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दसवीं बार आई सीबीआई
ब्यूरो/ अमर उजाला/ मिर्जापुर
Updated Tue, 21 Feb 2017 12:30 AM IST
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नौ सदस्यीय सीबीआई टीम ने सारा हत्याकांड की जांच शुरू कर दी है। टीम नेघटनास्थल का निरीक्षण किया।
- फोटो : अमर उजाला ब्यूराे
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जिले में मनरेगा कार्यों में अनियमितता की जांच करने सीबीआई 20 फरवरी को 10वीं बार डिप्टी एसपी प्रशांत श्रीवास्तव के नेतृत्व में पहुंची। सीबीआई वर्ष 2007 से 2010 के बीच मनरेगा में जिले के हलिया, पटेहरा, सीखड़ और पहाड़ी विकास खंड में कराए गए कार्यों में घोटाले की जांच कर रही है। सीबीआई आने की सूचना मिलने पर विभाग कागजातों को दुरस्त करने में जुट गया है।
सीबीआई टीम मंगलवार को डिप्टी एसपी प्रशांत कुमार श्रीवास्तव के नेतृत्व में 10वीं बार जिले में पहुंची। सीबीआई के जिले में आने की सूचना से प्रशासनिक अमले में हलचल बढ़ गई है। जिला मुख्यालय और हलिया ब्लॉक में अधिकारी और कर्मचारी जांच के लिए तैयारियों को करने में जुटे रहे। बता दें कि उच्च न्यायालय के लखनऊ खंडपीठ के दो न्यायाधीशों की बैच ने 31 जनवरी को मनरेगा योजना में वर्ष 2007 से 2010 तक हुए कार्यों की जांच सीबीआई से कराने का आदेश दिया था। उच्च न्यायालय के आदेश पर मनरेगा कार्यों की जांच चल रही है। इसके पहले स्पेशल क्राइम ब्रांच के इंस्पेक्टर अशरफ सिद्दकी के नेतृत्व में तीन सदस्यीय टीम जनपद में आकर जांच कर चुकी है।
हलिया ब्लॉक में भी मनरेगा के तहत कार्यों को कराने में काफी अनियमितता बरती गई है। सीबीआई हलिया ब्लॉक में हुए पौने चार करोड़ रुपये के घोटाले से संबंधित फाइलों को खंगाल रही है। सीबीआई वर्ष 2012 में हलिया थाने में 54 मुकदमें दर्ज करा चुकी है। सीबीआई के आने से घोटाले में लिप्त लोगों में बेचैनी बढ़ गई है।
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सीबीआई टीम मंगलवार को डिप्टी एसपी प्रशांत कुमार श्रीवास्तव के नेतृत्व में 10वीं बार जिले में पहुंची। सीबीआई के जिले में आने की सूचना से प्रशासनिक अमले में हलचल बढ़ गई है। जिला मुख्यालय और हलिया ब्लॉक में अधिकारी और कर्मचारी जांच के लिए तैयारियों को करने में जुटे रहे। बता दें कि उच्च न्यायालय के लखनऊ खंडपीठ के दो न्यायाधीशों की बैच ने 31 जनवरी को मनरेगा योजना में वर्ष 2007 से 2010 तक हुए कार्यों की जांच सीबीआई से कराने का आदेश दिया था। उच्च न्यायालय के आदेश पर मनरेगा कार्यों की जांच चल रही है। इसके पहले स्पेशल क्राइम ब्रांच के इंस्पेक्टर अशरफ सिद्दकी के नेतृत्व में तीन सदस्यीय टीम जनपद में आकर जांच कर चुकी है।
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हलिया ब्लॉक में भी मनरेगा के तहत कार्यों को कराने में काफी अनियमितता बरती गई है। सीबीआई हलिया ब्लॉक में हुए पौने चार करोड़ रुपये के घोटाले से संबंधित फाइलों को खंगाल रही है। सीबीआई वर्ष 2012 में हलिया थाने में 54 मुकदमें दर्ज करा चुकी है। सीबीआई के आने से घोटाले में लिप्त लोगों में बेचैनी बढ़ गई है।
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