{"_id":"5979e6c74f1c1bcb168b471b","slug":"21501161159-pilibhit-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"बीएसए कार्यालय पर धरना, पूरनपुर में हाइवे जाम","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बीएसए कार्यालय पर धरना, पूरनपुर में हाइवे जाम
Updated Thu, 27 Jul 2017 06:42 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पीलीभीत। समायोजन रद्द होने से नाराज शिक्षामित्रों का आंदोलन दूसरे दिन भी जारी रहा। शिक्षामित्रों ने बीएसए कार्यालय पर धरना प्रदर्शन कर केंद्र और प्रदेश सरकार को जमकर कोसा। शिक्षामित्रों ने मुख्यमंत्री के नाम संबोधित ज्ञापन सिटी मजिस्ट्रेट को सौंपा। जिसमें फैसले के खिलाफ पुनर्विचार याचिका दायर करने की मांग की। उधर, पूरनपुर के शिक्षामित्रों ने पीलीभीत आते समय हरदोई ब्रांच पुल पर जाम लगाकर प्रदर्शन किया।
सुप्रीम कोर्ट का फैसला आने के बाद जिले के करीब 1600 समायोजित शिक्षक पुन: शिक्षामित्र बन गए हैं। इस फैसले से शिक्षामित्रों में आक्रोश है और बुधवार से वह आंदोलन पर हैं। दूसरे दिन बृहस्पतिवार को भी सुबह बड़ी संख्या में शिक्षामित्र बीएसए कार्यालय पहुंचे और परिसर में धरना दिया। शिक्षामित्र संगठन के पदाधिकारियों ने सुप्रीम कोर्ट का नाम लिया बिना फैसले की जमकर आलोचना की। शिक्षामित्रों का आरोप है कि केंद्र और प्रदेश की भाजपा सरकार शिक्षामित्रों के साथ धोखा कर रही है। इससे पूरे प्रदेश के लाखों शिक्षामित्रों के परिवारों पर ब्रजघात हुआ है। शिक्षामित्रों ने इस बात पर भी हैरानी व्यक्त की कि सुप्रीम कोर्ट के फैसले को दो दिन हो गए, लेकिन अब तक केंद्र अथवा प्रदेश सरकार के किसी भी नेता का कोई बयान तक नहीं आया। उन्होंने मांग की कि संसद में कानून पास कर हम सभी को पुन: बहाल किया जाए। वक्ताओं ने अपना हक पाने के लिए एकजुट रहकर किसी भी स्तर से गुजरने और हर लड़ाई लड़ने का संकल्प लिया।
000
बीएसए कार्यालय में तालाबंदी का प्रयास
धरने के दौरान शिक्षामित्रों ने बीएसए कार्यालय में तालाबंदी करने का प्रयास किया, लेकिन पुलिस ने उन्हें खदेड़ दिया। इसको लेकर शिक्षामित्रों की पुलिस से नोकझोंक भी हुई और कुछ देर अफरातफरी भी मची रही।
विज्ञापन
0000
बेहोश हुई शिक्षामित्र
बीएसए कार्यालय में धरना देने पूरे जिले से शिक्षामित्र पहुंचे थे। इसमें पूरनपुर क्षेत्र से आई शिक्षामित्र नासिरा बी बेहोश हो गईं। इस पर पुलिस के सहयोग से उसे जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया।
00000
सिटी मजिस्ट्रेट को सौंपा ज्ञापन
धरने के अंत में शिक्षामित्रों ने वहां मौजूद सिटी मजिस्ट्रेट अवधेश मिश्रा को मुख्यमंत्री के नाम संबोधित ज्ञापन सौंपा। इसमें प्रदेश सरकार से सुप्रीम कोर्ट के फैसले के खिलाफ पुनर्विचार याचिका दायर करने अथवा बीच का रास्ता निकालने की मांग की।
0000
छावनी बना रहा बीएसए परिसर
शिक्षामित्रों के आंदोलन को बीएसए कार्यालय परिसर छावनी बना रहा। सिटी मजिस्ट्रेट अवधेश मिश्रा के साथ ही सीओ सिटी धर्मसिंह मार्छाल, सीओ पूरनपुर अनुराग दर्शन, कोतवाल देशपाल सिंह, गजरौला थाना प्रभारी, नरेंद्र यादव, महिला थाना प्रभारी सुमन सिंधू सहित कई थानों की पुलिस मौजद थी।
