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कम पानी से तैयार होने वाले धान का प्रदर्शन
mau
Updated Tue, 07 Jun 2016 11:48 PM IST
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बदलते मौसम में शुरू हुई सुखा की मार से किसानों को उबारने के लिए नेफोर्ड के तत्वाधान में ईर्टी संस्था ने कम पानी से तैयार होने वाली धान की प्रजातियों का प्रदर्शन किया। साथ ही किसानों को नि:शुल्क बीज वितरित किया गया। ताजोपुर स्थित नेफोर्ड के कार्यालय पर हुए बीज के वितरण से किसानों ने राहत महसूस किया।
बीज वितरण के दौरान उपस्थित किसानों को संबोधित करते हुए कृषि विज्ञान केंद्र पिलखी के वरिष्ठ वैज्ञानिक डा. नवीन कुमार सिंह ने कहा कि जलवायु परिवर्तन के इस दौरान में जहां वर्षा प्रति वर्ष कम हो रही है, वहीं जलस्तर 70 से 80 फुट नीचे चला गया है, ऐसे में किसानों के लिए धान की खेती चुनौती बनती जा रही है। किसानों का इस खेती से मोहभंग होता जा रहा है। ऐसी परिस्थिति में इर्टी ने जो प्रजाति विकसित किया है वह किसानों के लिए लाभकारी साबित होगा। यह प्रजाति सुखा अवरोधी है। बीते तीन वर्षों से सुखा के बावजूद किसानों को अच्छी उपज दें रही है।
इर्टी ने सहभागी धान के साथ-साथ इस बार सुखा अवरोधी दो नई प्रजातियां बीना धान-11 तथा डीआरआर-44 को इजात किया है। नेफोर्ड की मदद से इस बीज को आजमगढ़, मऊ, गाजीपुर के चयनित किसानों को उपलब्ध कराया जा रहा है। कार्यक्रम का संचालन संस्था के प्रभारी संतोष मिश्र तथा धन्यवाद ज्ञापन डॉ. निखिल कुमार सिंह ने किया। बीज वितरण में विनित त्रिपाठी, आस्तिक मिश्र ने सहयोग किया। छेदी पांडेय, परसुराम सिंह, सेवारी देवी सहित सैकड़ों किसानों ने लाभ उठाया।
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बीज वितरण के दौरान उपस्थित किसानों को संबोधित करते हुए कृषि विज्ञान केंद्र पिलखी के वरिष्ठ वैज्ञानिक डा. नवीन कुमार सिंह ने कहा कि जलवायु परिवर्तन के इस दौरान में जहां वर्षा प्रति वर्ष कम हो रही है, वहीं जलस्तर 70 से 80 फुट नीचे चला गया है, ऐसे में किसानों के लिए धान की खेती चुनौती बनती जा रही है। किसानों का इस खेती से मोहभंग होता जा रहा है। ऐसी परिस्थिति में इर्टी ने जो प्रजाति विकसित किया है वह किसानों के लिए लाभकारी साबित होगा। यह प्रजाति सुखा अवरोधी है। बीते तीन वर्षों से सुखा के बावजूद किसानों को अच्छी उपज दें रही है।
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इर्टी ने सहभागी धान के साथ-साथ इस बार सुखा अवरोधी दो नई प्रजातियां बीना धान-11 तथा डीआरआर-44 को इजात किया है। नेफोर्ड की मदद से इस बीज को आजमगढ़, मऊ, गाजीपुर के चयनित किसानों को उपलब्ध कराया जा रहा है। कार्यक्रम का संचालन संस्था के प्रभारी संतोष मिश्र तथा धन्यवाद ज्ञापन डॉ. निखिल कुमार सिंह ने किया। बीज वितरण में विनित त्रिपाठी, आस्तिक मिश्र ने सहयोग किया। छेदी पांडेय, परसुराम सिंह, सेवारी देवी सहित सैकड़ों किसानों ने लाभ उठाया।
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