{"_id":"5e78feda8ebc3e774e112187","slug":"ration-distribution-through-alternative-arrangement-khatauli-news-mrt4750547174","type":"story","status":"publish","title_hn":"वैकल्पिक व्यवस्था से हो राशन वितरण","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
वैकल्पिक व्यवस्था से हो राशन वितरण
विज्ञापन
सर्तकता के चलते मास्क लगाकर जाते वाहन सवार।
- फोटो : MUZAFFARNAGAR
वैकल्पिक व्यवस्था से हो राशन वितरण
खतौली। कोरोना वायरस के भय से राशन डीलरों ने भी बायोमैट्रिक सत्यापन प्रणाली का विरोध करते हुए राशन न वितरण करने का फैसला लिया है। उन्होंने एसडीएम को ज्ञापन देकर वैकल्पिक व्यवस्था अपनाए जाने की मांग की है।
राशन डीलर एसोशिएसन के अध्यक्ष अमित कुमार के नेतृत्व में राशन डीलर तहसील पहुंचे। उन्होंने कोरोना वायरस के द्वारा चारों ओर फैल रही बीमारी के मद्देनजर बायोमैट्रिक सत्यापन प्रणाली से राशन वितरण न किए जाने का फैसला लिया है। राशन डीलरों का कहना है कि कोरोना वायरस का संक्रमण छूने से तेजी से फैलता है। इससे बचाव ही एक मात्र सही रहने का तरीका है। पूरे देश के कई राज्यों में लॉकडाउन की स्थिति है। जनता कर्फ्यू भी लगाया गया जा चुका है। ऐसी स्थिति में एक साथ काफी संख्या मेें उपभोक्ताओं को बुलाकर राशन वितरण बायोमैट्रिक सत्यापन से कराया जाए, तो यह किसी बड़े खतरे से कम नहीं होगा। ऐसी स्थिति में उन्होंने एसडीएम से बायोमैट्रिक प्रणाली के बजाय वैकल्पिक व्यवस्था द्वारा राशन वितरण की मांग की है। ज्ञापन देने वालों में रोशन, इकबाल, नितिन कुमार, कृष्णपाल, कर्णसिंह, अनिल, सुमित्रा देवी, सादिया, बिजेंद्र आदि शामिल थे।
विज्ञापन
खतौली। कोरोना वायरस के भय से राशन डीलरों ने भी बायोमैट्रिक सत्यापन प्रणाली का विरोध करते हुए राशन न वितरण करने का फैसला लिया है। उन्होंने एसडीएम को ज्ञापन देकर वैकल्पिक व्यवस्था अपनाए जाने की मांग की है।
राशन डीलर एसोशिएसन के अध्यक्ष अमित कुमार के नेतृत्व में राशन डीलर तहसील पहुंचे। उन्होंने कोरोना वायरस के द्वारा चारों ओर फैल रही बीमारी के मद्देनजर बायोमैट्रिक सत्यापन प्रणाली से राशन वितरण न किए जाने का फैसला लिया है। राशन डीलरों का कहना है कि कोरोना वायरस का संक्रमण छूने से तेजी से फैलता है। इससे बचाव ही एक मात्र सही रहने का तरीका है। पूरे देश के कई राज्यों में लॉकडाउन की स्थिति है। जनता कर्फ्यू भी लगाया गया जा चुका है। ऐसी स्थिति में एक साथ काफी संख्या मेें उपभोक्ताओं को बुलाकर राशन वितरण बायोमैट्रिक सत्यापन से कराया जाए, तो यह किसी बड़े खतरे से कम नहीं होगा। ऐसी स्थिति में उन्होंने एसडीएम से बायोमैट्रिक प्रणाली के बजाय वैकल्पिक व्यवस्था द्वारा राशन वितरण की मांग की है। ज्ञापन देने वालों में रोशन, इकबाल, नितिन कुमार, कृष्णपाल, कर्णसिंह, अनिल, सुमित्रा देवी, सादिया, बिजेंद्र आदि शामिल थे।
विज्ञापन