फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Pilibhit News ›   Arson and sabotage ten nominated

आगजनी और तोड़फोड़ में दस नामजद

Sun, 12 Apr 2015 11:47 PM IST
माधोटांडा/पीलीभीत।
माधोटांडा/पीलीभीत। Updated Sun, 12 Apr 2015 11:47 PM IST
विज्ञापन
Arson and sabotage ten nominated
बच्ची से दुष्कर्म के बाद
विज्ञापन
तोड़फोड़ और आगजनी करने के मामले में पुलिस ने एक महिला नेता सहित 10 लोगों के खिलाफ नामजद रिपोर्ट दर्ज की है। वहीं आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। बच्ची का जिला अस्पताल में मेडिकल कराया गया। जहां डॉक्टरों ने उसकी स्लाइड बनाई हैं। घटना के दूसरे दिन रविवार को भी कस्बे में तनाव रहा और बाजार बंद रहा। सुरक्षा की लिहाज से पुलिस तैनात है और मार्गों पर गश्त भी की जा रही है।

थाना क्षेत्र के एक कस्बे में शनिवार की शाम एक फेरीवाले ने आठ साल की बच्ची से दुष्कर्म किया था। मामला दो संप्रदायों के बीच होने से कस्बे में तनाव फैल गया और आक्रोशित लोगों ने घटना के विरोध में पहले पुलिस चौकी पर प्रदर्शन कर हंगामा काटा और बाद में मेन चौराहे पर चाय व पान खोखे व दुकानों में आग लगाकर तोड़फोड़ की।

घटना की सूचना पर एसपी जेके शाही, एएसपी सुधीर कुमार सिंह, सीओ ब्रजवीर सिंह सहित कई अधिकारी और काफी संख्या में पुलिस बल कस्बे में पहुंच गया। इस बीच पुलिस ने बच्ची से दुष्कर्म के आरोपी फेरीवाले तफज्जल को गिरफ्तार कर लिया। उससे पूछताछ के बाद पुलिस ने सुबह ही उसका चालान कर जेल भेज दिया।

रविवार को सुबह पुलिस ने पीड़ित बच्ची का मेडिकल के लिए जिला अस्पताल भेजा जहां चिकित्सकों ने जांच के लिए उसकी स्लाइड तैयार की है। वहीं कस्बे में अभी भी तनाव बना हुआ है। एक पक्ष के व्यापारियों ने बच्ची से दुष्कर्म के विरोध में तो दूसरे पक्ष ने दुकानों में आगजनी व तोड़फोड़ के विरोध में दुकानें नहीं खोली। सुबह से शाम तक कस्बे में सन्नाटा पसरा रहा। केवल पुलिस की चहल पहल ही दिख रही थी।

