{"_id":"5f61137c8ebc3e3b8b3dd076","slug":"samadhan-divas-pilibhit-news-bly4199603114","type":"story","status":"publish","title_hn":"संपूर्ण तहसील समाधान दिवसः जमीन विवाद और ग्राम पंचायत से जुड़ी अधिक आईं शिकायतें","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
संपूर्ण तहसील समाधान दिवसः जमीन विवाद और ग्राम पंचायत से जुड़ी अधिक आईं शिकायतें
विज्ञापन
पीलीभीत। सात माह बाद आयोजित किए गए संपूर्ण तहसील समाधान दिवस में फरियादियों की संख्या पहले की अपेक्षा कम रही। साथ ही शिकायतों के समाधान की गति भी धीमी रही। कलीनगर और अमरिया तहसील में तो एक भी शिकायत का निस्तारण नहीं हो सका। पूरनपुर और बीसलपुर में एक-एक, जबकि डीएम-एसपी की मौजूदगी में सदर तहसील में सर्वाधिक 27 मामलों का निस्तारण किया जा सका।
कोरोना संकट काल को देखते हुए मार्च में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा लॉकडाउन किए जाने के बाद से संपूर्ण तहसील समाधान दिवस स्थगित चल रहा था। पूर्व के लंबित मामलों के अलावा नई शिकायतों में भी सुनवाई नहीं हो सकी थी। सात माह बाद शासन स्तर से हरी झंडी मिलने पर मंगलवार को लॉकडाउन के बाद पहला संपूर्ण समाधान दिवस आयोजित किया गया। निर्देशानुसार कोरोना संक्रमण से बचाव के नियमों का खासा ध्यान रखा गया। मास्क, सैनिटाइजर प्रयोग और सामाजिक दूरी बनवाई गई।
सदर तहसील में डीएम पुलकित खरे, एसपी जयप्रकाश, सीडीओ श्रीनिवास मिश्र आदि अफसर मौजूद रहे। फरियादियों को एक-एक करके टोकन नंबर के आधार पर अफसरों ने सुना। कुल 67 शिकायतें आईं, इनमें 27 का निस्तारण किया जा सका। दोपहर दो बजे तक सुनवाई चली, मगर फरियादियों की संख्या अधिक न होने की वजह आसानी से सामाजिक दूरी भी बनवाई गई। डीएम ने लंबित शिकायतों और प्राप्त नई शिकायतों को संबंधित विभाग के अधिकारियों को देकर जल्द निस्तारण कराने के निर्देश दिए।
विज्ञापन
बीसलपुर में मंडी परिसर में हुई सुनवाई
बीसलपुर। मंडी परिसर में एडीएम वित्त एवं राजस्व अतुल सिंह की अध्यक्षता में हुए संपूर्ण समाधान दिवस में 32 शिकायतें आईं। मगर समाधान सिर्फ एक शिकायत का हो सका। कोरोना संक्रमण को देखते हुए सामाजिक दूरी बनाई जा सके, ऐसे में तहसील के बजाय मंडी में आयोजन किया गया था। एसडीएम समेत अन्य अफसर मौजूद रहे।
पूरनपुर में एक शिकायत का समाधान
पूरनपुर। तहसील सभागार कक्ष में कोविड 19 के नियमों का पालन करते हुए एसडीएम राजेंद्र प्रसाद की अध्यक्षता में फरियादियों को सुना गया। यहां कुल 18 शिकायतें आई, लेकिन समाधान एक का ही हो सका। अन्य शिकायतों को निस्तारण के लिए टीम बनाई गई।
अमरिया और कलीनगर में एक भी समाधान नहीं
अमरिया/माधोटांडा। तहसील अमरिया में एडीएम न्यायिक देंवेंद्र प्रताप सिंह, एसडीएम अंजली गंगवार ने फरियादियों को सुना। यहां फरियादियों की संख्या कम रही। छह शिकायतें आई, मगर जमीन और ग्राम पंचायत से जुड़े मामले होने की वजह से एक का भी निस्तारण मौके पर नहीं हो सका। उधर, कलीनगर में एसडीएम रामस्वरुप की अध्यक्षता में हुए संपूर्ण समाधान दिवस में आठ में से एक शिकायत का भी निस्तारण नहीं हुआ।
गांव का गन्ना क्रय केंद्र सालों से कागजों में चल रहा है। कई बार पहले भी शिकायतें कीं, मगर नए डीएम से गुहार लगाने के बाद कार्रवाई की उम्मीद है। -लवकुश गंगवार, गांव परसिया।
राजकीय होम्योपैथिक अस्पताल की व्यवस्था सुधारने को डीएम से शिकायत की। अभी तक तो कई शिकायतों पर समाधान नहीं हुआ, देखते हैं कि अब क्या होता है। - दिनेश कुमार, गांव खनंका
