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जीपीएफ जोटाले की जांच के लिए मथुरा पहुंची दो सदस्यीय समिति
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मथुरा। पीडब्ल्यूडी प्रांतीय खंड में 12.65 लाख रुपये के जीपीएफ घोटाले की जांच शुरू हो गई है। चीफ इंजीनियर आगरा कार्यालय ने इस मामले के लिए दो सदस्यीय जांच कमेटी का गठन किया है। यह कमेटी शुक्रवार को जांच के लिए मथुरा पहुंची। इस कमेटी में शामिल जांच अधिकारियों ने इस प्रकरण से जुडे़ अधिकारी और कर्मचारियों को बुलाकर प्रांतीय खंड में पूछताछ की।
पीडब्ल्यूडी प्रांतीय खंड में एक साल पहले रिटायर्ड हुए क्लीनर दयाशंकर के नाम पर दोबारा जीपीएफ निकालकर घोटाले में चीफ इंजीनियर आगरा कार्यालय ने दो सदस्यीय जांच कमेटी गठित की है। इसमें निर्माण खंड आगरा के अधिशासी अभियंता जेपी सिंह और मथुरा सीडी वन के अधिशासी अभियंता ब्रजेश कुमार दीपक शामिल हैं। दोनों जांच अधिकारी जीपीएफ घोटाले प्रकरण की जांच के लिए शुक्रवार को पीडब्ल्यूडी के प्रांतीय खंड कार्यालय पहुंचे।
यहां दोनों अधिकारियों ने इस प्रकरण से जुडे़ सभी पटल के कर्मचारी और अधिकारियों से पूछताछ की। इसमें आधा दर्जन से अधिक पीडब्ल्यूडी कर्मी शामिल रहे। हालांकि स्थानीय स्तर पर इस मामले को रफादफा कराया जा रहा था। इसी प्रक्रिया के तहत भुगतान की गई राशि फिर से विभाग के खाते में वापस कराते हुए कुछ कर्मचारियों से ही स्पष्टीकरण मांगा गया था।
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पीडब्ल्यूडी प्रांतीय खंड में एक साल पहले रिटायर्ड हुए क्लीनर दयाशंकर के नाम पर दोबारा जीपीएफ निकालकर घोटाले में चीफ इंजीनियर आगरा कार्यालय ने दो सदस्यीय जांच कमेटी गठित की है। इसमें निर्माण खंड आगरा के अधिशासी अभियंता जेपी सिंह और मथुरा सीडी वन के अधिशासी अभियंता ब्रजेश कुमार दीपक शामिल हैं। दोनों जांच अधिकारी जीपीएफ घोटाले प्रकरण की जांच के लिए शुक्रवार को पीडब्ल्यूडी के प्रांतीय खंड कार्यालय पहुंचे।
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यहां दोनों अधिकारियों ने इस प्रकरण से जुडे़ सभी पटल के कर्मचारी और अधिकारियों से पूछताछ की। इसमें आधा दर्जन से अधिक पीडब्ल्यूडी कर्मी शामिल रहे। हालांकि स्थानीय स्तर पर इस मामले को रफादफा कराया जा रहा था। इसी प्रक्रिया के तहत भुगतान की गई राशि फिर से विभाग के खाते में वापस कराते हुए कुछ कर्मचारियों से ही स्पष्टीकरण मांगा गया था।
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