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जान हथेली पर लेकर आते-जाते हैं लोग
Updated Fri, 12 Jan 2018 08:01 PM IST
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प्रतापगढ़। शहर मेें जमीन पर रखे ट्रांसफार्मरों से कभी भी हादसा हो सकता है, लेकिन संबंधित विभाग इस ओर ध्यान नहीं दे रहे हैं। अनदेखी से अब तक कई लोग घायल हो चुके हैं और मौतें भी हो चुकी हैं।प्रतिदिन लोग जान हथेली पर लेकर गुजरते हैं।
बताया जाता है कि शहर में करीब 350 ट्रांसफार्मरों से बिजली आपूर्ति की जाती है। 100 केवीए, 62 केवीए व 25 केवीए के ट्रांसफार्मरों को पोल पर ही व्यवस्थित कर आपूर्ति की जा रही है, जबकि इससे अधिक क्षमता यानी ढाई सौ केवीए के अधिकांश ट्रांसफार्मरों को विद्युत विभाग ने बगैर चबूतरे के ही जमीन पर रख दिया है। इससे आए दिन कोई न कोई चपेट में आकर झुलसता रहता है। कई मवेशियों की भी मौत हो चुकी है। बलीपुर, पल्टन बाजार, सप्लाई आफिस, बलीपुर, तिलक कालेज, पुराना माल गोदाम, बलीपुर तहसील के सामने, श्रीराम तिराहा, जिला महिला अस्पताल समेत अन्य भीड़भाड़ वाले स्थान हैं जहां जमीन पर रखे ये ट्रांसफार्मरों से कभी भी दुर्घटना हो सकती है।
सुरक्षा की दृष्टि से इन ट्रांसफार्मरों के चारों ओर जाली तक नहीं लगाई गई है। ट्रांसफार्मर को जोड़ने वाला तार इतना नजदीक है, सड़कों से गुजरने वाले लोगों के वाहन अनियंत्रित हो जाए तो सीधे ट्रांसफार्मर की जद में आ जाएगा। जिला महिला अस्पताल, पल्टन बाजार, सदर तहसील के सामने आदि ये ऐसे स्थान हैं, जहां प्रतिदिन लोग जान हथेली पर लेकर गुजरते हैं। इतना ही नहीं इन ट्रांसफार्मरों के आसपास लोग दुकान भी लगाते हैं। ट्रांसफार्मर फुंकने पर आसपास से गुजर रहे कई लोग इसकी चपेट में आ चुकेे हैं। इस संदर्भ में बाबागंज एसडीओ अजीत सिंह ने बताया कि ट्रांसफार्मरों को चबूतरे पर रखा गया है। जमीन पर रखने की जानकारी नहीं है। खुले में रखे ट्रांसफार्मरों को व्यवस्थित किया जाएगा।
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बताया जाता है कि शहर में करीब 350 ट्रांसफार्मरों से बिजली आपूर्ति की जाती है। 100 केवीए, 62 केवीए व 25 केवीए के ट्रांसफार्मरों को पोल पर ही व्यवस्थित कर आपूर्ति की जा रही है, जबकि इससे अधिक क्षमता यानी ढाई सौ केवीए के अधिकांश ट्रांसफार्मरों को विद्युत विभाग ने बगैर चबूतरे के ही जमीन पर रख दिया है। इससे आए दिन कोई न कोई चपेट में आकर झुलसता रहता है। कई मवेशियों की भी मौत हो चुकी है। बलीपुर, पल्टन बाजार, सप्लाई आफिस, बलीपुर, तिलक कालेज, पुराना माल गोदाम, बलीपुर तहसील के सामने, श्रीराम तिराहा, जिला महिला अस्पताल समेत अन्य भीड़भाड़ वाले स्थान हैं जहां जमीन पर रखे ये ट्रांसफार्मरों से कभी भी दुर्घटना हो सकती है।
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सुरक्षा की दृष्टि से इन ट्रांसफार्मरों के चारों ओर जाली तक नहीं लगाई गई है। ट्रांसफार्मर को जोड़ने वाला तार इतना नजदीक है, सड़कों से गुजरने वाले लोगों के वाहन अनियंत्रित हो जाए तो सीधे ट्रांसफार्मर की जद में आ जाएगा। जिला महिला अस्पताल, पल्टन बाजार, सदर तहसील के सामने आदि ये ऐसे स्थान हैं, जहां प्रतिदिन लोग जान हथेली पर लेकर गुजरते हैं। इतना ही नहीं इन ट्रांसफार्मरों के आसपास लोग दुकान भी लगाते हैं। ट्रांसफार्मर फुंकने पर आसपास से गुजर रहे कई लोग इसकी चपेट में आ चुकेे हैं। इस संदर्भ में बाबागंज एसडीओ अजीत सिंह ने बताया कि ट्रांसफार्मरों को चबूतरे पर रखा गया है। जमीन पर रखने की जानकारी नहीं है। खुले में रखे ट्रांसफार्मरों को व्यवस्थित किया जाएगा।
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