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कहीं पर भी बेसहारा गोवंश दिखे तो डीएम, सीडीओ और सीवीओ से करें शिकायत
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गोशालाओं में भेजे जाएंगे बेसहारा गोवंश, डीएम ने दिए निर्देश
मेरठ। शहर और देहात में बेसहारा गोवंश घूमते मिले तो इसकी सूचना डीएम, सीडीओ और मुख्य पशु चिकित्साधिकारी को दें ताकि गोवंश को गोशाला भिजवाया जा सके। बेसहारा गोवंश के संरक्षण में लापरवाही और उनसे फसलों को नुकसान की स्थिति उजागर होने के बाद डीएम के बालाजी ने यह निर्देश दिए। वहीं, देहात से तीन ओर शहर से आठ गोवंश पकड़कर गोशाला भेजे गए।
शहर की सड़कों पर गोवंश घूमते देखे तो जा रहे हैं लेकिन पूर्व के मुकाबले संख्या काफी कम है। इस संबंध में नगर निगम के पशु कल्याण अधिकारी डॉ. हरपाल सिंह का कहना है कि निगम की गोशाला में 720 गोवंश है। प्रतिदिन शहर की सड़कों से गोवंश को पकड़कर गोशाला भेजा जा रहा है।
शुक्रवार के अंक में ही अमर उजाला ने इस मुद्दे पर खबर प्रकाशित की थी। इसके बाद सरकारी तंत्र हरकत में आया है। जानकारी मिली है कि मुख्य सचिव ने वीडियो कांफ्रेंसिंग करके अधिकारियों से गोशाला और गोवंश संरक्षण की रिपोर्ट मांगी है। इसके चलते पशु चिकित्सा अधिकारियों ने किसानों से संपर्क कर ऐसे पशुओं के बारे में जानकारी मांगी। डीएम का कहना है कि सड़कों पर या खेतों में कहीं पर भी बेसहारा गोवंश दिखता है तो इस बारे में सूचना दी जाए।
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वहीं, मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी डॉ. अनिल कंसल का कहा है कि सभी पशु चिकित्सक और ग्राम पंचायत सचिव ऐसे पशुओं की जानकारी जुटाकर उन्हें आश्रय और संरक्षण दिलाएं। शुक्रवार को भी दौराला से एक और खरखौदा से दो गोवंश को पकड़कर गोशाला भेजा गया। वहीं, महानगर की सड़कों पर घूमने वाले आठ गोवंश परतापुर की गोशाला में भेजे गए। इस बारे में उनके मोबाइल नंबर 8449433727 पर सूचना दी जा सकती है।
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मेरठ। शहर और देहात में बेसहारा गोवंश घूमते मिले तो इसकी सूचना डीएम, सीडीओ और मुख्य पशु चिकित्साधिकारी को दें ताकि गोवंश को गोशाला भिजवाया जा सके। बेसहारा गोवंश के संरक्षण में लापरवाही और उनसे फसलों को नुकसान की स्थिति उजागर होने के बाद डीएम के बालाजी ने यह निर्देश दिए। वहीं, देहात से तीन ओर शहर से आठ गोवंश पकड़कर गोशाला भेजे गए।
शहर की सड़कों पर गोवंश घूमते देखे तो जा रहे हैं लेकिन पूर्व के मुकाबले संख्या काफी कम है। इस संबंध में नगर निगम के पशु कल्याण अधिकारी डॉ. हरपाल सिंह का कहना है कि निगम की गोशाला में 720 गोवंश है। प्रतिदिन शहर की सड़कों से गोवंश को पकड़कर गोशाला भेजा जा रहा है।
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शुक्रवार के अंक में ही अमर उजाला ने इस मुद्दे पर खबर प्रकाशित की थी। इसके बाद सरकारी तंत्र हरकत में आया है। जानकारी मिली है कि मुख्य सचिव ने वीडियो कांफ्रेंसिंग करके अधिकारियों से गोशाला और गोवंश संरक्षण की रिपोर्ट मांगी है। इसके चलते पशु चिकित्सा अधिकारियों ने किसानों से संपर्क कर ऐसे पशुओं के बारे में जानकारी मांगी। डीएम का कहना है कि सड़कों पर या खेतों में कहीं पर भी बेसहारा गोवंश दिखता है तो इस बारे में सूचना दी जाए।
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वहीं, मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी डॉ. अनिल कंसल का कहा है कि सभी पशु चिकित्सक और ग्राम पंचायत सचिव ऐसे पशुओं की जानकारी जुटाकर उन्हें आश्रय और संरक्षण दिलाएं। शुक्रवार को भी दौराला से एक और खरखौदा से दो गोवंश को पकड़कर गोशाला भेजा गया। वहीं, महानगर की सड़कों पर घूमने वाले आठ गोवंश परतापुर की गोशाला में भेजे गए। इस बारे में उनके मोबाइल नंबर 8449433727 पर सूचना दी जा सकती है।