फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Muzaffarnagar News ›   The camera will take in the city

पल-पल पर निगाह रखेगी प्रशासन की तीसरी आंख       

Fri, 13 Jan 2017 12:40 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो/ मुजफ्फरनगर
अमर उजाला ब्यूरो/ मुजफ्फरनगर Updated Fri, 13 Jan 2017 12:40 AM IST
विज्ञापन
The camera will take in the city
कलक्ट्रेट में अधिकारियों की बैठक लेते डीएम। - फोटो : अमर उजाला
जनपद में चुनावी मैदान तैयार हो गया है। सियासी दलों ने भी अपने तीर-कमानों को धार देनी शुरू कर दी है। बढ़ रही चुनावी हलचल तथा शहर की गतिविधियों पर नजर रखने के लिए प्रशासन तीसरी आंख से निगेहबानी करेगा। कलक्ट्रेट में आने वाले प्रत्याशियों के साथ हुजूम पर महावीर चौक से ही नजर रखी जाएगी।       
विज्ञापन


जनपद में 17 जनवरी से कलक्ट्रेट में सभी विधानसभाओं के लिए नामांकन प्रक्रिया शुरू हो जाएगी। नामांकन प्रक्रिया समाप्त होने में दस दिन का वक्त लगेगा। 27 जनवरी को नाम वापसी के बाद प्रशासन चुनावी महारथियों की अंतिम सूची का प्रकाशन करेगा। इसके बाद जनपद और विधानसभाओं में प्रचार, जुबानी वार और वादों-घोषणाएं के पुलिंदे जनता के बीच पहुंचने की जंग शुरू होगी।
विज्ञापन


प्रचार के दौरान नेताओं के साथ भीड़ जुटती है। जिसके चलते कई तरह से अपराधिक गतिविधियां सामने आती है। इस पर नजर रखने के लिए प्रशासन ने बड़े स्तर पर सुरक्षा व्यवस्था का बंदोबस्त रखेगा। कलेक्ट्रेट में फोर्स तैनात होने के साथ महावीर चौक, प्रकाश चौक और कलेक्ट्रेट के भीतर सीसीटीवी कैमरों का इंतजाम किया जा रहा है। ताकि पल-पल को तीसरी आंख में कैद किया जा सके।       
विज्ञापन
विज्ञापन


बाइक रैली की मिलेगी अनुमति      
मुजफ्फरनगर। चुनाव आयोग ने रोड शो के दौरान बाइक रैली को भी हिजाजत दे दी है। लेकिन इसके लिए प्रशासन निर्धारित समय तक ही अनुमति देगा। जबकि एक प्रत्याशी कम से कम 10 बाइक लेकर चल सकता है। इससे अधिक बाइक रखेगा तो सड़क पर दौ मीटर की दूरी के बाद अन्य बाइक चल सकेगी। यह सब यातायात को सुचारु रखने के लिए किया गया है। साथ ही जाम में फंसे रोड शो को भी सयम सीमा में काउंट किया जाएगा।       


प्रचार में बच्चे मिले तो कार्रवाई      
मुजफ्फरनगर। प्रशासन ने साफ किया कि चुनाव आयोग के निर्देश है कि चौदह साल से कम उम्र के बच्चों को प्रचार सामग्री देना या प्रचार में शामिल करना कानूनन जुर्म है। प्रत्याशी के काफिलों, कार्यालयों और रैली की प्रशासन वीडियोग्राफी करेगा। जहां इस नियम का उल्लंघन होता मिला तो कार्रवाई की जाएगी।       
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed