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महिलाओं ने उठाई शौचालय की मांग
Updated Thu, 03 Aug 2017 12:50 AM IST
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महिलाओं ने उठाई शौचालय की मांग
रोहाना। क्षेत्र के ग्राम बधाई खुर्द में पंचायत घर पर ग्रामीणों की पंचायत हुई। जिसमें गांव की महिलाओं ने प्रधानमंत्री स्वच्छता मिशन के तहत सुलभ शौचालय बनाए जाने ने की मांग उठाई है।
क्षेत्र के ग्राम बधाई खुर्द में पंचायत घर पर आयोजित पंचायत में गांव की महिलाओं ने प्रधानमंत्री स्वच्छता मिशन के तहत गांव में शौचालय बनवाने की मांग रखी। उर्मिला, राजवीरी, मनीषा, ओमवती, सोहनबीरी, अंगूरी, बाला आदि महिलाओं का कहना था कि शौचालय बनवाने में विभागीय अधिकारी कोई दिलचस्पी नहीं ले रहे हैं। इसके अलावा विधवा पेंशन, राशन का गेहूं, चावल, गैस चूल्हा नहीं मिलने पर अधिकारियों पर उपेक्षा करने के आरोप लगाए। आरोप लगाया कि गांव में रोडवेज की बस की सुविधा न होने के कारण दिक्कतें हो रही हैं। डीलर गेहूं, चावल, तेल ब्लैक में बेच रहा है। इसमें पूर्ति विभाग के अधिकारियों की मिलीभगत है। इसके अलावा पंचायत में मौजूद गांव के अन्य लोगों ने आरोप लगाया कि क्षेत्रीय सांसद ने विकास के लिए घोषणाएं की थी, लेकिन अभी तक कोई विकास कार्य नहीं हुआ। ग्रामीणों ने बताया कि दो वर्ष में देवबंद मिल से आ रहे दूषित पानी के कारण 38 लोगों की मौत हो चुकी है। इस मामले की भी जांच कराने की मांग की गई। पंचायत का नेतृत्व अवधेश ने किया। गांव के महक सिंह, साहब लाल, सुखबीर, चमन सिंह, राजेन्द्र, अनुज, सुरेंद्र, राजसिंह, राजकुमार, लोकेंद्र ने भी गांव की समस्याएं उठाईं।
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रोहाना। क्षेत्र के ग्राम बधाई खुर्द में पंचायत घर पर ग्रामीणों की पंचायत हुई। जिसमें गांव की महिलाओं ने प्रधानमंत्री स्वच्छता मिशन के तहत सुलभ शौचालय बनाए जाने ने की मांग उठाई है।
क्षेत्र के ग्राम बधाई खुर्द में पंचायत घर पर आयोजित पंचायत में गांव की महिलाओं ने प्रधानमंत्री स्वच्छता मिशन के तहत गांव में शौचालय बनवाने की मांग रखी। उर्मिला, राजवीरी, मनीषा, ओमवती, सोहनबीरी, अंगूरी, बाला आदि महिलाओं का कहना था कि शौचालय बनवाने में विभागीय अधिकारी कोई दिलचस्पी नहीं ले रहे हैं। इसके अलावा विधवा पेंशन, राशन का गेहूं, चावल, गैस चूल्हा नहीं मिलने पर अधिकारियों पर उपेक्षा करने के आरोप लगाए। आरोप लगाया कि गांव में रोडवेज की बस की सुविधा न होने के कारण दिक्कतें हो रही हैं। डीलर गेहूं, चावल, तेल ब्लैक में बेच रहा है। इसमें पूर्ति विभाग के अधिकारियों की मिलीभगत है। इसके अलावा पंचायत में मौजूद गांव के अन्य लोगों ने आरोप लगाया कि क्षेत्रीय सांसद ने विकास के लिए घोषणाएं की थी, लेकिन अभी तक कोई विकास कार्य नहीं हुआ। ग्रामीणों ने बताया कि दो वर्ष में देवबंद मिल से आ रहे दूषित पानी के कारण 38 लोगों की मौत हो चुकी है। इस मामले की भी जांच कराने की मांग की गई। पंचायत का नेतृत्व अवधेश ने किया। गांव के महक सिंह, साहब लाल, सुखबीर, चमन सिंह, राजेन्द्र, अनुज, सुरेंद्र, राजसिंह, राजकुमार, लोकेंद्र ने भी गांव की समस्याएं उठाईं।
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