{"_id":"ca4fd37caf2160d8698eb418c86e7f4f","slug":"panchayat-chunav-meerut-hindi-news-10","type":"story","status":"publish","title_hn":"पंचायत चुनाव से पहले भाजपा में घमासान","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पंचायत चुनाव से पहले भाजपा में घमासान
ब्यूरो/अमर उजाला, मेरठ
Updated Fri, 18 Sep 2015 03:16 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पंचायत चुनाव के प्रत्याशी चयन के बीच ही जिला भाजपा में अंदरूनी घमासान शुरू हो गया है। इस खींचतान को महामंत्री संगठन सुनील जोशी के बुधवार दौरे ने ज्यादा हवा दी है। एक गुट वर्तमान जिलाध्यक्ष अशोक त्यागी के खराब स्वास्थ्य का बहाना बनाकर पूर्व जिलाध्यक्ष विमल शर्मा को आगामी चुनाव तक रिपीट कराने की जुगत में लगे हैं। जिसकी सुगबुगाहट शुरू होते ही विरोधी स्वर भी तेज हो गए हैं।
भाजपा जिलाध्यक्ष अशोक त्यागी लंबे समय से भाजपा में हैं और देहात क्षेत्र में सक्रिय रूप से काम करते हुए विभिन्न पदों पर रहे हैं। इस बार संगठन चुनाव में अशोक त्यागी निर्विरोध जिलाध्यक्ष चुने गए थे। हालांकि सरधना विधायक ठा. संगीत सोम ने उनका विरोध किया था, लेकिन वरिष्ठ नेतृत्व और संघ के हस्तक्षेप से चुनाव निर्विरोध हो गया था।
अब पंचायत चुनाव में एक बार फिर उठापटक का दौर शुरू हो गया है। क्याेंकि पंचायत चुनाव के बाद संगठन चुनाव भी होने हैं, ऐसे में एक गुट खराब स्वास्थ्य के कारण थोड़ा कम सक्रिय चल रहे अशोक त्यागी को दरकिनार करना चाहता है। इसका प्रयास तो काफी दिन से चल रहा था, लेकिन बुधवार को जब महामंत्री संगठन सुनील बंसल मेरठ आए तो क्षेत्रीय अध्यक्ष भूपेंद्र सिंह से मिलकर एक गुट ने इसकी शुरुआत कर दी है। विमल शर्मा की सुनील बंसल से अलग से मुलाकात कराई गई। इस पर पार्टी में चर्चाओं का बाजार गरम हो गया।
विज्ञापन
विमल शर्मा को लेकर पार्टी के पुराने कार्यकर्ता खुश नहीं है। क्याेंकि विमल शर्मा जनता दल से भाजपा में शामिल हुए थे। विमल शर्मा अशोक त्यागी से पहले जिलाध्यक्ष रह चुके हैं और तब उन पर कुछ आरोप भी लगे थे। जिस पर एक बड़ा गुट उन्हें रिपीट करने की सुगबुगाहट भर से बेचैन हो गया है। बृहस्पतिवार को इसी मामले पर भाजपाई चर्चा के बीच बैठकें करते नजर आए। माना जा रहा है कि यह मामला अब प्रदेश प्रभारी ओम माथुर के दरबार में पहुंच सकता है।
विज्ञापन
भाजपा जिलाध्यक्ष अशोक त्यागी लंबे समय से भाजपा में हैं और देहात क्षेत्र में सक्रिय रूप से काम करते हुए विभिन्न पदों पर रहे हैं। इस बार संगठन चुनाव में अशोक त्यागी निर्विरोध जिलाध्यक्ष चुने गए थे। हालांकि सरधना विधायक ठा. संगीत सोम ने उनका विरोध किया था, लेकिन वरिष्ठ नेतृत्व और संघ के हस्तक्षेप से चुनाव निर्विरोध हो गया था।
विज्ञापन
अब पंचायत चुनाव में एक बार फिर उठापटक का दौर शुरू हो गया है। क्याेंकि पंचायत चुनाव के बाद संगठन चुनाव भी होने हैं, ऐसे में एक गुट खराब स्वास्थ्य के कारण थोड़ा कम सक्रिय चल रहे अशोक त्यागी को दरकिनार करना चाहता है। इसका प्रयास तो काफी दिन से चल रहा था, लेकिन बुधवार को जब महामंत्री संगठन सुनील बंसल मेरठ आए तो क्षेत्रीय अध्यक्ष भूपेंद्र सिंह से मिलकर एक गुट ने इसकी शुरुआत कर दी है। विमल शर्मा की सुनील बंसल से अलग से मुलाकात कराई गई। इस पर पार्टी में चर्चाओं का बाजार गरम हो गया।
विज्ञापन
विमल शर्मा को लेकर पार्टी के पुराने कार्यकर्ता खुश नहीं है। क्याेंकि विमल शर्मा जनता दल से भाजपा में शामिल हुए थे। विमल शर्मा अशोक त्यागी से पहले जिलाध्यक्ष रह चुके हैं और तब उन पर कुछ आरोप भी लगे थे। जिस पर एक बड़ा गुट उन्हें रिपीट करने की सुगबुगाहट भर से बेचैन हो गया है। बृहस्पतिवार को इसी मामले पर भाजपाई चर्चा के बीच बैठकें करते नजर आए। माना जा रहा है कि यह मामला अब प्रदेश प्रभारी ओम माथुर के दरबार में पहुंच सकता है।