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विरोध में बंद रहा दीवानगंज बाजार
pratapgarh
Updated Fri, 14 Dec 2018 12:11 AM IST
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प्रतापगढ़
- फोटो : प्रतापगढ़
कंधई थाना क्षेत्र के बिबियाकरनपुर गांव में घर के करीब बुधवार की रात कंप्यूटर कोचिंग संचालक और भाजपा नेता अतुल शुक्ला की गोली मारकर हत्या करने की घटना के विरोध में गुरुवार को दीवानगंज बाजार पूरी तरह से बंद रहा। व्यापारी दुकानें बंदकर ग्रामीणों के साथ शव लेकर ़सड़क पर प्रदर्शन करते रहे। देर शाम मौके पर पहुंचे एसपी से सडक़ पर शव रखकर प्रदर्शन कर रहे लोगों ने कंधई पुलिस के प्रति भारी आक्रोश जताते हुए पूरा थाना व दीवानगंज चौकी बदलने की मांग की।
एसपी ने मामले को संभालते हुए इसके लिए कुछ दिनों का वक्त मांगा। हालांकि इसके बाद भी लोगों का गुस्सा शांत नहीं हुआ। अफसरों के काफी प्रयास के बाद भी लोग सडक़ से हटने के लिए तैयार नहीं हुए। खबर लिखे जाने तक ग्रामीण शव के साथ सड़क पर ही बैठे हुए थे। चूंकि अतुल शुक्ला भाजपा काशी क्षेत्र के बाबा बेलखरनाथ धाम के सेक्टर संयोजक थे। जिसके चलते सुबह से भाजपा व विहिप के नेताओं के साथ आसपास के गांव के लोग एकत्र होने लगे। दोपहर में पहुंचे भाजपा नेता और पूर्व विधायक बृजेश सौरभ भी ग्रामीणों के साथ धरने पर बैठ गए। परिवार के लोगों का कहना था कि जब तक अतुल के हत्यारोपी गिरफ्तार नहीं होते और कंधई थानाध्यक्ष और दीवानगंज चौकी प्रभारी को सस्पेंड करने के साथ ही 50 लाख आर्थिक मदद, शस्त्र लाइसेंस समेत अन्य मांगें पूरी नहीं होती, जाम समाप्त नहीं होगा।
बेलखरनाथ धाम। कंधई थाना क्षेत्र के दीवानगंज चौराहे पर जाम लगाने के दौरान अचानक एक बाइक सवार पट्टी की ओर बाइक लेकर जाने लगा। शव के साथ सडक़ पर एकत्र लोग उसे रोकने लगे, लेकिन वह निकलने की जिद करते हुए आगे बढ़ा तो गुस्साए लोगों ने उसकी डंडे से पिटाई शुरू कर दी। हालांकि वहां मौजूद बड़े बुजुर्गों ने लोगों को शांत कराया।
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रखहा। कंधई थाना क्षेत्र के दीवानगंज बाजार में जाम लगाने वाले ग्रामीणों को समझाने के बजाए अचानक सीओ पट्टी जीडी मिश्र धमकाने लगे। कहा कि सभी की वीडियोग्राफी कराई जा रही है। वह ग्रामीणों को धमकाते रहे कि सभी के खिलाफ सड़क जाम करने का मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई होगी। यह सुन रहे प्रदर्शनकारी सीओ पर भडक़ उठे। बोले तुरंत मुकदमा दर्ज कराकर सभी को जेल भेजा जाए। लोगों का आक्रोश देख सीओ पीछे हट गए।
रखहा। कंप्यूटर कोचिंग संचालक व भाजपा नेता अतुल शुक्ला की हत्या व दीवानगंज बाजार में शव रखकर जाम लगाने की सूचना मिलने पर विहिप के जिलाध्यक्ष अमरेश सिंह, संगठन मंत्री रामआसरे पाल, मंत्री रजनीश तिवारी, सह मंत्री विमल सिंह, भाजपा प्रकोष्ठ के जिलाध्यक्ष शशि भाल और बजरंग दल के जिला संयोजक नवीन पाल, आरएसएस के प्रचारक प्रवेशजी, मीडिया प्रभारी अमित शुक्ला व अनुज मिश्रा सहित कई नेता मौके पर पहुंचे। सभी ने परिवार के लोगों को भरोसा दिलाया कि वे लोग उनके साथ हैं।
कंप्यूटर कोचिंग संचालक व भाजपा नेता अतुल शुक्ला को गोली मारने वाले बदमाशों ने उसकी नाक व कंधे पर गोली मारी थी। नाक से घुसी बुलेट सिर में मिल गई। जबकि कंधे में लगी गोली बाहर निकल गई। डाक्टरों के पैनल ने रात में पोस्टमार्टम किया। पोस्टमार्टम हाउस पर लोगों में खासा आक्रोश दिखा।
कंप्यूटर कोचिंग संचालक व भाजपा नेता अतुल शुक्ला की हत्या के मामले में गुरुवार को उसके चाचा घनश्याम शुक्ला ने पुलिस को तहरीर दी। जिसमें कहा है कि कई माह पहले क्रिकेट मैच को लेकर गांव में विवाद हुआ था। जमकर फायरिंग की गई थी। गांव के युवकों को गोली लगी थी। इस मामले में थाने पर मुकदमा भी दर्ज हुआ था। एक माह पहले बिबियाकरनपुर निवासी शमीम से विवाद हुआ था। जिसकी शिकायत भी दीवानगंज पुलिस से की गई थी।
एक सप्ताह पहले कोचिंग पढ़ाने वाली छात्राओं से होने वाली छेड़छाड़ को लेकर विरोध करने पर जयसिंहगढ़ के सुफियान, रियाज व सहबाज पुत्रगण बाबर निवासी गोलापुर, बरकत पुत्र लियाकत निवासी यहियापुर, फिरोज पुत्र मुहीद निवासी बिबियाकरनपुर, इरफान पुत्र अफजल निवासी बिबियाकरनपुर और अयूब निवासी डेंगुरपुर थाना कंधई समेत 5-6 अज्ञात लोगों पर हत्या करने या कराने आशंका जताई है। पुलिस ने सभी के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर उनकी तलाश शुरू कर दी। पुलिस ने आरोपियों के परिवार व रिश्तेदारी में मिले 11 लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है।
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एसपी ने मामले को संभालते हुए इसके लिए कुछ दिनों का वक्त मांगा। हालांकि इसके बाद भी लोगों का गुस्सा शांत नहीं हुआ। अफसरों के काफी प्रयास के बाद भी लोग सडक़ से हटने के लिए तैयार नहीं हुए। खबर लिखे जाने तक ग्रामीण शव के साथ सड़क पर ही बैठे हुए थे। चूंकि अतुल शुक्ला भाजपा काशी क्षेत्र के बाबा बेलखरनाथ धाम के सेक्टर संयोजक थे। जिसके चलते सुबह से भाजपा व विहिप के नेताओं के साथ आसपास के गांव के लोग एकत्र होने लगे। दोपहर में पहुंचे भाजपा नेता और पूर्व विधायक बृजेश सौरभ भी ग्रामीणों के साथ धरने पर बैठ गए। परिवार के लोगों का कहना था कि जब तक अतुल के हत्यारोपी गिरफ्तार नहीं होते और कंधई थानाध्यक्ष और दीवानगंज चौकी प्रभारी को सस्पेंड करने के साथ ही 50 लाख आर्थिक मदद, शस्त्र लाइसेंस समेत अन्य मांगें पूरी नहीं होती, जाम समाप्त नहीं होगा।
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बेलखरनाथ धाम। कंधई थाना क्षेत्र के दीवानगंज चौराहे पर जाम लगाने के दौरान अचानक एक बाइक सवार पट्टी की ओर बाइक लेकर जाने लगा। शव के साथ सडक़ पर एकत्र लोग उसे रोकने लगे, लेकिन वह निकलने की जिद करते हुए आगे बढ़ा तो गुस्साए लोगों ने उसकी डंडे से पिटाई शुरू कर दी। हालांकि वहां मौजूद बड़े बुजुर्गों ने लोगों को शांत कराया।
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रखहा। कंधई थाना क्षेत्र के दीवानगंज बाजार में जाम लगाने वाले ग्रामीणों को समझाने के बजाए अचानक सीओ पट्टी जीडी मिश्र धमकाने लगे। कहा कि सभी की वीडियोग्राफी कराई जा रही है। वह ग्रामीणों को धमकाते रहे कि सभी के खिलाफ सड़क जाम करने का मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई होगी। यह सुन रहे प्रदर्शनकारी सीओ पर भडक़ उठे। बोले तुरंत मुकदमा दर्ज कराकर सभी को जेल भेजा जाए। लोगों का आक्रोश देख सीओ पीछे हट गए।
रखहा। कंप्यूटर कोचिंग संचालक व भाजपा नेता अतुल शुक्ला की हत्या व दीवानगंज बाजार में शव रखकर जाम लगाने की सूचना मिलने पर विहिप के जिलाध्यक्ष अमरेश सिंह, संगठन मंत्री रामआसरे पाल, मंत्री रजनीश तिवारी, सह मंत्री विमल सिंह, भाजपा प्रकोष्ठ के जिलाध्यक्ष शशि भाल और बजरंग दल के जिला संयोजक नवीन पाल, आरएसएस के प्रचारक प्रवेशजी, मीडिया प्रभारी अमित शुक्ला व अनुज मिश्रा सहित कई नेता मौके पर पहुंचे। सभी ने परिवार के लोगों को भरोसा दिलाया कि वे लोग उनके साथ हैं।
कंप्यूटर कोचिंग संचालक व भाजपा नेता अतुल शुक्ला को गोली मारने वाले बदमाशों ने उसकी नाक व कंधे पर गोली मारी थी। नाक से घुसी बुलेट सिर में मिल गई। जबकि कंधे में लगी गोली बाहर निकल गई। डाक्टरों के पैनल ने रात में पोस्टमार्टम किया। पोस्टमार्टम हाउस पर लोगों में खासा आक्रोश दिखा।
कंप्यूटर कोचिंग संचालक व भाजपा नेता अतुल शुक्ला की हत्या के मामले में गुरुवार को उसके चाचा घनश्याम शुक्ला ने पुलिस को तहरीर दी। जिसमें कहा है कि कई माह पहले क्रिकेट मैच को लेकर गांव में विवाद हुआ था। जमकर फायरिंग की गई थी। गांव के युवकों को गोली लगी थी। इस मामले में थाने पर मुकदमा भी दर्ज हुआ था। एक माह पहले बिबियाकरनपुर निवासी शमीम से विवाद हुआ था। जिसकी शिकायत भी दीवानगंज पुलिस से की गई थी।
एक सप्ताह पहले कोचिंग पढ़ाने वाली छात्राओं से होने वाली छेड़छाड़ को लेकर विरोध करने पर जयसिंहगढ़ के सुफियान, रियाज व सहबाज पुत्रगण बाबर निवासी गोलापुर, बरकत पुत्र लियाकत निवासी यहियापुर, फिरोज पुत्र मुहीद निवासी बिबियाकरनपुर, इरफान पुत्र अफजल निवासी बिबियाकरनपुर और अयूब निवासी डेंगुरपुर थाना कंधई समेत 5-6 अज्ञात लोगों पर हत्या करने या कराने आशंका जताई है। पुलिस ने सभी के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर उनकी तलाश शुरू कर दी। पुलिस ने आरोपियों के परिवार व रिश्तेदारी में मिले 11 लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है।