दोपहर को एएसपी ने चौकी पर दोनों पक्षों के लोगों एवं व्यापारियों की बैठक कर शांति बनाए रखने और दुकानें खोलने की अपील की। एएसपी सुधीर कुमार सिंह ने व्यापारियों को बताया कि आरोपी को जेल भेज दिया गया है वहीं आगजनी व तोड़फोड़ करने वालों पर भी मुकदमा दर्ज हो गया है। जांच कर दोषियों पर कार्रवाई की जाएगी। एएसपी के समझाने के बाद भी कस्बे की इक्का दुक्का दुकानें की कुछ देेर के लिए खुली।
मेनका गांधी ने जताई नाराजगी
पीलीभीत। क्रेंदीय महिला एवं बाल विकास मंत्री मेनका गांधी ने माधोटांडा क्षेत्र में बच्ची से हुए दुष्कर्म की घटना को शर्मनाक बताते हुए नाराजगी व्यक्त की है। दिल्ली से उनके पीआरओ कमलाकांत ने बताया कि केंद्रीय मंत्री ने घटना की जानकारी के बाद फोन से एसपी से वार्ता की और मामले को गंभीरता से लेकर कड़ी कार्रवाई की मांग की। उन्होंने कहा कि वह पीड़िता और उसके परिवार के साथ हैं उन्हें हर संभव मदद की जाएगी।
एसओ ने कराई रिपोर्ट
बच्ची से दुष्कर्म के बाद हुई तोड़फोड़ व आगजनी के मामले में एसओ राजेंद्र सिंह अपनी ओर से एक महिला नेता सहित दस के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया है। इसमें घटना के बाद चौकी के सामने एकत्र होने के बाद एक राय होकर तोड़फोड़ व दुकानों मेें आग लगाना दर्शाया गया है। इस मामले में महिला नेत्री महारानी पाल, रामौतार यादव, विष्णुकांत, अरविंद मिश्रा, सोनू, नरेंद्र गुप्ता, लालाराम, धर्मेंद्र, अजय गुप्ता व रामप्र्रकाश को नामजद किया गया है।
स्थिति नियंत्रण में पर तनाव बरकरार
दुष्कर्म के आरोपी की गिरफ्तारी और उपद्रवियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज होने जाने के बाद स्थिति नियंत्रण में हैं। पुलिस गश्त कर रही है। इसके बावजूद तनाव बना हुआ है। हालांकि पुलिस सोमवार से दुकानें खुलने का दावा कर रही है।
विज्ञापन

रंगीन मिजाज है आरोपी तफज्जल
बच्ची से दुष्कर्म का आरोपी तफज्जल काफी रंगीन मिजाज बताया जा रहा है। हालांकि पुलिस द्वारा गिरफ्तार किए जाने के बाद उसने स्वयं को निर्दोष बताते हुए महिला नेता के पुत्र से विवाद के बाद फंसाने की बात कही है, लेकिन कस्बे में उसकी रंगीन मिजाजी की काफी चर्चा है। तफज्जल अब तक चार शादियां कर चुका है।
विज्ञापन
विज्ञापन

चौकी इंचार्ज घटना को गंभीरता से लेते तो नहीं होता बवाल
माधोटांडा। बच्ची से दुष्कर्म की जानकारी के बाद अगर चौकी पुलिस थोड़ी भी सावधानी बरतती तो हालात को बेकाबू होने से बचाया जा सकता था। बच्ची के घर वालों की शिकायत के बाद भी चौकी इंचार्ज ने न तो उच्चाधिकारियों को बताने की जरूरत समझी और न ही ग्रामीणों को समझाने का प्रयास किया।

थाना क्षेत्र के एक कस्बे में शनिवार को आठ साल की बच्ची से दुष्कर्म की घटना लगभग छह बजे हुई थी। इसके करीब एक घंटे बाद बच्ची को लेकर उसके घर वाले चौकी पहुंचे, लेकिन पुलिस ने इसे हल्के में लिया और पुलिसिया अंदाज में मामले को टालती रही। उधर घटना की जानकारी पर एक एक कर लोग चौकी के सामने जमा होने लगे लेकिन पुलिस ने इस ओर भी ध्यान नहीं दिया।

भीड़ अधिक बढ़ जाने और आक्रोशित लोगों द्वारा चौकी के सामने की बैठक शुरू किए जाने पर पुलिस हरकत में आई थाने में सूचना दी गई। इसके बाद सवा आठ बजे एसओ राजेंद्र सिंह फोर्स लेकर पहुंचे। एसओ बच्ची और उसके घर वालों को लेकर थाने आए। इस दौरान भीड़ अनियंत्रित हो गई।


दुबारा एसओ कस्बा पहुंचकर कुछ कर पाते इससे पहले ही हालात बेकाबू हो गए हैं और लोगों ने तोड़फोड़ व आगजनी को अंजाम दे डाला। उच्चाधिकारियों के पहुंचने के बाद जिस तत्परता से पुलिस से आरोपी को गिरफ्तार किया यदि इतनी तत्परता पहले दिखाती तो हालात कुछ और होते।

विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed