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नक्शे से इतर आवास बनाने वालों से होगी रिकवरी
pratapgarh
Updated Sun, 25 Nov 2018 12:25 AM IST
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प्रतापगढ़। प्रधानमंत्री शहरी आवास योजना के सत्यापन में तमाम खामियां मिल रही हैं। लोगों ने शहर में नक्शे से इतर आवास बना लिया है। बहुत से ऐसे लोगों का नाम सूची में आ गया है। जिनका नाम पात्रता सूची में नहीं शामिल था। जिला स्तरीय टीम की रिपोर्ट के बाद ऐसे लाभार्थियों से सरकारी धनराशि की रिकवरी होगी। आदेश मिलने के बाद उसे अमल में लाने के लिए अधिकारियों ने टीम गठित कर दिए हैं।
शासन के नए आदेश से प्रधानमंत्री की प्राथमिकता वाली आवासीय योजना के शहरी लाभार्थियों को अब नई समस्या का सामना करना पड़ सकता है। योजना का लाभ लेने के लिए पात्रता नियमावली को दर किनार करते हुए सूची में शामिल होने वाले लाभार्थियों की जांच होगी। इसके अलावा अफसर उन आवासों की भी जांच करेंगे, जो निर्धारित नक्शे से अलग हटकर बनाए गए होंगे। ऐसे आवासों की जांच के लिए नगर पालिका, तहसील प्रशासन व डूडा के कर्मचारियों की कमेटी गठित की गई है। जबकि क्रास चेकिंग करने के लिए जिला स्तरीय अधिकारियों को जिम्मेदारी दी जा रही है। प्रधानमंत्री आवास में गड़बड़ी करने वाले लोगों के खिलाफ कार्रवाई होगी।
इसके साथ ही नक्शे से इतर आवास बनाने वाले लाभार्थियों से सरकारी धनराशि की वसूली भी की जाएगी। शासन की सख्ती को देखते हुए अब जिला प्रशासन सभी जांचों को समय से पूरा कराने की तैयारी में है। नगर पालिका व नगर पंचायतों में बन रहे प्रधानमंत्री शहरी आवास के निर्माण नजर रखने के लिए नोडल अधिकारियों को लगाया गया है। ताकि अपात्रों को आवास देने वाले कर्मचारियों पर कार्रवाई हो सके। नगर पालिका के प्रभारी ईओ ने बताया कि शासन के निर्देश पर लाभार्थियों के आवासों की जांच कराने की तैयारी है। जो लोग नक्शे से विपरीत आवास का निर्माण कराए होंगे। उन लोगों से वसूली होगी।
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शासन के नए आदेश से प्रधानमंत्री की प्राथमिकता वाली आवासीय योजना के शहरी लाभार्थियों को अब नई समस्या का सामना करना पड़ सकता है। योजना का लाभ लेने के लिए पात्रता नियमावली को दर किनार करते हुए सूची में शामिल होने वाले लाभार्थियों की जांच होगी। इसके अलावा अफसर उन आवासों की भी जांच करेंगे, जो निर्धारित नक्शे से अलग हटकर बनाए गए होंगे। ऐसे आवासों की जांच के लिए नगर पालिका, तहसील प्रशासन व डूडा के कर्मचारियों की कमेटी गठित की गई है। जबकि क्रास चेकिंग करने के लिए जिला स्तरीय अधिकारियों को जिम्मेदारी दी जा रही है। प्रधानमंत्री आवास में गड़बड़ी करने वाले लोगों के खिलाफ कार्रवाई होगी।
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इसके साथ ही नक्शे से इतर आवास बनाने वाले लाभार्थियों से सरकारी धनराशि की वसूली भी की जाएगी। शासन की सख्ती को देखते हुए अब जिला प्रशासन सभी जांचों को समय से पूरा कराने की तैयारी में है। नगर पालिका व नगर पंचायतों में बन रहे प्रधानमंत्री शहरी आवास के निर्माण नजर रखने के लिए नोडल अधिकारियों को लगाया गया है। ताकि अपात्रों को आवास देने वाले कर्मचारियों पर कार्रवाई हो सके। नगर पालिका के प्रभारी ईओ ने बताया कि शासन के निर्देश पर लाभार्थियों के आवासों की जांच कराने की तैयारी है। जो लोग नक्शे से विपरीत आवास का निर्माण कराए होंगे। उन लोगों से वसूली होगी।
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