00000
आज से होगी भूख हड़ताल
उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षामित्र संघ के जिलाध्यक्ष हरिओम पांडेय ने बताया कि शुक्रवार को सुबह बीएसए कार्यालय में धरने के साथ भूख हड़ताल शुरू की जाएगी।
0000
कर्मचारी परिषद ने दिया धरना
शिक्षामित्रों केे आंदोलन को राज्य संयुक्त कर्मचारी परिषद ने भी अपना समर्थन दिया है। परिषद के जिलाध्यक्ष अरविंद कुमार सक्सेना और मंत्री सतीश कुमार ने धरना स्थल पहुंचकर समर्थन पत्र सौंपा।
शिक्षामित्रों ने असम हाईवे जाम कर किया प्रदर्शन
कोतवाल के समझाने पर माने प्रदर्शनकारी
अमर उजाला ब्यूरो
पूरनपुर। शिक्षामित्रों ने समायोजन निरस्त होने के विरोध में दूसरे दिन आसाम हाईवे के हरदोई ब्रांच नहर पुल पर जाम लगाकर प्रदर्शन किया। इसकी सूचना पर पहुंचे इंस्पेक्टर जयवीर सिंह के समझाने पर शिक्षामित्रों ने जाम खोल दिया। धरना प्रदर्शन और जाम से दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गई।
बृहस्पतिवार को धरना प्रदर्शन को जिला मुख्यालय रवाना हुए शिक्षा मित्रों ने आसाम हाईवे के नगर से दस किलोमीटर दूर हरदोई ब्रांच नहर पर जाम लगाकर प्रदर्शन किया। जाम प्रदर्शन से दोनों ओर वाहनों की लंबी लाइनें लग गई। जाम की सूचना पर इंस्पेक्टर यशवीर सिंह टीम के साथ मौके पहुंचे। इंस्पेक्टर ने प्रदर्शनकारियों को समझाते हुए कहा कि कोई ऐसा काम न करने, जिससे अन्य लोगों को असुविधा और प्रशासन को कार्रवाई करनी हो। इस पर आक्रोशित शिक्षामित्रों ने जाम खोल दिया। शिक्षामित्रों के धरना प्रदर्शन जाम से आसाम हाईवे पर दोनों ओर वाहनों की लंबी लाइनें लग गई। जाम लगाकर प्रदर्शन करने वालों में दिनेश यादव, सर्वेश स्वर्णकार, शबनम बी, नासरा बी, संजय कुमारी, रीता मलिक, जगदीश सिंह, गुरजीत सिंह, राधाकृष्ण कुशवाहा, अफजल खां आदि शिक्षा मित्र थे।
विज्ञापन
सुप्रीम कोर्ट का फैसला आने के बाद जिले के करीब 1600 समायोजित शिक्षक पुन: शिक्षामित्र बन गए हैं। इस फैसले से शिक्षामित्रों में आक्रोश है और बुधवार से वह आंदोलन पर हैं। दूसरे दिन बृहस्पतिवार को भी सुबह बड़ी संख्या में शिक्षामित्र बीएसए कार्यालय पहुंचे और परिसर में धरना दिया। शिक्षामित्र संगठन के पदाधिकारियों ने सुप्रीम कोर्ट का नाम लिया बिना फैसले की जमकर आलोचना की। शिक्षामित्रों का आरोप है कि केंद्र और प्रदेश की भाजपा सरकार शिक्षामित्रों के साथ धोखा कर रही है। इससे पूरे प्रदेश के लाखों शिक्षामित्रों के परिवारों पर ब्रजघात हुआ है। शिक्षामित्रों ने इस बात पर भी हैरानी व्यक्त की कि सुप्रीम कोर्ट के फैसले को दो दिन हो गए, लेकिन अब तक केंद्र अथवा प्रदेश सरकार के किसी भी नेता का कोई बयान तक नहीं आया। उन्होंने मांग की कि संसद में कानून पास कर हम सभी को पुन: बहाल किया जाए। वक्ताओं ने अपना हक पाने के लिए एकजुट रहकर किसी भी स्तर से गुजरने और हर लड़ाई लड़ने का संकल्प लिया।
विज्ञापन
000
बीएसए कार्यालय में तालाबंदी का प्रयास
