचसी व 48 न्यू पीएचसी हैं। विभाग की ओर से सभी सीएचसी को 10-10 एंटीस्नैक वेनम उपलब्ध कराए गए हैं, लेकिन न्यू पीएचसी को एंटीस्नैक वेनम नहीं दिए गए हैं।
विज्ञापन


ऐसी स्थिति में पीड़ितों को परेशानी का सामना करना पड़ता है। ज्यादातर पीड़ित परेशानी से बचने के लिए सीधे जिला अस्पताल पहुंच जाते हैं, क्योंकि जिला अस्पताल में एंटीस्नैक वेनम मिलना तय होता है। जिला अस्पताल में दो महीने में करीब डेढ़ एंटीस्नैक वेनम खप गए हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन


जिला अस्पताल के डॉक्टर बीरबल का कहना है कि 60 फीसदी सर्प के दंश से पीड़ित की मौत नहीं होती है। लोग सर्पदंश के बाद घबरा जाते हैं। इसीलिए मौत हो जाती है। सर्पदंश के बाद कतई न घबराएं। यदि घबरा गए तो दिक्कत आ सकती है। सर्र्पदंश के बाद तुरंत नजदीक की सीएचसी या जिला अस्पताल में पीड़ित को पहुंचाएं। समय से एंटीस्नैक वेनम लगने से रोगी को बचाया जा सकता है। लापरवाही कतई न की जाए।
 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed