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पुलिस कस्टडी में वृद्धा की गई जान
अमर उजाला ब्यूरो प्रतापगढ़
Updated Wed, 12 Apr 2017 12:25 AM IST
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आसपुर देवसरा पुलिस दहेज हत्या में नामजद गोंवदपुर गांव के वृद्ध दंपति को गिरफ्तार कर थाने ला रही थी। इस बीच पुलिस जीप में ही महिला की तबीयत बिगड़ी और उसकी मौत हो गई। जिस पर आननफानन में पुलिस वालों ने शव घर पहुंचा दिया।
आसपुर देवसरा इलाके के गोविंदपुर गांव में 6 जून 2016 को गोपीराम की बहू रेनू की दहेज के लिए गला दबाकर हत्या कर दी गई थी। शव को मिट्टी का तेल डालकर जलाने के बाद उसे हादसे का रूप देने का प्रयास किया गया था। इस मामले में मृतका के भाई दिनेश निवासी सपहा छात कोतवाली पट्टी की तहरीर पर दहेज हत्या का अभियोग सास कविराजी, ससुर गोपीराम व पति सालिकराम पर दर्ज कराया गया था। इस मुकदमे में वाछिंत चल रहे गोपीराम और उसकी पत्नी कविराजी (70) की गिरफ्तारी को देवसरा पुलिस मंगलवार दोपहर गांव पहुंची। पुलिस दोनों को पकड़ने के बाद जीप से थाने ला रही थी। दो किमी आने के बाद अचानक कविराजी की तबीयत बिगड़ गई। जब तक लोग कुछ समझते कि उसने दम तोड़ दिया।
आननफानन में पुलिस कविराजी का शव और उसके पति गोपी को घर छोड़ आई। मृतका के पति गोपीराम की मानें तो पत्नी की तबीयत पहले से ही खराब चल रही थी। पुलिस की गिरफ्तारी का सदमा झेल नहीं सकी और उसकी मौत हो गई। थानाध्यक्ष रत्नेश्वर सिंह ने बताया कि मुकदमे में वांछित की गिरफ्तारी का दबाव अदालत से था। जिस पर पुलिस मौके पर गई और इन लोगों को ला रही थी। रास्ते में महिला की तबीयत बिगड़ने पर उसे वापस घर पहुंचा दिया गया। घर पहुंचने के बाद महिला की मौत की सूचना आई। पुलिस कस्टडी में मौत का आरोप गलत है।
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आसपुर देवसरा इलाके के गोविंदपुर गांव में 6 जून 2016 को गोपीराम की बहू रेनू की दहेज के लिए गला दबाकर हत्या कर दी गई थी। शव को मिट्टी का तेल डालकर जलाने के बाद उसे हादसे का रूप देने का प्रयास किया गया था। इस मामले में मृतका के भाई दिनेश निवासी सपहा छात कोतवाली पट्टी की तहरीर पर दहेज हत्या का अभियोग सास कविराजी, ससुर गोपीराम व पति सालिकराम पर दर्ज कराया गया था। इस मुकदमे में वाछिंत चल रहे गोपीराम और उसकी पत्नी कविराजी (70) की गिरफ्तारी को देवसरा पुलिस मंगलवार दोपहर गांव पहुंची। पुलिस दोनों को पकड़ने के बाद जीप से थाने ला रही थी। दो किमी आने के बाद अचानक कविराजी की तबीयत बिगड़ गई। जब तक लोग कुछ समझते कि उसने दम तोड़ दिया।
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आननफानन में पुलिस कविराजी का शव और उसके पति गोपी को घर छोड़ आई। मृतका के पति गोपीराम की मानें तो पत्नी की तबीयत पहले से ही खराब चल रही थी। पुलिस की गिरफ्तारी का सदमा झेल नहीं सकी और उसकी मौत हो गई। थानाध्यक्ष रत्नेश्वर सिंह ने बताया कि मुकदमे में वांछित की गिरफ्तारी का दबाव अदालत से था। जिस पर पुलिस मौके पर गई और इन लोगों को ला रही थी। रास्ते में महिला की तबीयत बिगड़ने पर उसे वापस घर पहुंचा दिया गया। घर पहुंचने के बाद महिला की मौत की सूचना आई। पुलिस कस्टडी में मौत का आरोप गलत है।
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