फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Muzaffarnagar News ›   Banks scramble for the notes

बैंकों पर रही नोटों के लिए मारामारी  

Fri, 11 Nov 2016 01:04 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो/ मुजफ्फरनगर
अमर उजाला ब्यूरो/ मुजफ्फरनगर Updated Fri, 11 Nov 2016 01:04 AM IST
विज्ञापन
Banks scramble for the notes
बैंक में नोट बदलने के लिए भीड़। - फोटो : अमर उजाला
केंद्र सरकार की 500 और 1000 रुपये के नोट बंद किए जाने की हलचल के बाद बृहस्पतिवार को बैंक खुले तो नोट बदलने के लिए लोगों की भीड़ उमड़ पड़ी। सुबह आठ बजे से ही शहर और कस्बों के बैंकों में लाइनें लग गई थीं। एसबीआई और पीएनबी की शाखाओं पर देर शाम तक उपभोक्ता सौ के नोट पाने के लिए जुटे रहे। नई करेंसी के 500 और 2000 के नोट नहीं मिल पाने की मायूसी रही।       
विज्ञापन


प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की घोषणा के मुताबिक लोगों ने 500 और 1000 के नोट बदलने के लिए सुबह से ही बैंक की शाखाओं पर पहुंचना शुरू कर दिया। रेलवे रोड स्थित एसबीआई की मुख्य ब्रांच, पीएनबी की नईमंडी ब्रांच सहित शहर में सभी राष्ट्रीयकृत बैंकों में भारी भीड़ रही। छोटे और लघु बैंकों में उपभोक्ताओं को दोपहर तक ही सौ रुपये के नोट मिल पाए। प्रति व्यक्ति दो हजार से चार हजार रुपए तक के नोट दिए गए।
विज्ञापन


सहकारी बैंकों में ग्राहकों को बदले में दो हजार रुपए का भुगतान हुआ। बैंकों में सुबह आठ बजे से स्टाफ मुस्तैद नजर आया। व्यवस्था के लिए बैंकों ने कई काउंटर बनाए। केंद्र सरकार के नियमों के मुताबिक पहचान पत्र और फार्म की पूर्ति कर 500 और 1000 के नोट बदले गए। भीड़ के कारण बैंकों के बाहर दुपहिया वाहन और कारों का जमावडा लग गया। बैंक के सुरक्षाकर्मियों को कड़ी मशक्कत करनी पड़ी। बैंकों में नोट बदलने के लिए महिला उपभोक्ताओं की भी भारी तादाद रही। बड़े बैंकों में अधिकारियों ने ग्राहकों के हिसाब से 100-100 की गड्डियों का अपनी शाखाओं में प्रबंध रखा।
विज्ञापन
विज्ञापन


निजी बैंकों एचडीएफसी, एक्सिस और आईसीआईसीआई की शहर शाखाओं में भी ग्राहकों की कतारें लगी। कैश जमा कराने के लिए औद्योगिक प्रतिष्ठानों, व्यापारी वर्ग और बड़े फुटकर दुकानदारों में बेचैनी रही। आयरन, पेपर, मेडिसन इंडस्ट्री का जिले में बड़ा कारोबार है। एसडी कॉलेज मार्केट, मौलाहेडी मार्केट, दालमंडी, नवीन मंडी स्थल से जुड़ी बैंक शाखाओं में व्यापारियों ने खातों में बंद किए गए नोट जमा कराए। थोक डिस्ट्रीब्यूटर और बड़ी कंपनियों के सीएंडएफ में भी भुगतान जमा कराने को लेकर माथा-पच्ची रही। वरिष्ठ नागरिकों को नोट बदलने की प्रक्रिया में दिक्कतें आई।       

