फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Mau News ›   Pankaj Yadav was known as a contract killer in the district.

Mau News: जिले में कांट्रेक्ट किलर के रूप में जाना जाता था पंकज यादव

Thu, 08 Aug 2024 02:12 AM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Thu, 08 Aug 2024 02:12 AM IST
विज्ञापन
Pankaj Yadav was known as a contract killer in the district.
मऊ। मथुरा जिले के फरह थाना क्षेत्र में बुधवार को पुलिस मुठभेड़ में मारा गया पंकज यादव जिले में कांट्रेक्ट किलर के रूप में विख्यात था। एक लाख रुपये का इनामी बदमाश पंकज माफिया मुख्तार अंसारी और बिहार का माफिया शहाबुद्दीन के लिए भाड़े पर हत्या करता था।
विज्ञापन




रानीपुर थाना के ताहिरपुर गांव निवासी पंकज यादव ने क्षेत्र में वर्चस्व बनाने के लिए जरायम की दुनिया में कदम रखा था। गांव में आस-पास के लोगों से विवाद होने के बाद शुरूआती दिनों में कुछ मनबढ़ लोगों के संपर्क में आया था। धीरे- धीरे वह अपराध की दुनिया में कांट्रेक्ट किलर के रूप में विख्यात हो गया।
विज्ञापन




जरायम की दुनिया में बाइक छिनैती से शुरू की सफर

मऊ। रानीपुर थाना के ताहिरपुरा निवासी पंकज यादव पहली बार साल 2007 में गाजीपुर जनपद के कासिमाबाद थाना क्षेत्र में बाइक छिनैती की थी। इस मामले में पुलिस ने गिरफ्तार कर जेल भेजा था। जेल में उसकी मुलाकात मुख्तार अंसारी गिरोह के लोगों से हुई। अपराध की दुनिया में नाम कमाने की चाहत पालने वाले पंकज यादव को वही पर ठेकेदार मन्ना सिंह के गवाह राम सिंह मौर्या की हत्या की सुपारी दी गई थी।
विज्ञापन
विज्ञापन


29 अगस्त 2009 को नगर कोतवाली क्षेत्र के नरईबांध के पास दो बाइक सवार हमलावरों ने ठेकेदार मन्ना सिंह की गोली मारकर हत्या कर दी थी। इस मामले में मन्ना सिंह के भाई हरेंद्र सिंह की तहरीर पर कोतवाली नगर में मुख्तार अंसारी, हनुमान पांडेय समेत 11 लोगों को आरोपी बनाया गया था। जिसमें मन्ना सिंह के मुनीब राम सिंह मौर्या गवाह थे। 19 मार्च 2010 को दक्षिण टोला थाना क्षेत्र के एआरटीओ कार्यालय के पास पंकज यादव ने बदमाशों के साथ मिलकर रामसिंह मौर्या और उनके गनर सिपाही सतीश को गोलियों से छलनी कर दिया था। इसके बाद से ही वह जनपद से फरार हो गया था।



---------------------------




बदमाश काली पासी के मारे जाने के बाद उसकी पत्नी से कर ली थी शादी



मऊ। आजमगढ़ जनपद के मेंहनगर निवासी बदमाश काली पासी के पुलिस मुठभेड़ में मारे जाने के बाद दो बेटी की मां काली पासी की पत्नी से ही शादी कर ली थी। शादी के बाद से पंकज से भी उसको दो संतान हुई, जिसमें एक लड़की और एक लड़का है।



चार जनपद में दर्ज थे 36 मुकदमे

मऊ। एसपी इलामारन जी ने बताया कि पंकज सुपारी लेकर हत्या करता था। उसके पर चार जनपदों में कई थानों पर कुल 36 मुकदमे दर्ज थे। जिसमें जनपद के छह थानों पर 22 मामले, आजमगढ़ जनपद के दो थानों में आठ मुकदमे, गाजीपुर में दो थानों पर चार मुकदमे, वहीं गोरखपुर के एक थाने पर दो दो मुकदमा दर्ज है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed