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जिला पंचायत सदस्य के चुनाव में हुआ उलटफेर

Wed, 05 May 2021 12:55 AM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Wed, 05 May 2021 12:55 AM IST
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Violence in election of district panchayat member
मिर्जापुर। इस बार के त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव में काफी बदलाव नजर आया। बड़े- बड़े कद्दावर नेता चुनाव हार गए तो कई सामान्य लोग जिला पंचायत सदस्य का चुनाव जीत गए। यहां तक कि प्रदेश के एससी एसटी आयोग के उपाध्यक्ष मनीराम कोल अपने ही पार्टी के बागी उम्मीदवार से हार कर तीसरे स्थान पर पहुंच गए।
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हलिया के वार्ड चार से पहले भाजपा ने राम सागर कोल को टिकट दिया था लेकिन बाद में उत्तर प्रदेश एससी एसटी आयोग के उपाध्यक्ष व भाजपा नेता मनीराम कोल को मैदान में उतार दिया। इससे नाराज होकर रामसागर कोल निर्दल मैदान में आ गए और चुनाव जीत गए। इसी प्रकार सपा जिलाध्यक्ष के पुत्र अखिलेश चौधरी इसी जगह चौथे स्थान पर रहे। सपा के पूर्व जिला अध्यक्ष शिवशंकर सिंह यादव के पुत्र और सपा के जिला उपाध्यक्ष संजय यादव जमालपुर वार्ड तीन से जीत गए। बीजेपी जिलाध्यक्ष बृजभूषण सिंह अपने गृह क्षेत्र की जिला पंचायत सदस्य की सीट पार्टी प्रत्याशी को नहीं जीता पाए। इसी प्रकार बसपा प्रत्याशी सिटी के वार्ड संख्या चार में पूर्व एमएलसी विनीत सिंह समर्थित राजू जीत गए। शहीद रवि सिंह की मां भाजपा समर्थित रेखा देवी को निर्दलीय प्रत्याशी शुक्ला देवी ने हरा दिया। वहीं अपना दल एस की प्रत्याशी व छानबे विधायक राहुल प्रकाश कोल की पत्नी रिंकी देवी ने राजगढ़ के वार्ड तीन से जीत हासिल की। अपना दल एस ने राजगढ़ ब्लॉक में चार सीट में से तीन पर कब्जा किया। पूर्व प्रमुख जयसिंह अपना चुनाव हार गए।
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कृष्ण ने बचाई चौधरी परिवार की लाज
मिर्जापुर। जिले की राजनीति में अच्छा खासा दखल देने वाले चौधरी परिवार को इस बार जनता ने नकार दिया लेकिन कृष्ण की तरह पूर्व विधायक भगवती प्रसाद चौधरी के पुत्र कृष्ण गोपाल चौधरी ने लालगंज एक से जिला पंचायत सदस्य की सीट जीतकर परिवार की लाज बचा ली। तीनों भाईयों के पुत्र व पत्नियों ने जिला पंचायत सदस्य का चुनाव लड़ा लेकिन अन्य कोई भी जीत नहीं हासिल कर सका। पूर्व विधायक भगवती प्रसाद चौधरी के पुत्र कृष्ण गोपाल चौधरी लालगंज एक से कांग्रेस समर्थित जिला पंचायत सदस्य पद के उम्मीदवार थे। उनकी राह में भी काफी रोड़े आए लेकिन अंतत: वह जीत गए। कांग्रेस जिलाध्यक्ष शिव कुमार सिंह पटेल का आरोप है कि उनको हराने का काफी प्रयास किय गया था। इसी प्रकार एक अन्य भाई दुर्गा प्रसाद चौधरी की पत्नी मीना चौधरी लालगंज तीन से कांग्रेस की जिला पंचायत पद की प्रत्याशी थी। वह भी हार गई। सबसे बड़ा धक्का तीसरे भाई व सपा के जिलाध्यक्ष देवी प्रसाद चौध्ररी को लगा। उनकी पत्नी उर्मिला चौधरी हलिया वार्ड दो में राकेश कुमार पुंज से 14 सौ 66 मतों से हार गई। इसी प्रकार उनका पुत्र अखिलेश चौधरी भी हलिया से ही जिला पंचायत सदस्य का चुनाव हार गए।
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