बाजार में नहीं दिखा 500, 1000 का नोट      
मुजफ्फरनगर। बाजार में 500 और 1000 का नोट एकदम गायब दिखा। लेन-देन में केवल 100, 50 और 10 के नोट ही नजर आए। 20 का नोट भी कम दिखाई दिया। दस के खुले सिक्के भी खूब चले। घरों में रखे हुए 500 और 1000 के नोट भी जैसे-तैसे चलाने के लिए होड़ लगी रही। लोगों ने केंद्र सरकार के एक दिन बैंक और एटीम बंद रखने के फैसले की प्रशंसा की। नागरिकों दिनेश गौतम, आदित्य देव, देवव्रत भारद्वाज, निखिल जैन ने कहा कि बैंक एक दिन बंद होने से आज अफरा-तफरी नहीं रही। बैंकों में दिनभर शांति से नोट बदले गए। उधर, पेट्रोल पंपों, रेलवे स्टेशन, रोडवेज बस स्टैंड और नर्सिंगहोमों में 500 और 1000 के नोट स्वीकार किए गए।       

पर्स में नहीं दिखे बड़े नोट      
मुजफ्फरनगर। बड़े नोट पर विराम लगने के बाद लोगों के पर्स में गिने चुने 100-100 के नोट ही दिखे। एक-दूसरे से छोटे नोट मांगकर खर्चे पूरे किए गए। बाजार के लिए घरों से निकले लोग भी जरूरत का सामान लेकर ही लौट गए। शहर के पब्लिक स्कूलों में फीस भुगतान के लिए बड़े नोट नहीं लिए जाने के कारण अभिभावकों को दिक्कतें आई। नोटों की किल्लत से सरकारी कर्मचारियों को गुजरना पड़ा। जिले में दूरदराज पहुंचने वाले अध्यापकों, स्वास्थ्यकर्मियों और अन्य विभाग के कर्मचारियों को छोटे नोट जुटाकर सफर तय करना पड़ा।       

आज से खुलेंगे एटीएम      
मुजफ्फरनगर। दो दिन बंद रहने के बाद शुक्रवार से एटीएम खुलेंगे। एटीएम में ग्राहकों को केवल दो हजार रुपये की नकदी ही प्राप्त हो सकती है। केंद्र सरकार ने 1000 और 500 के नोट को बंद करने की घोषणा के बाद दो दिन के लिए एटीएम भी बंद कर दिए थे। एटीएम खुलने से बैंकों में कुछ राहत मिलेगी।       

पालिका और विद्युत विभाग लेगा नोट      
मुजफ्फरनगर। पालिका का गृहकर और बिजली विभाग का बिल जमा करने के लिए 500 और 1000 का नोट स्वीकार किया जाएगा। नगरपालिका परिषद के ईओ अजीत सिंह ने बताया कि उपभोक्ता सुबह दस बजे से शुक्रवार को रात्रि 12 बजे तक पैसा जमा करा सकता है। जिन लोगों पर लाखों बकाया है, वह भी इस योजना का लाभ 500 और 1000 के नोट जमा कर उठा सकते हैं। बिजली विभाग के अधिशासी अभियंता केएस पुरी ने बताया कि उनके भी सभी काउंटरों पर रात्रि 12 बजे तक बिल जमा किया जा सकता है। इसके बाद प्रतिबंधित नोट नहीं लिए जा सकेंगे।       


गोल्ड में की गई नोटों की खपत
मुजफ्फरनगर। कालेधन पर पीएम नरेंद्र मोदी की सर्जिकल स्ट्राइक के बाद 500 और 1000 के नोटों को गोल्ड में इन्वेस्ट करने की होड़ मची है। सर्राफा बाजार के मुताबिक केंद्र सरकार के नोटों को बंद करने के ऐलान के बाद सोने के भाव में 4000 रुपये प्रति ग्राम से ज्यादा का उछाल आ गया है। शादी, प्रॉपर्टी और बिजनेस इन्वेस्टमेंट के लिए जमा की गई बड़ी रकम को सोने की खरीद में लगाया जा रहा है। मेरठ, दिल्ली, गाजियाबाद और देहरादून के बड़े सर्राफा कारोबारियों के यहां जिले के सैकड़ों लोगों ने गोल्ड की खरीद की है। 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed