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जो जैसा करेगा उसे वैसा फल मिलेगा

Tue, 29 Mar 2022 12:06 AM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Tue, 29 Mar 2022 12:06 AM IST
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Whoever does what he will get the result
कोपागंज के गौरी शंकर मंदिर में आयोजित श्रीराम कथा सुनते श्रद्धालुगण। संवाद - फोटो : MAU
कोपागंज। श्री गौरीशंकर मंदिर के प्रांगण में नौ दिवसीय श्री राम कथा आनन्दोत्सव के आयोजन में चौथे दिन भी भक्ति की अविरल धारा बहती रही। कथा सुनकर मौजूद श्रद्धालु आह्लादित व आनन्द विभोर हो उठे।
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कथा वाचक संत रमेश भाई शुक्ल ने कहा कि जो केवल ज्ञानी है वह भगवत्प्राप्ति नहीं कर सकता लेकिन एक भक्त को भगवान स्वयं प्राप्त हो जाते हैं। भगवत प्राप्ति के बाद भी यज्ञ, तप, दान करते रहना चाहिए. संसार कर्म प्रधान क्षेत्र है. जो जैसा करेगा वैसा फल पायेगा। कथा वाचक संत रमेश भाई शुक्ल ने श्री राम सीता के विवाह का वर्णन मानस की विभिन्न चौपाई, छंद, दोहे के साथ किया।कहा कि ऋषि विश्वामित्र महाराज दशरथ के पास यज्ञ विध्वंस करने वाले मारीच, सुबाहु, ताड़का के विनाश के लिए श्रीराम व लक्ष्मण को मांगने जाते हैं, परंतु पुत्र मोह में राजा दशरथ इंकार कर देते हैं। ऋषि वशिष्ठ के काफी समझाने पर वे श्रीराम लक्ष्मण को विश्वामित्र के साथ भेजने को तैयार होते हैं। वन में आकर श्रीराम द्वारा ताड़का, मारीच, सुबाहु का वध करते हैं। इसी दौरान वे अहिल्या का भी उद्धार करते हैं। कथा वाचक द्वारा फुलवारी यानि वाटिका में राम सीता द्वारा एक दूसरे को देखने का भी सुन्दर वर्णन अपने संगीतमय कथा द्वारा किया। पुन: विश्वामित्र दोनों भाईयों को लेकर जनकपुर धनुष यज्ञशाला में जाते हैं।भगवान शिव के धनुष पिनाक को भंग करने की कामना लेकर हजारों मौजूद रहते हैं लेकिन वे धनुष नहीं तोड़ पाते. तब ऋषि विश्वामित्र की आज्ञा पाकर उन्हें प्रणाम कर श्री राम शिव धनुष को मध्य भाग से तोड़ते हैं। देवता उनके ऊपर पुष्प वर्षा करते हैं। उसके बाद महाराज जनक द्वारा महाराज दशरथ को संदेश भिजवाया जाता है। महाराज दशरथ अपने दलबदल के साथ जनकपुर आते हैं, जहाँ श्री राम का विवाह माता सीता के साथ तथा भरत लक्ष्मण शत्रुघ्न का विवाह माता सीता की बहनों के साथ होता है। कथा वाचक ने कहा कि मन,कर्म ,वचन से गुरु को प्रणाम कर जो कोई कायऱस करता है वही अहंकार को भी तोड़ सकता है,जो अपने अहंकार को तोड़ता है उसे ही भक्ति की प्राप्ति होती है। राम कथा आयोजन में आयोजक जयप्रकाश राय, तेजप्रताप राय, ओमप्रकाश राय, सत्यप्रकाश राय, अंजनी राय सहित भारी संख्या में श्रद्धालु मौजूद रहे।
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