यूपी: सड़क और नालों में कूड़ा डाला तो लगेगा जुर्माना, आज से लागू हुई प्रक्रिया
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मेरठ को गार्बेज फ्री सिटी स्टार रेटिंग-2 के लिए महानगर तैयार हो चुका है। अब शहर की जनता को भी कूड़ा सड़क या नालों में डालने की अनुमति नहीं मिलेगी। यानी अगर किसी आवासीय और व्यवसायिक प्रतिष्ठान मालिक ने सूखा या गीला कूड़ा सड़क पर अथवा नाले में डाला तो एक हजार से लेकर पांच हजार रुपये तक जुर्माना भरना पड़ेगा। यह प्रक्रिया आज से पूरे शहर में लागू हो जाएगी। क्योंकि 15 दिन में शहर के एक भी व्यक्ति ने निगम की इस व्यवस्था पर आपत्ति दर्ज नहीं कराई है।
नगर निगम ने शहर में डोर टू डोर कूड़ा उठाने के लिए 150 से अधिक गाड़ी उतारी हुई हैं। ये गाड़ियां प्रतिदिन सुबह के समय स्वच्छ भारत मिशन का प्रचार करते हुए वार्डोँ में पहुंच रही हैं। नगर निगम प्रशासन का दावा है कि सभी गाड़ियां घर-घर से कूड़ा ले रही हैं। उसके बाद भी कुछ लोग अपने प्रतिष्ठान से निकलने वाला सूखा और गीला कूड़ा सड़क पर या फिर नालों में डाल रहे हैं।
ऐसे सभी लोगों पर नगर निगम ने शिकंजा कसने का निर्णय लिया। नगर निगम प्रशासन ने 30 दिसंबर 2018 से शहर की जनता से इस व्यवस्था पर 15 दिन के भीतर आपत्ति मांगी थी। जिसपर शहर की जनता ने सोमवार तक कोई आपत्ति दर्ज नहीं करायी।
यानी पूरी तरह साबित हो चुका है कि शहर की जनता नगर निगम प्रशासन के निर्णय से सहमत है। यानि अब यदि कोई व्यक्ति सड़क किनारे या फिर नाले में कूड़ा डालता पाया जाता है तो निगम प्रशासन उन पर एक हजार से लेकर पांच हजार रुपये तक जुर्माना लगा सकता है।
इस संबंध में नगरायुक्त मनोज कुमार चौहान का कहना है कि शहर की जनता की कोई आपत्ति प्राप्त नहीं हुई है। सभी सफाई निरीक्षक, सफाई नायकों को ऐसे सभी लोगों पर जो सड़क पर कूड़ा डालते हैं उनपर निगरानी रखने और जुर्माना लगाने के निर्देश दिए हैं।