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हल्का सुधार, धुंध अब भी बरकरार
अमर उजाला ब्यूरो प्रतापगढ़।
Updated Wed, 09 Nov 2016 12:24 AM IST
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न्यूूज
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वातावरण में स्मॉग का असर मंगलवार को लगातार तीसरे दिन बरकरार रहा। धूप निकली तो जरूर, लेकिन उसका बहुत असर नहीं दिखा। पिछले तीन दिनों से जिले भर में धुंध छाई रही। इसका सबसे ज्यादा असर सांस के रोगियों में देखने को मिल रहा है। विशेषज्ञों का कहना है कि स्मॉग के चलते स्वास्थ्य पर असर पड़ सकता है। इसमें कई तरह के रासायनिक कण है जो शरीर के अंदर जाने के बाद सेहत पर बुरा प्रभाव डाल सकते हैं।
जनपद की आबोहवा भी तीन दिनों से बिगड़ी हुई है। प्रदूषण में हल्का सुधार दिखा लेकिन धुंध मंगलवार को भी बरकरार दिखी। प्रदूषण का स्तर भले ही दिल्ली से कम हो लेकिन दिन भर लोगों को शहर से लेकर गांव में धुंध की काली छाया दिख ही जाती है। मंगलवार को सुबह धुंध कोहरे की तरह दिखाई पड़ी। करीब नौ बजे तक सूर्यदेव भी निकले लेकिन उनकी धूप का कोई असर नहीं दिखा। मंगलवार को भी प्रदूषण के बीच बच्चे स्कूल गए। मौसम में बदलाव के साथ ही प्रदूषित पर्यावरण से लोगों को दिक्कते भी हो रही हैं। भले ही धुंध का असर हल्का कम हुआ है लेकिन मंगलवार को भी लोग इससे परेशान दिखे। सांस में तकलीफ के साथ अजीबोगरीब गंध से हर कोई हलाकान दिखा। सड़क किनारे स्थित दुकानों व मकानों में रहने वाले लोगों को खासी परेशानी हुई। लोगों को नाक व मुंह बंद कर चलने की सलाह के साथ ही धूल उड़ने वाली एरिया से दूरी बनाने का सुझाव दिया गया। इस धुंध के साथ ही तापमान में लगातार गिरावट आती जा रही है।
तापमान में गिरावट
वातावरण में स्मॉग का असर मंगलवार को लगातार तीसरे दिन बरकरार रहा। धूप निकली तो जरूर, लेकिन उसका बहुत असर नहीं दिखा। पिछले तीन दिनों से जिले भर में धुंध छाई रही। इसका सबसे ज्यादा असर सांस के रोगियों में देखने को मिल रहा है। विशेषज्ञों का कहना है कि स्मॉग के चलते स्वास्थ्य पर असर पड़ सकता है। इसमें कई तरह के रासायनिक कण है जो शरीर के अंदर जाने के बाद सेहत पर बुरा प्रभाव डाल सकते हैं।
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जनपद की आबोहवा भी तीन दिनों से बिगड़ी हुई है। प्रदूषण में हल्का सुधार दिखा लेकिन धुंध मंगलवार को भी बरकरार दिखी। प्रदूषण का स्तर भले ही दिल्ली से कम हो लेकिन दिन भर लोगों को शहर से लेकर गांव में धुंध की काली छाया दिख ही जाती है। मंगलवार को सुबह धुंध कोहरे की तरह दिखाई पड़ी। करीब नौ बजे तक सूर्यदेव भी निकले लेकिन उनकी धूप का कोई असर नहीं दिखा। मंगलवार को भी प्रदूषण के बीच बच्चे स्कूल गए। मौसम में बदलाव के साथ ही प्रदूषित पर्यावरण से लोगों को दिक्कते भी हो रही हैं। भले ही धुंध का असर हल्का कम हुआ है लेकिन मंगलवार को भी लोग इससे परेशान दिखे। सांस में तकलीफ के साथ अजीबोगरीब गंध से हर कोई हलाकान दिखा। सड़क किनारे स्थित दुकानों व मकानों में रहने वाले लोगों को खासी परेशानी हुई। लोगों को नाक व मुंह बंद कर चलने की सलाह के साथ ही धूल उड़ने वाली एरिया से दूरी बनाने का सुझाव दिया गया। इस धुंध के साथ ही तापमान में लगातार गिरावट आती जा रही है।
जनपद की आबोहवा भी तीन दिनों से बिगड़ी हुई है। प्रदूषण में हल्का सुधार दिखा लेकिन धुंध मंगलवार को भी बरकरार दिखी। प्रदूषण का स्तर भले ही दिल्ली से कम हो लेकिन दिन भर लोगों को शहर से लेकर गांव में धुंध की काली छाया दिख ही जाती है। मंगलवार को सुबह धुंध कोहरे की तरह दिखाई पड़ी। करीब नौ बजे तक सूर्यदेव भी निकले लेकिन उनकी धूप का कोई असर नहीं दिखा। मंगलवार को भी प्रदूषण के बीच बच्चे स्कूल गए। मौसम में बदलाव के साथ ही प्रदूषित पर्यावरण से लोगों को दिक्कते भी हो रही हैं। भले ही धुंध का असर हल्का कम हुआ है लेकिन मंगलवार को भी लोग इससे परेशान दिखे। सांस में तकलीफ के साथ अजीबोगरीब गंध से हर कोई हलाकान दिखा। सड़क किनारे स्थित दुकानों व मकानों में रहने वाले लोगों को खासी परेशानी हुई। लोगों को नाक व मुंह बंद कर चलने की सलाह के साथ ही धूल उड़ने वाली एरिया से दूरी बनाने का सुझाव दिया गया। इस धुंध के साथ ही तापमान में लगातार गिरावट आती जा रही है।
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तापमान में गिरावट
वातावरण में स्मॉग का असर मंगलवार को लगातार तीसरे दिन बरकरार रहा। धूप निकली तो जरूर, लेकिन उसका बहुत असर नहीं दिखा। पिछले तीन दिनों से जिले भर में धुंध छाई रही। इसका सबसे ज्यादा असर सांस के रोगियों में देखने को मिल रहा है। विशेषज्ञों का कहना है कि स्मॉग के चलते स्वास्थ्य पर असर पड़ सकता है। इसमें कई तरह के रासायनिक कण है जो शरीर के अंदर जाने के बाद सेहत पर बुरा प्रभाव डाल सकते हैं।
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जनपद की आबोहवा भी तीन दिनों से बिगड़ी हुई है। प्रदूषण में हल्का सुधार दिखा लेकिन धुंध मंगलवार को भी बरकरार दिखी। प्रदूषण का स्तर भले ही दिल्ली से कम हो लेकिन दिन भर लोगों को शहर से लेकर गांव में धुंध की काली छाया दिख ही जाती है। मंगलवार को सुबह धुंध कोहरे की तरह दिखाई पड़ी। करीब नौ बजे तक सूर्यदेव भी निकले लेकिन उनकी धूप का कोई असर नहीं दिखा। मंगलवार को भी प्रदूषण के बीच बच्चे स्कूल गए। मौसम में बदलाव के साथ ही प्रदूषित पर्यावरण से लोगों को दिक्कते भी हो रही हैं। भले ही धुंध का असर हल्का कम हुआ है लेकिन मंगलवार को भी लोग इससे परेशान दिखे। सांस में तकलीफ के साथ अजीबोगरीब गंध से हर कोई हलाकान दिखा। सड़क किनारे स्थित दुकानों व मकानों में रहने वाले लोगों को खासी परेशानी हुई। लोगों को नाक व मुंह बंद कर चलने की सलाह के साथ ही धूल उड़ने वाली एरिया से दूरी बनाने का सुझाव दिया गया। इस धुंध के साथ ही तापमान में लगातार गिरावट आती जा रही है।