फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Meerut News ›   Revealing: Make millions of rupees by insuring corpses, action will be taken on 2 hospitals

सनसनीखेज खुलासा: लाशों का बीमा कराकर करोड़ों हड़पे, 2 अस्पतालों पर गिरेगी गाज

Thu, 26 Apr 2018 12:44 PM IST
यूपी डेस्क, अमर उजाला, गजेंद्र चौधरी, मेरठ
यूपी डेस्क, अमर उजाला, गजेंद्र चौधरी, मेरठ Updated Thu, 26 Apr 2018 12:44 PM IST
विज्ञापन
Revealing: Make millions of rupees by insuring corpses, action will be taken on 2 hospitals
फाइल फोटो

मेरठ महानगर में लाशों का बीमा कराकर करोड़ों का क्लेम हड़पने का चौंकाने वाला मामला सामने आया है। शहर के दो अस्पतालों में यह रैकेट चल रहा है। जहां ऐसे मरीज को भर्ती दिखाया जाता है, जो दो या तीन पहले मर चुका है। निजी क्षेत्र की बीमा कंपनियों के प्रतिनिधियों से सेटिंग कर पहले उनका बीमा कराया जाता है और फिर बीमारी से मौत का फर्जी सर्टिफिकेट लगाकर क्लेम की राशि वसूल ली जाती है।

विज्ञापन


इस गोरखधंधे में एक प्रधान भी शामिल है। अब तक ऐसे 25 मामलों का खुलासा हो चुका है। मंगलवार को बीमा कंपनी के अधिकारियों ने एसएसपी ऑफिस पहुंचकर शिकायत दर्ज कराई है।   
विज्ञापन


गहनता से होगी जांच
एसएसपी मंजिल सैनी दहल ने कहा कि मरने के बाद इंश्योरेंस करने का मामला गंभीर है। इस मामले में रिपोर्ट दर्ज कराकर कार्रवाई की जाएगी। जांच के बाद फर्जी सर्टिफिकेट बनाने वाले हॉस्पिटलों पर भी कार्रवाई कराएंगे।  
विज्ञापन
विज्ञापन


आधा तुम्हारा और आधा हमारा 
फर्जी तरीके से इंश्योरेंस कंपनी से पैसा हड़पने के लिए ये गिरोह मरने वाले लोगों के परिजनों से सेटिंग करता है कि क्लेम में मिलने वाला आधा पैसा तुम्हारा और आधा हमारा होगा। इस गिरोह की हॉस्पिटल वालों से भी सेटिंग है। जोकि हॉस्पिटल में बगैर भर्ती के मरीज की बीमारी व इलाज करने का फर्जी सर्टिफिकेट बनाकर देते है। जोकि इंश्योरेंस के कागजों में लगाया जाता है।

पढ़ें : MBBS की परीक्षा में करोड़ों का खेल करने वाले चारों आरोपियों को भेजा जेल

एक जैसा इलाज, खुली पोल 

Revealing: Make millions of rupees by insuring corpses, action will be taken on 2 hospitals
फाइल फोटो

इंश्योरेंस कंपनी की जांच में खुलासा हुआ कि गढ़ रोड स्थित दो अस्पताल फर्जी सर्टिफिकेट बनाने में माहिर हैं। इन दोनों अस्पतालों में मरीजों का इलाज नहीं होता, बल्कि ऐसे फर्जी काम होते हैं। इलाज करने का तरीका दोनों अस्पतालों का एक जैसा है। दवाई भी एक जैसी लिखते हैं, सबका एक्सीडेंट में घायल होना बताकर इलाज किया जाता है। जांच में इसकी पोल खुली। हॉस्पिटल वालों के खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी। 

इंश्योरेंस कंपनी के अधिकारियों की मानें तो मेरठ में करोड़ों रुपये का क्लेम ऐसे ही फर्जी तरीके से यह गिरोह ले चुका हैं...

करोड़ों का ले चुके क्लेम 
फिलहाल अभी मेरठ में 25 मामले फर्जी निकले हैं। कई मामलों की जांच चल रही है। पुलिस भी इसकी जांच करेगी तो इस गिरोह तक आसानी से पहुंचा जा सकता है। इस गिरोह की काफी जानकारी इंश्योरेंस कंपनी जुटा चुकी है। यह गिरोह घायलों का बाद में इंश्योरेंस कराकर भी फर्जी तरीके से क्लेम ले चुके हैं।

इनकी सौंपी रिपोर्ट
मरने के बाद इंश्योरेंस कराने वाले सात लोगों की पूरी रिपोर्ट मंगलवार को पुलिस को सौंपी गई। परीक्षितगढ़ क्षेत्र से संतवीर सिंह की कैंसर से मौत हुई। पांच दिन बाद इंश्योरेंस कराकर 23 जून 2017 को एक अस्पताल में भर्ती बताकर मृत बताया। भावनपुर क्षेत्र के तेजपाल की मौत हार्ट अटैक से हुई थी। दो दिन बाद इंश्योरेंश कर चार दिसंबर 2017 को अस्पताल में भर्ती होना बताया। मेडिकल क्षेत्र के मोनू, दीपक, नौचंदी से हरेंद्र, किठौर से इस्लाम, नन्हें की मौत के बाद अस्पताल में भर्ती दर्शाया गया। जिसके बाद उन्होंने क्लेम लिया है।

शहर से लेकर देश तक की ताजा खबरें व वीडियो देखने लिए हमारे इस फेसबुक पेज को लाइक करें

https://www.facebook.com/AuNewsMeerut/

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed