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Meerut: सीडीओ ने कहा- सोना न खरीदने का आशय ईंट-बिस्कुट से है; सराफ बोले- कारीगरों ने लगाया 100 करोड़ का फटका

Mon, 18 May 2026 11:49 PM IST
Mohd Mustakim अमर उजाला नेटवर्क, मेरठ
अमर उजाला नेटवर्क, मेरठ Published by: Mohd Mustakim Updated Mon, 18 May 2026 11:49 PM IST
सार

विकास भवन सभागार में सोमवार को सराफ एसोसिएशन-बुलियन व्यापारियों की अधिकारियों के साथ बैठक हुई। इसमें व्यापारियों ने अपनी समस्याएं रखीं और समाधान की मांग की। अधिकारियों ने भी सुझाव दिए। 

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Meerut: CDO said- Not buying gold means buying bricks and biscuits
विकास भवन में बैठक। - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

मुख्य विकास अधिकारी नूपुर गोयल ने कहा कि प्रधानमंत्री ने जो एक साल तक सोना न खरीदने की अपील की थी, उसका आशय सोने की ज्वैलरी से नहीं बल्कि गोल्ड बुलियन यानी सोने की ईंट और सोने के बिस्कुट से है। विदेशी मुद्रा भंडार पर पड़ रहे वैश्विक दबाव के कारण देशहित में स्वेच्छा से सोना-चांदी की बुलियन की खरीद-बिक्री को कम करना जरूरी है। विकास भवन सभागार में सोमवार को सराफा एसोसिएशन एवं बुलियन व्यापारियों के साथ हुई बैठक में मुख्य विकास अधिकारी ने यह बात कही। 
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उन्होंने शहर के व्यापारियों से अपील की है कि बुलियन खरीद बिक्री कम कर सोना रिसाइकल क्रम को अपनाएं। सरकार का उद्देश्य देश की अर्थव्यवस्था को मजबूती देना, विदेशी मुद्रा भंडार पर दबाव कम करना और सोने के आयात को नियंत्रित करना है।
 
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बुलियन ट्रेडर्स एसोसिएशन के महामंत्री विजय आनंद अग्रवाल और संजय प्रकाश ने सराफा व्यापार में आ रही विभिन्न समस्याओं को प्रमुखता से उठाया और उन्हें शासन स्तर तक पहुंचाने का अनुरोध किया। बुलियन अध्यक्ष प्रदीप अग्रवाल ने पीएम की अपील का समर्थन करते हुए पूर्ण सहयोग का आश्वासन दिया।
 
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अंकित सिंघल ने जीएसटी व्यवस्था पर चिंता जताते हुए कहा कि वर्ष 2005 में जब सोने का भाव 6000 रुपये प्रति 10 ग्राम था, तब व्यापारी एक प्रतिशत वैट के रूप में 60 रुपये देते थे। वर्ष 2017 में सोने का मूल्य 26 हजार रुपये होने पर 260 रुपये वैट देना पड़ता था, लेकिन जीएसटी लागू होने के बाद कर भार तीन गुना बढ़ गया। उन्होंने कहा कि वर्तमान में सोने के बढ़ते दामों के कारण प्रति 10 ग्राम पर लगभग 4500 रुपये जीएसटी देना पड़ रहा है, जो व्यापार के लिए बड़ी चुनौती बन चुका है।
 

ऋषभ महेश्वरी ने सुझाव दिया कि परिवारों में रखा आइडियल गोल्ड बिना स्रोत पूछे 5-6 वर्षों के लिए सरकारी योजना में जमा कराया जाए और निर्धारित अवधि के बाद उचित अकाउंटिंग के साथ वापस किया जाए। इससे आपातकालीन परिस्थितियों में स्वर्ण उद्योग को मजबूती मिल सकेगी। संजय प्रकाश ने सुझाव दिया कि जिन व्यापारियों पर बैंक लिमिट चल रही है, उन्हें ब्याज में राहत देने के लिए बेलआउट पैकेज दिया जाए। बैठक में अपर आयुक्त ग्रेड-1 राज्य कर हरीराम चौरसिया, अपर आयुक्त ग्रेड-2 अमित कुमार पाठक, उपायुक्त अरुण कुमार पाण्डेय, संजय सिंह, जितेंद्र कुमार, रमन और विजयपाल आदि मौजूद रहे।
 

बंगाली कारीगर ले गए हमारा 100 करोड़ का सोना
कमिश्नर सभागार में मंडलायुक्त भानु चंद गोस्वामी अध्यक्षता में सराफ व्यापारियों की बैठक हुई, जिसमें जिलाधिकारी और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने सराफ व्यापारियों को सुरक्षा का आश्वासन दिया। बुलियन ट्रेडर्स एसोसिएशन विजय आनंद अग्रवाल ने उन्हें बताया कि हमारे व्यापारियों के 100 करोड़ के सोने की रिकवरी बकाया है।
बैठक में बुलियन ट्रेडर्स एसोसिएशन की ओर से अध्यक्ष प्रदीप अग्रवाल, कोषाध्यक्ष मनोज गर्ग, उपाध्यक्ष संदीप अग्रवाल ने वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक को उन घटनाओं की सूची सौंपी, जिनमें सराफा बाजार से पश्चिम बंगाल एवं अन्य स्थानों पर सोना लेकर कारीगर या अन्य व्यक्ति फरार हो गए।
 

सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के लिए व्यापारियों ने सराफा बाजार के चार प्रमुख स्थानों शीश महल ट्रांसफार्मर चौक और दयाधाम धर्मशाला, पत्थर वाला चौक, ठठेरवाड़ा स्थित सिद्धिविनायक मंदिर एवं स्कूल वाला चौक और टावर वाला चौक पर स्थायी पुलिस पिकेट स्थापित करने की मांग रखी।
 

वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अविनाश पांडेय ने व्यापारियों से बाजार में उच्च गुणवत्ता वाले सीसीटीवी कैमरे लगाने की अपील करते हुए कहा कि अच्छे कैमरे अपराध नियंत्रण और अपराधियों की पहचान में अत्यंत सहायक होते हैं। वहीं जिलाधिकारी वीके सिंह ने सभी व्यापारियों को अपने कारीगरों का पूर्ण पता सत्यापन कराने का सुझाव दिया।
 

मंडलायुक्त भानु चंद गोस्वामी ने निर्देश दिए कि कारीगर जहां के मूल निवासी हैं। वहां के संबंधित थाने से जारी चरित्र प्रमाण-पत्र अनिवार्य रूप से प्रस्तुत करें। साथ ही प्रत्येक ठेकेदार के अधीन कार्यरत छोटे कारीगरों का भी पुलिस सत्यापन कराया जाए। बैठक में टाउन हॉल पार्किंग में असामाजिक तत्वों के जमावड़े का मुद्दा भी उठाया गया। इसे व्यापारियों ने सुरक्षा की दृष्टि से गंभीर बताया।

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