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योग एक सम्पूर्ण स्वास्थ्य क्रिया: डॉ रेड्डी
Updated Mon, 25 Jun 2018 01:00 AM IST
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मुजफ्फरनगर। जिला कृषि एवं औद्योगिक प्रदर्शनी एवं आयुष विभाग तथा भारतीय योग प्राकृतिक चिकित्सा संस्थान के निर्देशन में आयोजित योग सेमीनार में निरोगी जीवन के लिए योग चिकित्सा पद्धति को अपनाने का आह्वान किया गया। मोरारजी योग संस्थान दिल्ली के निदेशक डॉ. ईश्वर वी बसवारेड्डी ने कहा कि योग एक संपूर्ण स्वास्थ्य क्रिया है।
नुमाइश पंडाल में सेमीनार का शुभारंभ डॉ एमके तनेजा ने शंख ध्वनि से किया। योग विशेषज्ञ डॉ ईश्वर वी बसवारेड्डी ने कहा कि योग विद्या से समस्त रोगों से बचाव संभव है। प्रत्येक चिकित्सा प्रणाली श्रेष्ठ है और उसके अलग-अलग लाभ है। योग को जीवन का अभिन्न अंग बनाए। गोरखपुर से आए डॉ विमल मोदी ने कहा कि अंकुरित और समय बद्ध आहार को जीवन में प्राथमिकता दें। फल तथा स्लाद से भी निरोगी रह सकते है। कानपुर के डॉ. ओपी आनंद ने योग से समाधि के संदर्भ में व्याख्या की। डॉ. एमके तनेजा ने प्राणायाम पर विशेष चर्चा की। हवा में 21 प्रतिशत ऑक्सीजन है, जिसमें से केवल 1.25 प्रतिशत तक ही कोशिका स्तर पर लाभ मिलते है। लंबी गहरी सांस से स्वस्थ जीवन मिलता है। भ्रामरी योग से हृदय रोग से बचाव संभव है। डीएम राजीव शर्मा ने योग विशेषज्ञों को समाज में अधिक जागरुकता के लिए प्रोत्साहित किया। दिल्ली की योग शिक्षिका डॉ. मीनाक्षी, पटना के स्वामी मंगल तीर्थम, जिला आयुर्वेदिक एवं यूनानी क्षेत्रीय अधिकारी डॉ आशा बजाज ने भी विचार रखे। राजेश शर्मा, मनोज पाल, धीरज पालीवाल, नूपुर, सचिन, भावना, राहुल सैनी, संजय राठी, असीम बजाज मौजूद रहे।
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नुमाइश पंडाल में सेमीनार का शुभारंभ डॉ एमके तनेजा ने शंख ध्वनि से किया। योग विशेषज्ञ डॉ ईश्वर वी बसवारेड्डी ने कहा कि योग विद्या से समस्त रोगों से बचाव संभव है। प्रत्येक चिकित्सा प्रणाली श्रेष्ठ है और उसके अलग-अलग लाभ है। योग को जीवन का अभिन्न अंग बनाए। गोरखपुर से आए डॉ विमल मोदी ने कहा कि अंकुरित और समय बद्ध आहार को जीवन में प्राथमिकता दें। फल तथा स्लाद से भी निरोगी रह सकते है। कानपुर के डॉ. ओपी आनंद ने योग से समाधि के संदर्भ में व्याख्या की। डॉ. एमके तनेजा ने प्राणायाम पर विशेष चर्चा की। हवा में 21 प्रतिशत ऑक्सीजन है, जिसमें से केवल 1.25 प्रतिशत तक ही कोशिका स्तर पर लाभ मिलते है। लंबी गहरी सांस से स्वस्थ जीवन मिलता है। भ्रामरी योग से हृदय रोग से बचाव संभव है। डीएम राजीव शर्मा ने योग विशेषज्ञों को समाज में अधिक जागरुकता के लिए प्रोत्साहित किया। दिल्ली की योग शिक्षिका डॉ. मीनाक्षी, पटना के स्वामी मंगल तीर्थम, जिला आयुर्वेदिक एवं यूनानी क्षेत्रीय अधिकारी डॉ आशा बजाज ने भी विचार रखे। राजेश शर्मा, मनोज पाल, धीरज पालीवाल, नूपुर, सचिन, भावना, राहुल सैनी, संजय राठी, असीम बजाज मौजूद रहे।
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