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गडकरी बोले, गन्ने से चीनी के साथ बनाएं एथेनॉल
ब्यूरो/अमर उजाला, मेरठ
Updated Mon, 30 Nov 2015 01:25 AM IST
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केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने पश्चिमी क्षेत्र के केंद्र मेरठ में गन्ना किसानों की समस्याओं को भी उठाया। उनके लिए योजना की जानकारी देते हुए सुझाव दिया। गडकरी ने कहा कि गन्ने से सिर्फ चीनी उत्पाद कर किसान को उचित मूल्य नहीं दिया जा सकता है।
यदि गन्ने से चीनी के साथ सहायक उत्पादों पर भी जोर दिया जाए तो अच्छा मुनाफा होने के साथ देश की आर्थिक स्थिति और बुनियादी ढांचा सुधर सकता है।
केंद्रीय मंत्री ने कहा कि गन्ने की खोई और शीरे से एथेनॉल बनता है, जिससे वाहन चलाया जा सकता है। एथेनॉल से नागपुर में उन्होंने पचास बसाें का संचालन शुरू कराया है और शीघ्र ही कार व टूव्हीलर भी इससे चलेंगे। जो सस्ता होने के साथ ही पर्यावरण के अनुकूल होगा।
इसके अलावा खोई से बिजली बनाकर बेची जा सकती है। वहीं, प्लास्टिक निर्माण भी होता है। यदि इन पर काम किया जाए तो गन्ने का अच्छा भुगतान जहां किसानों को मिलेगा, वहीं देश में आठ लाख करोड़ का पेट्रोल-डीजल जो आयात किया जाता है, उसमें भी कमी आएगी। उन्होंने कहा कि हमें इस तरफ काम करना चाहिए, ताकि गन्ने से एथेनॉल, बिजली, बायो डीजल और बायो सीएनजी बना सकें।
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यदि गन्ने से चीनी के साथ सहायक उत्पादों पर भी जोर दिया जाए तो अच्छा मुनाफा होने के साथ देश की आर्थिक स्थिति और बुनियादी ढांचा सुधर सकता है।
केंद्रीय मंत्री ने कहा कि गन्ने की खोई और शीरे से एथेनॉल बनता है, जिससे वाहन चलाया जा सकता है। एथेनॉल से नागपुर में उन्होंने पचास बसाें का संचालन शुरू कराया है और शीघ्र ही कार व टूव्हीलर भी इससे चलेंगे। जो सस्ता होने के साथ ही पर्यावरण के अनुकूल होगा।
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इसके अलावा खोई से बिजली बनाकर बेची जा सकती है। वहीं, प्लास्टिक निर्माण भी होता है। यदि इन पर काम किया जाए तो गन्ने का अच्छा भुगतान जहां किसानों को मिलेगा, वहीं देश में आठ लाख करोड़ का पेट्रोल-डीजल जो आयात किया जाता है, उसमें भी कमी आएगी। उन्होंने कहा कि हमें इस तरफ काम करना चाहिए, ताकि गन्ने से एथेनॉल, बिजली, बायो डीजल और बायो सीएनजी बना सकें।
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