धरने के दौरान शिक्षामित्रों ने बीएसए कार्यालय में तालाबंदी करने का प्रयास किया, लेकिन पुलिस ने उन्हें खदेड़ दिया। इसको लेकर शिक्षामित्रों की पुलिस से नोकझोंक भी हुई और कुछ देर अफरातफरी भी मची रही।
विज्ञापन
0000
बेहोश हुई शिक्षामित्र
बीएसए कार्यालय में धरना देने पूरे जिले से शिक्षामित्र पहुंचे थे। इसमें पूरनपुर क्षेत्र से आई शिक्षामित्र नासिरा बी बेहोश हो गईं। इस पर पुलिस के सहयोग से उसे जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया।
00000
सिटी मजिस्ट्रेट को सौंपा ज्ञापन
धरने के अंत में शिक्षामित्रों ने वहां मौजूद सिटी मजिस्ट्रेट अवधेश मिश्रा को मुख्यमंत्री के नाम संबोधित ज्ञापन सौंपा। इसमें प्रदेश सरकार से सुप्रीम कोर्ट के फैसले के खिलाफ पुनर्विचार याचिका दायर करने अथवा बीच का रास्ता निकालने की मांग की।
0000
छावनी बना रहा बीएसए परिसर
शिक्षामित्रों के आंदोलन को बीएसए कार्यालय परिसर छावनी बना रहा। सिटी मजिस्ट्रेट अवधेश मिश्रा के साथ ही सीओ सिटी धर्मसिंह मार्छाल, सीओ पूरनपुर अनुराग दर्शन, कोतवाल देशपाल सिंह, गजरौला थाना प्रभारी, नरेंद्र यादव, महिला थाना प्रभारी सुमन सिंधू सहित कई थानों की पुलिस मौजद थी।
00000
आज से होगी भूख हड़ताल
उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षामित्र संघ के जिलाध्यक्ष हरिओम पांडेय ने बताया कि शुक्रवार को सुबह बीएसए कार्यालय में धरने के साथ भूख हड़ताल शुरू की जाएगी।
0000
कर्मचारी परिषद ने दिया धरना
शिक्षामित्रों केे आंदोलन को राज्य संयुक्त कर्मचारी परिषद ने भी अपना समर्थन दिया है। परिषद के जिलाध्यक्ष अरविंद कुमार सक्सेना और मंत्री सतीश कुमार ने धरना स्थल पहुंचकर समर्थन पत्र सौंपा।
शिक्षामित्रों ने असम हाईवे जाम कर किया प्रदर्शन
कोतवाल के समझाने पर माने प्रदर्शनकारी
अमर उजाला ब्यूरो
पूरनपुर। शिक्षामित्रों ने समायोजन निरस्त होने के विरोध में दूसरे दिन आसाम हाईवे के हरदोई ब्रांच नहर पुल पर जाम लगाकर प्रदर्शन किया। इसकी सूचना पर पहुंचे इंस्पेक्टर जयवीर सिंह के समझाने पर शिक्षामित्रों ने जाम खोल दिया। धरना प्रदर्शन और जाम से दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गई।
बृहस्पतिवार को धरना प्रदर्शन को जिला मुख्यालय रवाना हुए शिक्षा मित्रों ने आसाम हाईवे के नगर से दस किलोमीटर दूर हरदोई ब्रांच नहर पर जाम लगाकर प्रदर्शन किया। जाम प्रदर्शन से दोनों ओर वाहनों की लंबी लाइनें लग गई। जाम की सूचना पर इंस्पेक्टर यशवीर सिंह टीम के साथ मौके पहुंचे। इंस्पेक्टर ने प्रदर्शनकारियों को समझाते हुए कहा कि कोई ऐसा काम न करने, जिससे अन्य लोगों को असुविधा और प्रशासन को कार्रवाई करनी हो। इस पर आक्रोशित शिक्षामित्रों ने जाम खोल दिया। शिक्षामित्रों के धरना प्रदर्शन जाम से आसाम हाईवे पर दोनों ओर वाहनों की लंबी लाइनें लग गई। जाम लगाकर प्रदर्शन करने वालों में दिनेश यादव, सर्वेश स्वर्णकार, शबनम बी, नासरा बी, संजय कुमारी, रीता मलिक, जगदीश सिंह, गुरजीत सिंह, राधाकृष्ण कुशवाहा, अफजल खां आदि शिक्षा मित्र थे।