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सर्वर ने बिगाड़ी तैयारी, नहीं लागू हुई ई-वे बिल प्रणाली
अमर उजाला ब्यूरो, प्रतापगढ़
Updated Fri, 02 Feb 2018 11:26 PM IST
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जिले में एक फरवरी से लागू होने वाली ई-वे बिल प्रणाली सर्वर के धोखा देने से मूर्त रूप नहीं ले पाई है। यह योजना कब से लागू होगी, इसे लेकर अधिकारी कुछ बोलने की स्थिति में नहीं हैं। अफसरों की ओर से सिर्फ एक जवाब मिल रहा है कि शीर्ष अधिकारियों के आदेश मिलने के बाद ही योजना प्रारंभ की जाएगी। हालांकि व्यापारी भी ऊहापोह की स्थिति में हैं।
व्यापार कर की चोरी रोकने के लिए वाणिज्य कर विभाग ने एक फरवरी से 50 हजार रुपये का माल लेकर चलने वाले वाहनों के लिए ई-वे बिल अनिवार्य कर दिया था। पूरे देश में यह व्यवस्था एक फरवरी से लागू होनी थी। मगर पहले ही दिन सर्वर खराब होने के कारण व्यापारी ई-वे बिल डाउन लोड नहीं कर सकें। विभागीय अधिकारियों का प्रयास बेकार हो गया, तो योजना को अनिश्चितकाल के लिए स्थगित कर दिया।
सवाल यह उठता है कि बगैर किसी तैयारी के वाणिज्य कर विभाग ने इतना बड़ा प्लान कैसे तैयार कर लिया। फिलहाल वाणिज्य कर विभाग ई-वे बिल लागू करने में पहले ही दिन फेल अवश्य हो गया, मगर उसने जिले में गठित टास्कफोर्स को नियमित रूप से वाहनों से जाने वाले माल की जांच करने का निर्देश दिया है। फिलहाल जिले की टास्कफोर्स ने इस दिशा में अभी कोई पहल नहीं की है। ई-वे बिल प्रणाली कब से लागू होगी इसे लेकर व्यापारी भी ऊहापोह की स्थिति में हैं।
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व्यापार कर की चोरी रोकने के लिए वाणिज्य कर विभाग ने एक फरवरी से 50 हजार रुपये का माल लेकर चलने वाले वाहनों के लिए ई-वे बिल अनिवार्य कर दिया था। पूरे देश में यह व्यवस्था एक फरवरी से लागू होनी थी। मगर पहले ही दिन सर्वर खराब होने के कारण व्यापारी ई-वे बिल डाउन लोड नहीं कर सकें। विभागीय अधिकारियों का प्रयास बेकार हो गया, तो योजना को अनिश्चितकाल के लिए स्थगित कर दिया।
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सवाल यह उठता है कि बगैर किसी तैयारी के वाणिज्य कर विभाग ने इतना बड़ा प्लान कैसे तैयार कर लिया। फिलहाल वाणिज्य कर विभाग ई-वे बिल लागू करने में पहले ही दिन फेल अवश्य हो गया, मगर उसने जिले में गठित टास्कफोर्स को नियमित रूप से वाहनों से जाने वाले माल की जांच करने का निर्देश दिया है। फिलहाल जिले की टास्कफोर्स ने इस दिशा में अभी कोई पहल नहीं की है। ई-वे बिल प्रणाली कब से लागू होगी इसे लेकर व्यापारी भी ऊहापोह की स्थिति में हैं।
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