{"_id":"6a2c530a8af1f567db0d7444","slug":"husband-mother-in-law-and-father-in-law-sentenced-to-seven-years-each-in-abetment-to-suicide-case-mau-news-c-295-1-svns1028-146964-2026-06-13","type":"story","status":"publish","title_hn":"Mau News: आत्महत्या के लिए उकसाने के मामले में पति, सास और ससुर को सात-सात साल की सजा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Mau News: आत्महत्या के लिए उकसाने के मामले में पति, सास और ससुर को सात-सात साल की सजा
विज्ञापन
अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश, फास्ट ट्रैक कोर्ट नंबर एक, दीप नारायण तिवारी ने प्रताड़ना से क्षुब्ध होकर आत्महत्या करने के मामले में नामजद चार आरोपियों में सुनवाई के बाद पति, सास और ससुर को दोषी पाया।
दोषी पाए जाने के बाद तीनों को आत्महत्या के लिए उकसाने के मामले में सात-सात वर्ष की सजा के साथ ही 5-5 हजार रुपये अर्थदंड और प्रताड़ना के मामले में तीन-तीन वर्ष की सजा के साथ 1-1 हजार रुपये अर्थदंड लगाया गया। अर्थदंड न देने पर प्रत्येक पर एक वर्ष का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।
अर्थदंड जमा होने पर कुल 15 हजार रुपये वादिनी उर्मिला देवी को देने का आदेश दिया गया। वहीं, एक आरोपी सुमन को संदेह का लाभ देते हुए दोषमुक्त कर दिया गया।
विज्ञापन
मामला कोतवाली घोसी क्षेत्र के कलाफनपुर गांव का है। अभियोजन के अनुसार, मधुबन थाना क्षेत्र के सिकड़ी कोल गांव निवासी उर्मिला देवी पत्नी रमेश चौहान की तहरीर पर एफआईआर दर्ज की गई थी।
इसमें कोतवाली घोसी क्षेत्र के कलाफनपुर गांव निवासी नितेश चौहान पुत्र तूफानी चौहान, तूफानी चौहान पुत्र किशुन चौहान, सावित्री देवी पत्नी तूफानी चौहान और सुमन पत्नी शिवशंकर चौहान को नामजद किया गया था।
वादिनी ने बताया कि उसकी पुत्री आरती की शादी नितेश चौहान से हुई थी। आरोप है कि दहेज में चैन, कूलर और फ्रिज की मांग को लेकर आरती को आरोपीगण प्रताड़ित करते थे। 13 दिसंबर 2022 को दहेज प्रताड़ना के चलते उसकी पुत्री आरती की मृत्यु हुई।
पुलिस ने विवेचना के बाद आरोप पत्र न्यायालय में प्रस्तुत किया। न्यायालय में अभियोजन की ओर से पैरवी करते हुए एडीजीसी फौजदारी ने कुल सात गवाहों को पेश कर अपने पक्ष में तर्क रखा। बचाव पक्ष ने एक गवाह को पेश कर यह तर्क दिया कि उन्हें झूठा फंसाया गया है।
सुनवाई के दौरान पत्रावली और साक्ष्यों के आधार पर न्यायाधीश ने पति नितेश चौहान, ससुर तूफानी चौहान और सास सावित्री देवी को आत्महत्या के लिए उकसाने और प्रताड़ित करने के मामले में दोषी पाया। सुमन पत्नी शिवशंकर चौहान को संदेह का लाभ दिया गया।
विज्ञापन
दोषी पाए जाने के बाद तीनों को आत्महत्या के लिए उकसाने के मामले में सात-सात वर्ष की सजा के साथ ही 5-5 हजार रुपये अर्थदंड और प्रताड़ना के मामले में तीन-तीन वर्ष की सजा के साथ 1-1 हजार रुपये अर्थदंड लगाया गया। अर्थदंड न देने पर प्रत्येक पर एक वर्ष का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।
विज्ञापन
अर्थदंड जमा होने पर कुल 15 हजार रुपये वादिनी उर्मिला देवी को देने का आदेश दिया गया। वहीं, एक आरोपी सुमन को संदेह का लाभ देते हुए दोषमुक्त कर दिया गया।
विज्ञापन
मामला कोतवाली घोसी क्षेत्र के कलाफनपुर गांव का है। अभियोजन के अनुसार, मधुबन थाना क्षेत्र के सिकड़ी कोल गांव निवासी उर्मिला देवी पत्नी रमेश चौहान की तहरीर पर एफआईआर दर्ज की गई थी।
इसमें कोतवाली घोसी क्षेत्र के कलाफनपुर गांव निवासी नितेश चौहान पुत्र तूफानी चौहान, तूफानी चौहान पुत्र किशुन चौहान, सावित्री देवी पत्नी तूफानी चौहान और सुमन पत्नी शिवशंकर चौहान को नामजद किया गया था।
वादिनी ने बताया कि उसकी पुत्री आरती की शादी नितेश चौहान से हुई थी। आरोप है कि दहेज में चैन, कूलर और फ्रिज की मांग को लेकर आरती को आरोपीगण प्रताड़ित करते थे। 13 दिसंबर 2022 को दहेज प्रताड़ना के चलते उसकी पुत्री आरती की मृत्यु हुई।
पुलिस ने विवेचना के बाद आरोप पत्र न्यायालय में प्रस्तुत किया। न्यायालय में अभियोजन की ओर से पैरवी करते हुए एडीजीसी फौजदारी ने कुल सात गवाहों को पेश कर अपने पक्ष में तर्क रखा। बचाव पक्ष ने एक गवाह को पेश कर यह तर्क दिया कि उन्हें झूठा फंसाया गया है।
सुनवाई के दौरान पत्रावली और साक्ष्यों के आधार पर न्यायाधीश ने पति नितेश चौहान, ससुर तूफानी चौहान और सास सावित्री देवी को आत्महत्या के लिए उकसाने और प्रताड़ित करने के मामले में दोषी पाया। सुमन पत्नी शिवशंकर चौहान को संदेह का लाभ दिया गया।