{"_id":"5f6a3f2d8ebc3e0d8f0232f8","slug":"government-inquiry-positive-private-investigation-negative-mirzapur-news-vns5487520153","type":"story","status":"publish","title_hn":"सरकारी जांच पाजिटिव, प्राइवेट जांच निगेटिव","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सरकारी जांच पाजिटिव, प्राइवेट जांच निगेटिव
विज्ञापन
मिर्जापुर। कोरोना को लेकर लोगों में डर बना हुआ है, इस बीच ऐसा मामला सामने आया है जो स्वास्थ्य विभाग के कार्यो पर उंगली खड़ा कर रहा है। मंडलीय अस्पताल में कोरोना की जांच कराने पर दो दिन बार रिपोर्ट पाजिटिव आई। रिपोर्ट आने पर युवक कांग्रेस के प्रदेश महासचिव व एनएसयूआई के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष सतीश मिश्रा ने वाराणसी में प्राइवेट लैब में जांच कराया तो निगेटिव रिपोर्ट आई। सतीश मिश्रा फिलहाल क्वारंटीन होकर स्वास्थ्य विभाग पर फर्जी रिपोर्ट बनाकर लोगों की जिंदगी से खेलवाड़ करने का आरोप लगाया है।
सतीश मिश्रा आरोप लगाया कि मिर्जापुर स्वास्थ विभाग पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए बताया कि उन्हें दर्शन करने के लिए कहीं बाहर जाना था। इसके लिए 18 सितंबर को मिर्जापुर मंडलीय अस्पताल जाकर आरटीपीसीआर मशीन से अपनी कोरोना की जांच कराया। इस दौरान वह 20 सितंबर को वाराणसी में थे तो उनको सीएमओ कार्यालय से फोन द्वारा सूचना मिली कि उनकी रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। इसके बाद वाराणसी के एक निजी अस्पताल में जाकर कोरोना जांच कराया। इसके बाद क्वारंटीन हो गया । सतीश मिश्रा ने इसे बड़ी लापरवाही करार देते हुए बताया कि व्यक्ति कोरोना से मरे ना मरे लेकिन स्वास्थ विभाग इस प्रकार की लापरवाही से वह और उसके परिवार में मौजूद गंभीर रोगी पर इसका असर पड़ सकता है। प्रभारी सीएमओ डा. आरएस राम ने बताया कि मंडलीय अस्पताल में आरटीपीसीआर से जांच कराने पर रिपोर्ट पाजिटिव आई थी। उनकी दूसरी जांच रिपोर्ट की जांच करने के बाद ही कुछ कहा जा सकता है।
विज्ञापन
सतीश मिश्रा आरोप लगाया कि मिर्जापुर स्वास्थ विभाग पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए बताया कि उन्हें दर्शन करने के लिए कहीं बाहर जाना था। इसके लिए 18 सितंबर को मिर्जापुर मंडलीय अस्पताल जाकर आरटीपीसीआर मशीन से अपनी कोरोना की जांच कराया। इस दौरान वह 20 सितंबर को वाराणसी में थे तो उनको सीएमओ कार्यालय से फोन द्वारा सूचना मिली कि उनकी रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। इसके बाद वाराणसी के एक निजी अस्पताल में जाकर कोरोना जांच कराया। इसके बाद क्वारंटीन हो गया । सतीश मिश्रा ने इसे बड़ी लापरवाही करार देते हुए बताया कि व्यक्ति कोरोना से मरे ना मरे लेकिन स्वास्थ विभाग इस प्रकार की लापरवाही से वह और उसके परिवार में मौजूद गंभीर रोगी पर इसका असर पड़ सकता है। प्रभारी सीएमओ डा. आरएस राम ने बताया कि मंडलीय अस्पताल में आरटीपीसीआर से जांच कराने पर रिपोर्ट पाजिटिव आई थी। उनकी दूसरी जांच रिपोर्ट की जांच करने के बाद ही कुछ कहा जा सकता है।
विज्ञापन