कोरोना संक्रमण के चलते अभी तक सुनवाई नहीं हो सकी थी। संपूर्ण समाधान दिवस के शुरू होने से कुछ उम्मीद जागी है, बस अफसर न्याय दिलाएं। - विमलेश कुमार, जटपुरा
चकरोड पर कब्जा कर निर्माण कराया जा रहा है। अभी तक ऑनलाइन शिकायत पर कोई नतीजा नहीं निकला था। संपूर्ण समाधान दिवस में आमने-सामने शिकायत करने पर कार्रवाई की उम्मीद है। - रोशन लाल, कुर्रैया
विज्ञापन
कोरोना संकट काल को देखते हुए मार्च में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा लॉकडाउन किए जाने के बाद से संपूर्ण तहसील समाधान दिवस स्थगित चल रहा था। पूर्व के लंबित मामलों के अलावा नई शिकायतों में भी सुनवाई नहीं हो सकी थी। सात माह बाद शासन स्तर से हरी झंडी मिलने पर मंगलवार को लॉकडाउन के बाद पहला संपूर्ण समाधान दिवस आयोजित किया गया। निर्देशानुसार कोरोना संक्रमण से बचाव के नियमों का खासा ध्यान रखा गया। मास्क, सैनिटाइजर प्रयोग और सामाजिक दूरी बनवाई गई।
विज्ञापन
सदर तहसील में डीएम पुलकित खरे, एसपी जयप्रकाश, सीडीओ श्रीनिवास मिश्र आदि अफसर मौजूद रहे। फरियादियों को एक-एक करके टोकन नंबर के आधार पर अफसरों ने सुना। कुल 67 शिकायतें आईं, इनमें 27 का निस्तारण किया जा सका। दोपहर दो बजे तक सुनवाई चली, मगर फरियादियों की संख्या अधिक न होने की वजह आसानी से सामाजिक दूरी भी बनवाई गई। डीएम ने लंबित शिकायतों और प्राप्त नई शिकायतों को संबंधित विभाग के अधिकारियों को देकर जल्द निस्तारण कराने के निर्देश दिए।
विज्ञापन
बीसलपुर में मंडी परिसर में हुई सुनवाई
बीसलपुर। मंडी परिसर में एडीएम वित्त एवं राजस्व अतुल सिंह की अध्यक्षता में हुए संपूर्ण समाधान दिवस में 32 शिकायतें आईं। मगर समाधान सिर्फ एक शिकायत का हो सका। कोरोना संक्रमण को देखते हुए सामाजिक दूरी बनाई जा सके, ऐसे में तहसील के बजाय मंडी में आयोजन किया गया था। एसडीएम समेत अन्य अफसर मौजूद रहे।
पूरनपुर में एक शिकायत का समाधान
पूरनपुर। तहसील सभागार कक्ष में कोविड 19 के नियमों का पालन करते हुए एसडीएम राजेंद्र प्रसाद की अध्यक्षता में फरियादियों को सुना गया। यहां कुल 18 शिकायतें आई, लेकिन समाधान एक का ही हो सका। अन्य शिकायतों को निस्तारण के लिए टीम बनाई गई।
अमरिया और कलीनगर में एक भी समाधान नहीं
अमरिया/माधोटांडा। तहसील अमरिया में एडीएम न्यायिक देंवेंद्र प्रताप सिंह, एसडीएम अंजली गंगवार ने फरियादियों को सुना। यहां फरियादियों की संख्या कम रही। छह शिकायतें आई, मगर जमीन और ग्राम पंचायत से जुड़े मामले होने की वजह से एक का भी निस्तारण मौके पर नहीं हो सका। उधर, कलीनगर में एसडीएम रामस्वरुप की अध्यक्षता में हुए संपूर्ण समाधान दिवस में आठ में से एक शिकायत का भी निस्तारण नहीं हुआ।
गांव का गन्ना क्रय केंद्र सालों से कागजों में चल रहा है। कई बार पहले भी शिकायतें कीं, मगर नए डीएम से गुहार लगाने के बाद कार्रवाई की उम्मीद है। -लवकुश गंगवार, गांव परसिया।
राजकीय होम्योपैथिक अस्पताल की व्यवस्था सुधारने को डीएम से शिकायत की। अभी तक तो कई शिकायतों पर समाधान नहीं हुआ, देखते हैं कि अब क्या होता है। - दिनेश कुमार, गांव खनंका
कोरोना संक्रमण के चलते अभी तक सुनवाई नहीं हो सकी थी। संपूर्ण समाधान दिवस के शुरू होने से कुछ उम्मीद जागी है, बस अफसर न्याय दिलाएं। - विमलेश कुमार, जटपुरा
चकरोड पर कब्जा कर निर्माण कराया जा रहा है। अभी तक ऑनलाइन शिकायत पर कोई नतीजा नहीं निकला था। संपूर्ण समाधान दिवस में आमने-सामने शिकायत करने पर कार्रवाई की उम्मीद है। - रोशन लाल, कुर्रैया