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ख्वाजा स्माइल चिश्ती के सालाना उर्स में उमड़े जायरीन
Updated Sun, 25 Mar 2018 11:48 PM IST
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उर्स के मौके पर चादर चढ़ाते अकीदतमंद
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मिर्जापुर। विन्ध्याचल रोड स्थित ख्वाजा स्माइल चिश्ती रहमतुल्ला अलैह का सालाना उर्स में कसेरा परिवार की ओर से चादर चढ़ाने के बाद रविवार को जायरीनों का सैलाब उमड़ पड़ा। दूर दूर से आए जायरीनों ने दरगाह पर चादर चढ़ा कर दुआएं मांगी। दरगाह के मुख्य द्वार के बाहर दोनों ओर महिलाएं फातिहा पढ़ मन्नत मांगती रहीं। इसके बाद मेले में लगी दुकानों से हलवा, पूड़ी, बिस्कुट, घर गृहस्थी का सामान आदि की खरीददारी की। पुलिस प्रशासन पूरी मुस्तैदी से व्यवस्था में लगा रहा।
उर्स में आए जायरीनों ने बताया कि जो लोग अजमेर शरीफ नहीं जा पाते हैं, वो ख्वाजा स्माइल चिश्ती के दरगाह पर आकर हाजिरी लगाते हैं। यहां आने वाले जायरीनों की सभी मुरादें पूरी होती हैं। सालाना उर्स में मध्य प्रदेश, वाराणसी, इलाहाबाद, जौनपुर, संतरविदास नगर के अलावा अन्य जिलों से भी लोग आकर चादर चढ़ा कर मन्नते मांगते हैं। लोगों का मनना है कि दरगाह से कोई खाली हाथ नहीं जाता है। उर्स के मौके पर क्षेत्र में विशाल मेले का रूप ले लेता है। मेले में बच्चों ने परिवार के संग बड़े झूले में बैठ कर आनंद उठाया। वहीं गोल चक्कर काटने वाला झूला लोगों के लिए आकर्षण का केंद्र बना रहा। घर वापसी के बाद लोगों ने खाद्य सामग्री की दुकानों से प्रसाद के रूप में हलवा, पराठा, खाजा, बिस्कुट आदि की खरीदारी कर घर ले गए।
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उर्स में आए जायरीनों ने बताया कि जो लोग अजमेर शरीफ नहीं जा पाते हैं, वो ख्वाजा स्माइल चिश्ती के दरगाह पर आकर हाजिरी लगाते हैं। यहां आने वाले जायरीनों की सभी मुरादें पूरी होती हैं। सालाना उर्स में मध्य प्रदेश, वाराणसी, इलाहाबाद, जौनपुर, संतरविदास नगर के अलावा अन्य जिलों से भी लोग आकर चादर चढ़ा कर मन्नते मांगते हैं। लोगों का मनना है कि दरगाह से कोई खाली हाथ नहीं जाता है। उर्स के मौके पर क्षेत्र में विशाल मेले का रूप ले लेता है। मेले में बच्चों ने परिवार के संग बड़े झूले में बैठ कर आनंद उठाया। वहीं गोल चक्कर काटने वाला झूला लोगों के लिए आकर्षण का केंद्र बना रहा। घर वापसी के बाद लोगों ने खाद्य सामग्री की दुकानों से प्रसाद के रूप में हलवा, पराठा, खाजा, बिस्कुट आदि की खरीदारी कर घर ले गए।
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