मऊ/मधुबन। फतेहपुर मंडाव ब्लॉक क्षेत्र के आलापुर गांव के मंसूरपुर स्थित जर्जर प्राथमिक विद्यालय भवन का ध्वस्तीकरण करने के छह माह बाद भी नए भवन का निर्माण कार्य नहीं कराया जा सका है। बेसिक शिक्षा विभाग की तरफ से विद्यालय के बच्चों को ग्राम सभा कुशहा स्थित प्राथमिक विद्यालय से संबद्ध कर दिया गया है। इससे बच्चों को लगभग एक किमी दूर विद्यालय जाना पड़ रहा है। शिकायत के बाद भी सुनवाई न होने से नाराज अभिभावकों ने गांव में विद्यालय भवन का निर्माण कराने के लिए जिलाधिकारी को पत्र भेजा है।
फतेहपुर मंडाव ब्लॉक क्षेत्र के मंसूरपुर प्राथमिक विद्यालय में वर्तमान समय में 54 बच्चे नामांकित हैं। विद्यालय में तीन शिक्षक, दो शिक्षामित्र और दो रसोइया कार्यरत हैं। विभाग ने वर्ष 2023-24 में विद्यालय भवन को जर्जर घोषित कर दिया था। अक्तूबर 2023 में नीलामी की प्रक्रिया पूरी करने के बाद जनवरी 2025 में जर्जर भवन को ध्वस्त करा दिया गया। वैकल्पिक व्यवस्था के तहत पठन पाठन चल रही थी। इसके बाद विभागीय आदेश पर अप्रैल माह में विद्यालय को प्राथमिक विद्यालय कुशहा से संबद्ध कर दिया गया है। संपर्क मार्ग बदहाल होने के चलते बच्चों को आने जाने में परेशानी का सामना करना पड़ता है। बरसात होने पर विद्यालय जाने से बच्चे कतराते हैं। गांव के एसएमसी अध्यक्ष दिनेश, हरेंद्र वनवासी, विनय वनवासी, कांता बनवासी, सुनील कुमार सिंह, रामाश्रय पटेल, विपिन राजभर, सत्येंद्र गोंड का कहना है कि गांव के विद्यालय का जर्जर भवन ध्वस्त होने के बाद नया भवन नहीं बन सका है। विद्यालय को दूसरे गांव से संबद्ध किए जाने से बच्चों को आने जाने में परेशानी का सामना करना पड़ता है। इस बाबत खंड शिक्षा अधिकारी फतेहपुर मंडाव श्याम सुंदर पटेल का कहना है कि नए विद्यालय भवन निर्माण के लिए बजट की मांग की गई है। बजट मिलते ही भवन निर्माण शुरु करा दिया जाएगा।