{"_id":"59077e7b4f1c1bcc3a442897","slug":"communal-condition-in-kotvaali-area","type":"story","status":"publish","title_hn":"कोतवाली क्षेत्र में सांप्रदायिक तनाव ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
कोतवाली क्षेत्र में सांप्रदायिक तनाव
अमर उजाला ब्यूरो/ मेरठ
Updated Tue, 02 May 2017 11:03 AM IST
विज्ञापन
फाइल फोटो
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बुढ़ाना गेट के पास स्कूली छात्रा को कमरे में बंद करने का आरोप लगा लोगों ने एक मौलाना को पकड़कर जमकर हंगामा किया। पुलिस मौलाना और छात्रा को कोतवाली ले गई। इस बीच किसी ने मौलाना की पिटाई का शोर मचा दिया। इस पर एक समुदाय के सैकड़ों लोगों ने कोतवाली घेर ली और पुलिस से उलझ गए। वहीं पूर्व विधायक के पुत्र के साथ लोग कोतवाली पहुंचे। जहां दोनों समुदाय के लोगों के नोकझोंक हो गई। इस पर सांप्रदायिक तनाव हो गया। सीओ समेत दो थानों की पुलिस ने लाठियां फटकाकर भीड़ को खदेड़ा।
पूर्व विधायक लक्ष्मीकांत वाजपेयी के पुत्र विवेक वाजपेयी के अनुसार सोमवार दोपहर करीब 13 साल की स्कूली छात्रा उनके मोहल्ले के एक धर्म स्थल के अंदर गई। छात्रा स्कूल ड्रेस में थी। लोगों ने वहां जाकर देख तो मौलाना ने छात्रा को एक कमरे के अंदर बंद कर रखा था। लोगों ने कमरा खुलवाकर छात्रा को बाहर निकाला। मौलाना सफाई देने लगा, लेकिन लोगों ने मौलाना पर गंभीर आरोप लगाते हुए हंगामा शुरू कर दिया। सूचना पर पहुंची पुलिस छात्रा और मौलाना को कोतवाली ले गई। इस बीच किसी ने मौलाना की पिटाई का शोर मचा दिया। इस पर मुस्लिम समाज के सैकड़ों लोगों ने कोतवाली पर जमकर हंगामा किया। कुछ देर बाद विवेक वाजपेयी सहित मोहल्ले के लोग भी कोतवाली पहुंच गए। जहां दोनों पक्षों मे नोकझोंक हो गई। देहली गेट थाना पुलिस भी बुला ली गई। सीओ कोतवाली रणविजय सिंह ने हंगामा कर रहे दोनों पक्ष के लोगों को खदेड़ा। इसके बाद भी कुछ लोग थाना परिसर में ही खडे़ रहे, जिन्हें लाठियां फटकारकर खदेड़ा गया। एसओ कोतवाली विजय गुप्ता ने बताया कि छात्रा ने मौलाना पर कोई आरोप नहीं लगाया। जिससे किसी आरोप की पुष्टि नहीं हुई। छात्रा के परिजनों को बुलाकर उसे सौंप दिया गया। मौलाना को भी नसीहत देकर भेज दिया गया।
मोहल्ले का माहौल खराब नहीं होने देंगे
लोगों का कहना था कि धर्म स्थल में इस तरह स्कूली छात्रा को कमरे में बंद करना ही बता रहा है कि मौलाना का इरादा सही नहीं था। जब छात्रा अंदर गई तभी से मौलाना की हरकत संदिग्ध थी। ऐसा करने से मोहल्ले का माहौल खराब होता है। पुलिस को इस मामले में गंभीरता से जांच कर कार्रवाई करनी चाहिए।
विज्ञापन
धर्म स्थल हटवाना चाहते हैं कुछ लोग
