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नहीं मिल सका यूनिफार्म
mau
Updated Fri, 09 Sep 2016 01:33 AM IST
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डेमो पिक
- फोटो : Getty
परिषदीय विद्यालयों में बच्चों को दिया जाने वाला नि:श्ुाल्क यूनिफार्म अधिकांश विद्यालयों में नहीं बांटा गया है। जिला समन्वयक के निरीक्षण में यह बात सामने आई है। जबकि विद्यालय प्रबंधन समिति के खाते में धन भेज दिया गया था। जिले के कई परिषदीय विद्यालयों में ड्रेस बांटना तो दूर प्रक्रिया तक नहीं शुरू हो सकी है। जिला समन्वयक ने प्रधानाध्यापकों का वेतन रोकने के लिए रिपोर्ट बीएसए को भेजी है। जिले के परिषदीय विद्यालयों में अध्ययनरत बच्चों को नि:शुल्क दो सेट वितरित करने का प्रावधान है। शासन की ओर से 30 अगस्त तक समय सीमा निर्धारित की गई थी। विभाग की ओर से एक माह पूर्व ही विद्यालय प्रबंध समिति के खाते में धन भी भेज दिया गया है।
लेकिन ड्रेस वितरण के प्रति प्रधानाध्यापक उदासीनता बरत रहे हैं। विशेषज्ञों की मानें तो अब से प्रक्रिया शुरू होती है तो एक माह से अधिक समय लग सकता है। गुरुवार को जिला समन्वयक सामुदायिक सहभागिता योगेंद्र यादव ने प्राथमिक विद्यालय सलाहाबाद का निरीक्षण किया। निरीक्षण में 224 बच्चों का नामांकन किया गया था। बच्चों की111बच्चे उपस्थित थे।उच्च प्राथमिक विद्यालय सलाहाबाद में 105 बच्चों के सापेक्ष 65 बच्चे ही उपस्थित मिले। विद्यालय प्रबंध समिति के खाते में धन भेजे जाने के बाद भी ड्रेस वितरण नहीं होना पाया। निरीक्षण में ड्रेस वितरण करने की प्रक्रिया तक शुरू नहीं की जा सकी है। उच्च प्राथमिक विद्यालय साहिरपुर 134 बच्चों के सापेक्ष 80 बच्चों की उपस्थिति मिली।
ड्रेस वितरण की प्रक्रिया शुरू नहीं की जा सकी है। एमडीएम नहीं बना था। बच्चों को भूखे ही बैरंग लौटना पड़ा। प्राथमिक विद्यालय साहिरपुर में भी ड्रेस वितरण नहीं हो पाया था। प्राथमिक विद्यालय गोहटा में 110 बच्चों के सापेक्ष 70 बच्चे उपस्थित मिले। यहां भी ड्रेस वितरण की प्रक्रिया शुरू नहीं की जा सकी है। इस बाबत नि:शुल्क ड्रेस योजना के नोडल अधिकारी व जिला समन्वयक सामुदायिक सहभागिता योगेंद्र यादव ने बताया कि लापरवाह हेडमास्टरों का वेतन रोकने की रिपोर्ट बीएसए को भेज दी गई है।
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लेकिन ड्रेस वितरण के प्रति प्रधानाध्यापक उदासीनता बरत रहे हैं। विशेषज्ञों की मानें तो अब से प्रक्रिया शुरू होती है तो एक माह से अधिक समय लग सकता है। गुरुवार को जिला समन्वयक सामुदायिक सहभागिता योगेंद्र यादव ने प्राथमिक विद्यालय सलाहाबाद का निरीक्षण किया। निरीक्षण में 224 बच्चों का नामांकन किया गया था। बच्चों की111बच्चे उपस्थित थे।उच्च प्राथमिक विद्यालय सलाहाबाद में 105 बच्चों के सापेक्ष 65 बच्चे ही उपस्थित मिले। विद्यालय प्रबंध समिति के खाते में धन भेजे जाने के बाद भी ड्रेस वितरण नहीं होना पाया। निरीक्षण में ड्रेस वितरण करने की प्रक्रिया तक शुरू नहीं की जा सकी है। उच्च प्राथमिक विद्यालय साहिरपुर 134 बच्चों के सापेक्ष 80 बच्चों की उपस्थिति मिली।
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ड्रेस वितरण की प्रक्रिया शुरू नहीं की जा सकी है। एमडीएम नहीं बना था। बच्चों को भूखे ही बैरंग लौटना पड़ा। प्राथमिक विद्यालय साहिरपुर में भी ड्रेस वितरण नहीं हो पाया था। प्राथमिक विद्यालय गोहटा में 110 बच्चों के सापेक्ष 70 बच्चे उपस्थित मिले। यहां भी ड्रेस वितरण की प्रक्रिया शुरू नहीं की जा सकी है। इस बाबत नि:शुल्क ड्रेस योजना के नोडल अधिकारी व जिला समन्वयक सामुदायिक सहभागिता योगेंद्र यादव ने बताया कि लापरवाह हेडमास्टरों का वेतन रोकने की रिपोर्ट बीएसए को भेज दी गई है।
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