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मातृत्व अवकाश में अब नहीं होगा खेल
अमर उजाला ब्यूरो प्रतापगढ़
Updated Tue, 05 Jul 2016 12:19 AM IST
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मातृत्व अवकाश और चाइल्ड केयर लीव लेकर अब अध्यापिकाएं अब वर्ष भर स्कूल से गायब नहीं रह पाएंगी। यह छुट्टी स्वीकृत करने का अधिकार अब बीएसए को प्रदान कर दिया गया है। इससे अवकाश लेने वाली शिक्षिकाओं का विवरण ऑनलाइन रहेगा, जिससे अभिभावक भी शिक्षिका के गायब रहने की घर बैठे जानकारी कर सकेंगे। बेसिक शिक्षा विभाग के प्राइमरी और मिडिल स्कूलों में तैनात शिक्षिकाएं मातृत्व अवकाश और चाइल्ड केयर लीव में खेल नहीं कर पाएंगे। पूरी सेवा के दौरान मात्र दो बार मिलने वाली छुट्टी अब कंप्यूटर में इंट्री होगी और अवकाश की स्वीकृति भी बीएसए देंगे। पूर्व में यह अधिकार खंड शिक्षा अधिकारियों को दिया गया था।
बीईओ की मिलीभगत से अध्यापिकाएं पूरे शिक्षासत्र अवकाश पर रहती थी । एक मुश्त धनराशि लेने वाले बीईओ अवकाश का समय समाप्त होते ही नया अवकाश स्वीकृत कर देते थे। जब कभी कोई अधिकारी स्कूल चेक करता था, तो अध्यापिका को अवकाश पर होने की जानकारी दी जाती थी। कभी-कभी तो ऐसे प्रकरण भी सामने आएं हैं, जब छुट्टी बढ़ाने के लिए उपस्थिति रजिस्टर का पन्ना गायब कर दिया गया। जब कभी विभागीय अधिकारियों की जांच में बीईओ फंस जाते हैं तो पूरा रजिस्टर ही बदल दिया जाता है। बीते शिक्षासत्र में मानधाता ब्लाक में सबसे अधिक खेल हुआ। विकास क्षेत्र की 61 शिक्षिकाएं मातृत्व अवकाश और चाइल्ड केयर लीव पर रहीं। यह वास्तविक आंकड़ा है जो विभाग में उपलब्ध है। इसके अलावा इलाहाबाद से आने वाली और अफसरों की वह बीबियां हैं, जो अवकाश पर तो रहीं, मगर उनके छुट्टी का उल्लेख नहीं है। बीएसए अजय कुमार सिंह ने बताया अब खंड शिक्षा अधिकारी मातृत्व अवकाश और चाइल्ड केयर लीव का अवकाश नहीं प्रदान कर सकेंगे। उन्होंने बताया कि अवकाश पर रहने वाली शिक्षिकाओं की सूचना कार्यालय में मौजूद रहेगी।
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बीईओ की मिलीभगत से अध्यापिकाएं पूरे शिक्षासत्र अवकाश पर रहती थी । एक मुश्त धनराशि लेने वाले बीईओ अवकाश का समय समाप्त होते ही नया अवकाश स्वीकृत कर देते थे। जब कभी कोई अधिकारी स्कूल चेक करता था, तो अध्यापिका को अवकाश पर होने की जानकारी दी जाती थी। कभी-कभी तो ऐसे प्रकरण भी सामने आएं हैं, जब छुट्टी बढ़ाने के लिए उपस्थिति रजिस्टर का पन्ना गायब कर दिया गया। जब कभी विभागीय अधिकारियों की जांच में बीईओ फंस जाते हैं तो पूरा रजिस्टर ही बदल दिया जाता है। बीते शिक्षासत्र में मानधाता ब्लाक में सबसे अधिक खेल हुआ। विकास क्षेत्र की 61 शिक्षिकाएं मातृत्व अवकाश और चाइल्ड केयर लीव पर रहीं। यह वास्तविक आंकड़ा है जो विभाग में उपलब्ध है। इसके अलावा इलाहाबाद से आने वाली और अफसरों की वह बीबियां हैं, जो अवकाश पर तो रहीं, मगर उनके छुट्टी का उल्लेख नहीं है। बीएसए अजय कुमार सिंह ने बताया अब खंड शिक्षा अधिकारी मातृत्व अवकाश और चाइल्ड केयर लीव का अवकाश नहीं प्रदान कर सकेंगे। उन्होंने बताया कि अवकाश पर रहने वाली शिक्षिकाओं की सूचना कार्यालय में मौजूद रहेगी।
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