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Pilibhit News: सप्तसरोवर की हटों पर गर्मी का साया
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सप्तसरोवर पर खाली मैदान पर बनी हटें । संवाद
कलीनगर। बराही रेंज की सेल्हा बीट में स्थित खूबसूरत पर्यटन स्थल सप्तसरोवर वैसे तो सैलानियों को आकर्षित कर रहा है, लेकिन यहां बनाई गईं हटों में गर्मी से बचाव के इंतजाम अपर्याप्त होने से सैलानी कम ठहर रहे हैं। टेंट की बनी दो हटों में समस्या अधिक है। ऐसे में कम बुकिंग हो रही है।
पीलीभीत टाइगर रिजर्व की महोफ रेंज में स्थित चूका बीच पर्यटन का प्रमुख स्थल है। इस बार चूका बीच की तर्ज पर बराही रेंज में स्थित सप्तसरोवर (सात झाल) को भी विकसित करने के प्रयास किए गए। बजट मंजूर होने के बाद यहां चार हटें बनाई गईं। इसमें दो टेंट की हट भी बनाई गईं तो कैंटीन का भी जीर्णोद्धार किया गया।
कार्य पूरा होने के बाद एक माह पूर्व हटों की बुकिंग शुरू की गई। माना जा रहा था कि सैलानी यहां अधिक ठहरेंगे, लेकिन ऐसा नहीं हो सका। हटों में गर्मी से बचाव के पर्याप्त इंतजाम नहीं होने से सैलानी यहां कम आए।
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बता दें कि सप्तसरोवर पर जहां हटें बनाई गई हैं उस क्षेत्र में पेड़ नहीं लगे हैं। जबकि चूका बीच की सभी हटें विशाल पेड़ों के बीच बनी हुईं हैं। इसके चलते सप्तसरोवर पर बुकिंग कम हो रही है।
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टेबल फैन से चलाया जा रहा काम
सप्त सरोवर पर वैसे तो हटों को खूबसूरत रूप देने के लिए भारी भरकम बजट खर्च किया गया, लेकिन गर्मी से बचाव के इंतजाम कम किए गए हैं। सिर्फ टेबल फैन के इंतजाम किए गए हैं, जिनसे सैलानियों को उतनी राहत नहीं मिल पा रही है।
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रेंजर बोलें-रात को रुकते हैं सैलानी
बराही रेंजर अरुण मोहन श्रीवास्तव का कहना है कि सप्तसरोवर पर अभी एसी का इंतजाम नहीं किया जा सका है। वैसे भी सैलानी दिन में घूमने के साथ रात को ही हटों में ठहरते हैं। जो दिक्कतें आ रही हैं उनको जल्द दूर किया जाएगा।
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पीलीभीत टाइगर रिजर्व की महोफ रेंज में स्थित चूका बीच पर्यटन का प्रमुख स्थल है। इस बार चूका बीच की तर्ज पर बराही रेंज में स्थित सप्तसरोवर (सात झाल) को भी विकसित करने के प्रयास किए गए। बजट मंजूर होने के बाद यहां चार हटें बनाई गईं। इसमें दो टेंट की हट भी बनाई गईं तो कैंटीन का भी जीर्णोद्धार किया गया।
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कार्य पूरा होने के बाद एक माह पूर्व हटों की बुकिंग शुरू की गई। माना जा रहा था कि सैलानी यहां अधिक ठहरेंगे, लेकिन ऐसा नहीं हो सका। हटों में गर्मी से बचाव के पर्याप्त इंतजाम नहीं होने से सैलानी यहां कम आए।
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बता दें कि सप्तसरोवर पर जहां हटें बनाई गई हैं उस क्षेत्र में पेड़ नहीं लगे हैं। जबकि चूका बीच की सभी हटें विशाल पेड़ों के बीच बनी हुईं हैं। इसके चलते सप्तसरोवर पर बुकिंग कम हो रही है।
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टेबल फैन से चलाया जा रहा काम
सप्त सरोवर पर वैसे तो हटों को खूबसूरत रूप देने के लिए भारी भरकम बजट खर्च किया गया, लेकिन गर्मी से बचाव के इंतजाम कम किए गए हैं। सिर्फ टेबल फैन के इंतजाम किए गए हैं, जिनसे सैलानियों को उतनी राहत नहीं मिल पा रही है।
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रेंजर बोलें-रात को रुकते हैं सैलानी
बराही रेंजर अरुण मोहन श्रीवास्तव का कहना है कि सप्तसरोवर पर अभी एसी का इंतजाम नहीं किया जा सका है। वैसे भी सैलानी दिन में घूमने के साथ रात को ही हटों में ठहरते हैं। जो दिक्कतें आ रही हैं उनको जल्द दूर किया जाएगा।