मऊ जनपद के मधुबन तहसील के एक गांव में तैनात संविदा बिजली कर्मचारी ने फुंके ट्रांसफार्मर को बदलने के लिए रिश्वत की मांग की। जिस पर जागरूक ग्रामीणों ने इसकी ऑडियो रिकार्ड कर अधिकारियों को भेज दिया। इसके बाद जब दोबारा ट्रांसफार्मर लगाने के लिए लोगों ने फोन किया तो कर्मचारी ने उनसे अभद्रता करते हुए गालीगलौज करते हुए स्पष्ट रूप से ट्रांसफार्मर लगाने से इनकार कर दिया। ग्रामीणों ने इसका भी ऑडियो रिकार्ड कर वायरल कर दिया।
मधुबन तहसील के ढढवल ग्राम पंचायत के प्रधान हेमंत कुमार मौर्य ने बताया कि गांव में 150 घरों में बिजली आपूर्ति के लिए 63 केवीए का ट्रांसफार्मर लगाया गया है। बीते 22 जून की देर शाम ट्रांसफार्मर जल गया। इसके बाद उनके द्वारा 23 जून को ट्रांसफार्मर के जलने की शिकायत ऑनलाइन की गई। दो दिन बाद भी ट्रांसफार्मर के बदले नहीं जाने से परेशान लोगों ने एक संविदा कर्मचारी से इस संबंध में बातचीत की। जिस पर उसके द्वारा ट्रांसफार्मर को बदले जाने की मांग को लेकर तीन हजार रुपये की मांग की गई। रिश्वत मांगने की बात का ऑडियो रिकार्ड कर शिकायतकर्ता ने विभागीय अधिकारियों को भेज दिया। इसके कुछ देर बाद फोन किया तो बिजली कर्मचारी ने शिकायतकर्ता से गालीगलौज किया। ट्रांसफार्मर नहीं बदले जाने को कहा। वहीं गांव के जितेंद्र लाल श्रीवास्तव, मुमताज अहमद, अश्वनी सिंह, सिंहासन राजभर, जिला पंचायत सदस्य रोहित कुमार का कहना है कि बीते पांच दिन से बिजली न होने से 150 परिवार अंधेरे में हैं। बिजली विभाग के जिम्मेदार उदासीन रवैया अपनाए हैं। वहीं इस संबंध में एसडीओ गिरिश कुमार का कहना है कि ट्रांसफार्मर जलने की शिकायत 1912 नंबर पर करनी होती है। इस समस्या को लेकर किसी को कोई धनराशि देने की जरूरत नहीं होती है।