मुस्लिम समाज के लोगों का कहना था कि छात्रा ने मौलाना पर कोई आरोप नहीं लगाया है। बेवजह इसे तूल दिया जा रहा है। कुछ लोग मोहल्ले से उनके धर्म स्थल को हटवाना चाहते हैं। इसी वजह से वह आए दिन इस तरह के झूठे आरोप लगाकर बखेड़ा करते हैं।
लाठी लेकर दौड़े सीओ
काफी समझाने के बाद भी लोग थाना परिसर से नहीं गए तो सीओ रणविजय सिंह ने खुद लाठी उठा ली और लोगों को खदेड़ा। सीओ ने चेताया कि किसी कीमत पर माहौल खराब नहीं होने दिया जाएगा। पुलिस जांच के बाद अपना काम करेगी।
विज्ञापन
पूर्व विधायक लक्ष्मीकांत वाजपेयी के पुत्र विवेक वाजपेयी के अनुसार सोमवार दोपहर करीब 13 साल की स्कूली छात्रा उनके मोहल्ले के एक धर्म स्थल के अंदर गई। छात्रा स्कूल ड्रेस में थी। लोगों ने वहां जाकर देख तो मौलाना ने छात्रा को एक कमरे के अंदर बंद कर रखा था। लोगों ने कमरा खुलवाकर छात्रा को बाहर निकाला। मौलाना सफाई देने लगा, लेकिन लोगों ने मौलाना पर गंभीर आरोप लगाते हुए हंगामा शुरू कर दिया। सूचना पर पहुंची पुलिस छात्रा और मौलाना को कोतवाली ले गई। इस बीच किसी ने मौलाना की पिटाई का शोर मचा दिया। इस पर मुस्लिम समाज के सैकड़ों लोगों ने कोतवाली पर जमकर हंगामा किया। कुछ देर बाद विवेक वाजपेयी सहित मोहल्ले के लोग भी कोतवाली पहुंच गए। जहां दोनों पक्षों मे नोकझोंक हो गई। देहली गेट थाना पुलिस भी बुला ली गई। सीओ कोतवाली रणविजय सिंह ने हंगामा कर रहे दोनों पक्ष के लोगों को खदेड़ा। इसके बाद भी कुछ लोग थाना परिसर में ही खडे़ रहे, जिन्हें लाठियां फटकारकर खदेड़ा गया। एसओ कोतवाली विजय गुप्ता ने बताया कि छात्रा ने मौलाना पर कोई आरोप नहीं लगाया। जिससे किसी आरोप की पुष्टि नहीं हुई। छात्रा के परिजनों को बुलाकर उसे सौंप दिया गया। मौलाना को भी नसीहत देकर भेज दिया गया।
विज्ञापन
मोहल्ले का माहौल खराब नहीं होने देंगे
लोगों का कहना था कि धर्म स्थल में इस तरह स्कूली छात्रा को कमरे में बंद करना ही बता रहा है कि मौलाना का इरादा सही नहीं था। जब छात्रा अंदर गई तभी से मौलाना की हरकत संदिग्ध थी। ऐसा करने से मोहल्ले का माहौल खराब होता है। पुलिस को इस मामले में गंभीरता से जांच कर कार्रवाई करनी चाहिए।
विज्ञापन
धर्म स्थल हटवाना चाहते हैं कुछ लोग
मुस्लिम समाज के लोगों का कहना था कि छात्रा ने मौलाना पर कोई आरोप नहीं लगाया है। बेवजह इसे तूल दिया जा रहा है। कुछ लोग मोहल्ले से उनके धर्म स्थल को हटवाना चाहते हैं। इसी वजह से वह आए दिन इस तरह के झूठे आरोप लगाकर बखेड़ा करते हैं।
लाठी लेकर दौड़े सीओ
काफी समझाने के बाद भी लोग थाना परिसर से नहीं गए तो सीओ रणविजय सिंह ने खुद लाठी उठा ली और लोगों को खदेड़ा। सीओ ने चेताया कि किसी कीमत पर माहौल खराब नहीं होने दिया जाएगा। पुलिस जांच के बाद अपना काम करेगी।