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टयूबवेल पर सोने गए वृद्ध की गला काटकर हत्या
अमर उजाला ब्यूरो प्रतापगढ़
Updated Wed, 07 Sep 2016 11:37 PM IST
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टयूबवेल पर सोने गए वृद्ध की गला काटकर हत्या कर दी गई। रात में ही पानी लगाने के लिए उसे उठाने गए गांव के एक व्यक्ति उसका खून से लथपथ शव देखा तो परिजनों को सूचना दी। जानकारी पर पुलिस पहुंची और शव कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा। परिजनों ने परिवार के ही एक युवक पर जमीन के विवाद में घटना को अंजाम देने का आरोप लगाते हुए रिपोर्ट दर्ज कराई है।
मानिकपुर थाना क्षेत्र के कुशाहिलडीह बुलाकीपुर गांव निवासी श्रीराम पाल (62) पुत्र बद्री प्रसाद किसान था। उसके दो बेटे बाहर रहते हैं। घर पर उनका परिवार रहता है। श्रीराम मंगलवार की शाम घर पर खाना खाकर करीब नौ बजे ट्यूबवेल पर सोने चला गया। 10 बजे गांव का ही तीरथ यादव अपने खेत में पानी लगाने के लिए श्रीराम के पास ट्यूबवेल चलवाने के लिए गया। दरवाजे पर पहुंचकर उसने आवाज लगाई लेकिन कोई जवाब नहीं मिला। इस पर उसने दरवाजे को धक्का दिया तो उसकी चीख निकल गई। अंदर श्रीराम का रक्तरंजित शव पड़ा था। वह भागकर गांव पहुंचा और परिजनों को इसकी जानकारी दी। इस पर गांव के काफी लोगों के साथ परिजन ट्यूबवेल पर पहुंचे। देखा तो उसके गले को धारदार हथियार से काटा गया था और आसपास काफी खून फैला हुआ था। ग्राम प्रधान को सूचना देने के साथ ही पुलिस को भी सूचना दी गई। रात में पहुंची पुलिस ने शव कापंचनामा कर शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
मामले में परिजनों के संदेहके आधार पर गांव के ही एक युवक को हिरासत में ले लिया गया। सुबह श्रीराम पाल के भतीजे राजेश पुत्र राम बदन ने परिवार के ही रामभवन पाल पुत्र गंगादीन के खिलाफ तहरीर देकर रिपोर्ट दर्ज कराई। आरोप लगाया कि जमीन के विवाद में घटना को अंजाम दिया गया।
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विवाद के बाद पंचायत भी हुई थी दोनों पक्षों के बीच, रास्ता देने को तैयार था श्रीराम
कुंडा(ब्यूरो)। श्रीराम पाल घर के बगल में ही खाली पड़ी जमीन पर दीवार बना रहा था। इसे लेकर रामभवन से उसका विवाद हो गया था। रामभवन उसकी जमीन से रास्ता चाहता था। बीते शनिवार को प्रधान सहित अन्य लोगों के बीच हुई पंचायत में श्रीराम रामभवन को रास्ता देने के लिए तैयार हो गया था। अब श्रीराम के परिजन उसी विवाद के कारण उसकी हत्या किए जाने की बात कह रहे हैं। उधर रामभवन के परिजनों का कहना है कि उसकी बहन मंजू की तबीयत काफी खराब है। रामभवन उसका इलाज कराने के लिए इलाहाबाद गया था। उसे लौटने में ही शाम के छह बज गए थे। ऐसे में वह इस तरह की घटना के लिए जिम्मेदार नहीं है। उनका ये भी कहना है कि जिस विवाद में हत्या का आरोप लगाया जा रहा है उसका निपटारा हो चुका था।
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मानिकपुर थाना क्षेत्र के कुशाहिलडीह बुलाकीपुर गांव निवासी श्रीराम पाल (62) पुत्र बद्री प्रसाद किसान था। उसके दो बेटे बाहर रहते हैं। घर पर उनका परिवार रहता है। श्रीराम मंगलवार की शाम घर पर खाना खाकर करीब नौ बजे ट्यूबवेल पर सोने चला गया। 10 बजे गांव का ही तीरथ यादव अपने खेत में पानी लगाने के लिए श्रीराम के पास ट्यूबवेल चलवाने के लिए गया। दरवाजे पर पहुंचकर उसने आवाज लगाई लेकिन कोई जवाब नहीं मिला। इस पर उसने दरवाजे को धक्का दिया तो उसकी चीख निकल गई। अंदर श्रीराम का रक्तरंजित शव पड़ा था। वह भागकर गांव पहुंचा और परिजनों को इसकी जानकारी दी। इस पर गांव के काफी लोगों के साथ परिजन ट्यूबवेल पर पहुंचे। देखा तो उसके गले को धारदार हथियार से काटा गया था और आसपास काफी खून फैला हुआ था। ग्राम प्रधान को सूचना देने के साथ ही पुलिस को भी सूचना दी गई। रात में पहुंची पुलिस ने शव कापंचनामा कर शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
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मामले में परिजनों के संदेहके आधार पर गांव के ही एक युवक को हिरासत में ले लिया गया। सुबह श्रीराम पाल के भतीजे राजेश पुत्र राम बदन ने परिवार के ही रामभवन पाल पुत्र गंगादीन के खिलाफ तहरीर देकर रिपोर्ट दर्ज कराई। आरोप लगाया कि जमीन के विवाद में घटना को अंजाम दिया गया।
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विवाद के बाद पंचायत भी हुई थी दोनों पक्षों के बीच, रास्ता देने को तैयार था श्रीराम
कुंडा(ब्यूरो)। श्रीराम पाल घर के बगल में ही खाली पड़ी जमीन पर दीवार बना रहा था। इसे लेकर रामभवन से उसका विवाद हो गया था। रामभवन उसकी जमीन से रास्ता चाहता था। बीते शनिवार को प्रधान सहित अन्य लोगों के बीच हुई पंचायत में श्रीराम रामभवन को रास्ता देने के लिए तैयार हो गया था। अब श्रीराम के परिजन उसी विवाद के कारण उसकी हत्या किए जाने की बात कह रहे हैं। उधर रामभवन के परिजनों का कहना है कि उसकी बहन मंजू की तबीयत काफी खराब है। रामभवन उसका इलाज कराने के लिए इलाहाबाद गया था। उसे लौटने में ही शाम के छह बज गए थे। ऐसे में वह इस तरह की घटना के लिए जिम्मेदार नहीं है। उनका ये भी कहना है कि जिस विवाद में हत्या का आरोप लगाया जा रहा है उसका निपटारा हो चुका था।