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कैसी नो इंट्री ! जब कांवड़ियों के बीच बसों की इंट्री
ब्यूरो/अमर उजाला/मुरादाबाद
Updated Fri, 24 Feb 2017 02:35 AM IST
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नो इंट्री
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अमरोहा में गुरुवार तड़के कांवड़ियों के वाहन को दूध के टैंकर ने टक्कर मार दी। हादसे में दो महिला समेत चार की मौत हो गई। जबकि बीस लोग घायल हो गई। इस दर्दनाक हादसे के बाद भी मुरादाबाद पुलिस की नींद नहीं टूटी। गुरुवार को कांठ रोड और दिल्ली रोड पर रोडवेज की बसें और भारी वाहन दौड़ते रहे।
जबकि कांवड़ियों के जत्थों को निकालने में दिक्कत होती रही। कांवड़ यात्रा को देखते हुए कई दिन पहले ही रूट प्लान तय कर दिया गया था। 21 फरवरी से शहर में रोडवेज बसें और भारी वाहनों की नो एंट्री कर दी गई थी। इन वाहनों के लिए रूट डायवर्ट कर दिया गया था।
लेकिन दिल्ली रोड और कांठ रोड पर रोडवेज की बसें व भारी वाहन दौड़ते रहे। जबकि शहर के चारों तरफ रूट डायवर्ट कराने के लिए फोर्स तैनात किया गया था। इसके बावजूद शहर में भारी वाहन दौड़ रहे हैं।
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गुरुवार को कांठ रोड पर पीलीकोठी चौराहे पर रोडवेज बस को रोक कर चालक और परिचालक ने सवारियां बैठाई। जिससे कांवड़िये के जत्थे को निकलने में दिक्कतें हुईं और काफी देर तक जत्था रुका रहा। चौराहे पर खड़े पुलिस कर्मी इस दौरान तमाशाई बने रहे। शहर में बाकी चौराहों पर भी हालात कुछ ऐसे ही हैं।
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जबकि कांवड़ियों के जत्थों को निकालने में दिक्कत होती रही। कांवड़ यात्रा को देखते हुए कई दिन पहले ही रूट प्लान तय कर दिया गया था। 21 फरवरी से शहर में रोडवेज बसें और भारी वाहनों की नो एंट्री कर दी गई थी। इन वाहनों के लिए रूट डायवर्ट कर दिया गया था।
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लेकिन दिल्ली रोड और कांठ रोड पर रोडवेज की बसें व भारी वाहन दौड़ते रहे। जबकि शहर के चारों तरफ रूट डायवर्ट कराने के लिए फोर्स तैनात किया गया था। इसके बावजूद शहर में भारी वाहन दौड़ रहे हैं।
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गुरुवार को कांठ रोड पर पीलीकोठी चौराहे पर रोडवेज बस को रोक कर चालक और परिचालक ने सवारियां बैठाई। जिससे कांवड़िये के जत्थे को निकलने में दिक्कतें हुईं और काफी देर तक जत्था रुका रहा। चौराहे पर खड़े पुलिस कर्मी इस दौरान तमाशाई बने रहे। शहर में बाकी चौराहों पर भी हालात कुछ ऐसे ही हैं।