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संदिग्ध परिस्थितियों में हाइवे पर महिला की मौत का मामला
Updated Fri, 15 Dec 2017 01:41 AM IST
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कंकरखेड़ा। मुनेश की मौत की गुत्थी पुलिस अभी तक नहीं सुलझा पाई है। पुलिस ने बृहस्पतिवार को महिला की पोस्टमार्टम रिपोर्ट परिजनों को सौंप दी। वहीं महिला के पति ने इंस्पेक्टर से कहा कि मेरे छह सौ रुपये वापस दिलवा तो और ये बता दो कि उसे एक सप्ताह तक हिरासत में लेकर हवालात में बंद क्यों रखा।
खड़ौली निवासी मुनेश पत्नी राज सिंह का नौ दिसंबर की सुबह खड़ौली गांव के सामने शव मिला था परिजनों ने हत्या करने का आरोप लगाया था। महिला अपने पति राज सिंह को थाने में खाना देने जा रही है। एक योगा टीचर ने महिला के बेटों पर छेड़छाड़ का आरोप लगाया था। उनकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस ने राज सिंह को हिरासत में लेकर हवालात में बंद कर रखा था।
बृहस्पतिवार को आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग को लेकर थाने पहुंचे मुनेश के पति ने इंस्पेक्टर से कहा कि जब उसे पुलिस घर से उठाकर लाई थी तो उसके पास छह सौ रुपये और एक मोबाइल था। जिन्हें पुलिस ने ले लिया था। एस सप्ताह बाद जब उसे छोड़ा तो पुलिस ने मोबाइल तो दे दिया था लेकिन छह सौ रुपये नहीं दिए थे। पीड़ित ने इंस्पेक्टर से कहा कि मैं गरीब आदमी हूं। मेरे छह सौ रुपये दिलवा दो।
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परिजनों से लेते थे रोज 100 रुपये
वहीं इंस्पेक्टर ने पूछा कि जब उसके परिजन खाना लाते थे तो पुलिस वाले कितने रुपये लेते थे। पीड़ित ने साफ कहा कि पुलिस वाले उनसे रोजाना सौ रुपये लेते थे। इस पर इंस्पेक्टर ने कई पुलिसकर्मियों को बुलाया और पैसे लेने वालों की पहचान कराई। लेकिन पहचान को गोपनीय रखा। इंस्पेक्टर परविंदर पाल सिंह का कहना है कि पीड़ित के बयान दर्ज कर लिए हैं। बयानों की वीडियोग्राफी भी की है। जांच सीओ दौराला पंकज कुमार सिंह कर रहे हैं। जो भी दोषी होगा उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
महिला का मोबाइल बंद था
सीओ दौराला पंकज कुमार सिंह का कहना है कि महिला के मोबाइल की सीडीआर निकलवाई गई है। कॉल डिटेल से पता चला कि 08 दिसंबर की रात को महिला का मोबाइल बंद हो गया था। घटना भी इसी रात को हुई थी। योग शिक्षिका के परिजनों की कॉल डिटेल अभी आई नहीं है।
खास बात
मुनेश की मौत की गुत्थी नहीं सुलझा पाई पुलिस, पोस्टमार्टम रिपोर्ट परिजनों को सौंपी
महिला के पति ने इंस्पेक्टर से पूछा, मुझे एक सप्ताह तक हिरासत में क्यों रखा
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खड़ौली निवासी मुनेश पत्नी राज सिंह का नौ दिसंबर की सुबह खड़ौली गांव के सामने शव मिला था परिजनों ने हत्या करने का आरोप लगाया था। महिला अपने पति राज सिंह को थाने में खाना देने जा रही है। एक योगा टीचर ने महिला के बेटों पर छेड़छाड़ का आरोप लगाया था। उनकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस ने राज सिंह को हिरासत में लेकर हवालात में बंद कर रखा था।
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बृहस्पतिवार को आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग को लेकर थाने पहुंचे मुनेश के पति ने इंस्पेक्टर से कहा कि जब उसे पुलिस घर से उठाकर लाई थी तो उसके पास छह सौ रुपये और एक मोबाइल था। जिन्हें पुलिस ने ले लिया था। एस सप्ताह बाद जब उसे छोड़ा तो पुलिस ने मोबाइल तो दे दिया था लेकिन छह सौ रुपये नहीं दिए थे। पीड़ित ने इंस्पेक्टर से कहा कि मैं गरीब आदमी हूं। मेरे छह सौ रुपये दिलवा दो।
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परिजनों से लेते थे रोज 100 रुपये
वहीं इंस्पेक्टर ने पूछा कि जब उसके परिजन खाना लाते थे तो पुलिस वाले कितने रुपये लेते थे। पीड़ित ने साफ कहा कि पुलिस वाले उनसे रोजाना सौ रुपये लेते थे। इस पर इंस्पेक्टर ने कई पुलिसकर्मियों को बुलाया और पैसे लेने वालों की पहचान कराई। लेकिन पहचान को गोपनीय रखा। इंस्पेक्टर परविंदर पाल सिंह का कहना है कि पीड़ित के बयान दर्ज कर लिए हैं। बयानों की वीडियोग्राफी भी की है। जांच सीओ दौराला पंकज कुमार सिंह कर रहे हैं। जो भी दोषी होगा उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
महिला का मोबाइल बंद था
सीओ दौराला पंकज कुमार सिंह का कहना है कि महिला के मोबाइल की सीडीआर निकलवाई गई है। कॉल डिटेल से पता चला कि 08 दिसंबर की रात को महिला का मोबाइल बंद हो गया था। घटना भी इसी रात को हुई थी। योग शिक्षिका के परिजनों की कॉल डिटेल अभी आई नहीं है।
खास बात
मुनेश की मौत की गुत्थी नहीं सुलझा पाई पुलिस, पोस्टमार्टम रिपोर्ट परिजनों को सौंपी
महिला के पति ने इंस्पेक्टर से पूछा, मुझे एक सप्ताह तक हिरासत में क्यों रखा