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सर्द हवाओं ने कंपाया अलाव बने सहारा
ब्यूरो, अमर उजाला, मिर्जापुर
Updated Tue, 13 Jan 2015 01:14 AM IST
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कड़ाके की पड़ रही सर्दी के सितम से विंध्यधरा वासी कांप रहे हैं। हाड़कपाऊ ठंड पिछले सभी रिकार्ड को तोड़ने को मचल रही है। सोमवार को बारहवें दिन भी गलन ने लोगाें की दिनचर्या प्रभावित कर दिया।
शीतलहर और बर्फीली हवाओं के झोंकों से लोग ठिठुरते नजर आए। गलन-ठिठुरन में अलाव ही लोगाें का एकमात्र सहारा बना हुआ है।सोमवार को दिन भर सूर्यदेव के दर्शन न देने से गलन-ठिठुरन बरकरार रही।
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कड़ाके की पड़ रही सर्दी से जहां एक ओर सरकारी व गैर सरकारी दफ्तराें में लोग समय से नहीं पहुंच पाए, वहीं शीतलहर के चलते लोगाें को ठंड से ठिठुरना पड़ा।
नववर्ष के प्रथम दिन से ही पड़ रही सर्दी के कारण लोगों के कामकाज काफी प्रभावित हो रहे हैं। सर्द हवाओं के चलने से अधिकांश लोग अपने घराें में ही दुबके रहे।
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शीतलहर के चलते सबसे ज्यादा परेशानी बच्चाें और बुजुर्गों को हो रही है। जरूरी कार्यवश घराें से निकलने वाले लोग अपने पूरे शरीर को गर्म परिधानों से ढंके हुए थे। ठंड से राहत के लिए पालिका प्रशासन द्वारा
पर्याप्त अलाव जलवाने की व्यवस्था नहीं की गई है, जिसके कारण लोगों को ठंड से राहत नहीं मिल पा रही है। प्राइवेट स्तर पर जगह-जगह लोग अलाव जलवा कर तापते नजर आए। मकर संक्रांति पर्व के मद्देनजर प्रमुख बाजारों में
रौनक बनी रही, लेकिन सांयकाल होते ही कई प्रमुख बाजाराें, सड़काें, कालोनियों और मुहल्लों में चहुंओर सन्नाटा पसरा रहा। वहीं मिर्जापुर और विंध्याचल रेलवे स्टेशन सहित सरकारी और प्राइवेट बस स्टैंड पर यात्रियाें की संख्या उतनी नहीं दिखी, जितनी अन्य दिनों में दिखाई दे रही थी।